यूपी में निवेश का ग्लोबल न्योता: योगी ने पार्टनर देशों को मोबाइल, डिफेंस, फार्मा से लेकर कृषि और मशीनरी तक में निवेश के लिए बुलाया!!
रूस, वियतनाम, बेलारूस, जापान, सिंगापुर और ऑस्ट्रिया के प्रतिनिधियों के साथ मुख्यमंत्री की राउंड टेबल बैठक, कारोबार और निवेश की संभावनाओं पर हुआ मंथन
दो टूक//ग्रेटर नोएडा, 25 सितंबर। उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 के शुभारंभ के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को पार्टनर देशों के प्रतिनिधियों के साथ राउंड टेबल बैठक कर उत्तर प्रदेश में निवेश, कारोबार और औद्योगिक सहयोग की संभावनाओं पर विस्तार से चर्चा की। बैठक में सिंगापुर, वियतनाम, रूस, बेलारूस, जापान और ऑस्ट्रिया के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। मुख्यमंत्री ने विभिन्न देशों के निवेशकों को मोबाइल मैन्युफैक्चरिंग, डिफेंस, फार्मा, मेडिकल डिवाइस, कृषि, फर्टिलाइजर, मशीनरी और वुड टेक्नोलॉजी सहित कई क्षेत्रों में निवेश के अवसरों से अवगत कराया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि उत्तर प्रदेश देश का सबसे बड़ा राज्य होने के साथ-साथ विशाल बाजार, युवा मानव संसाधन, उर्वरा भूमि और पर्याप्त जल संसाधनों वाला प्रदेश है। प्रदेश में मजबूत औद्योगिक आधार, बेहतर कनेक्टिविटी और तेजी से विकसित हो रहा इंफ्रास्ट्रक्चर निवेशकों के लिए नए अवसर पैदा कर रहा है। उन्होंने पार्टनर देशों की कंपनियों को उत्तर प्रदेश में निवेश और कारोबार विस्तार के लिए आमंत्रित किया।
वियतनामी कंपनियों को एविएशन और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में निवेश का न्योता
वियतनाम के प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक में मुख्यमंत्री ने यमुना एक्सप्रेसवे अथॉरिटी क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में देश का सबसे बड़ा एयरपोर्ट फंक्शनल होने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है और जल्द ही यहां से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के संचालन की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री ने लखनऊ, वाराणसी और नोएडा से हनोई तथा वियतनाम के अन्य प्रमुख शहरों के लिए सीधी हवाई सेवा शुरू करने का प्रस्ताव रखा। उन्होंने कहा कि इससे दोनों देशों के बीच व्यापारिक गतिविधियों के साथ-साथ पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। मुख्यमंत्री ने यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में पार्टनर कंट्री के रूप में भागीदारी के लिए वियतनामी प्रतिनिधिमंडल का आभार जताया।
रूस को डिफेंस, फार्मा और मेडिकल डिवाइस सेक्टर में निवेश का प्रस्ताव
रूसी प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने डिफेंस, फार्मा और मेडिकल डिवाइस के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में भारत का डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग कॉरिडोर विकसित हो रहा है और रूसी कंपनियों के लिए यहां निवेश के कई अवसर मौजूद हैं।
मुख्यमंत्री ने कानपुर में रूसी डिफेंस कंपनियों को अपनी इकाइयां स्थापित करने के लिए आमंत्रित किया। उन्होंने लखनऊ नोड में ब्रह्मोस की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट और उत्तर प्रदेश में एके-203 राइफल के निर्माण का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश में डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग के लिए मजबूत इकोसिस्टम तैयार हो रहा है।
फार्मा और मेडिकल डिवाइस सेक्टर में निवेश के लिए भी रूस की कंपनियों को आमंत्रित किया गया। मुख्यमंत्री ने बताया कि नोएडा एयरपोर्ट के पास मेडिकल डिवाइस पार्क विकसित किया जा रहा है, जहां रूसी कंपनियां निवेश के साथ अपने रिसर्च एंड डेवलपमेंट सेंटर स्थापित कर सकती हैं। बुंदेलखंड में विकसित किए जा रहे फार्मा पार्क और ललितपुर के बल्क ड्रग पार्क में भी निवेश की संभावनाएं बताई गईं।
कृषि और फर्टिलाइजर सप्लाई चेन में सहयोग पर जोर
मुख्यमंत्री ने रूस के साथ कृषि और फर्टिलाइजर सप्लाई चेन के क्षेत्र में सहयोग की संभावनाओं को भी रेखांकित किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश को भारत का ‘फूड बास्केट’ बताते हुए कहा कि प्रदेश में कृषि आधारित उद्योगों के लिए पर्याप्त भूमि और जल संसाधन उपलब्ध हैं।
उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश देश में एमएसएमई का बड़ा केंद्र है। ऐसे में यूरेशियन इकोनॉमिक यूनियन से जुड़े देशों के साथ आर्थिक और व्यापारिक संवाद को आगे बढ़ाने के लिए प्रदेश में नए प्लेटफॉर्म विकसित किए जा सकते हैं। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो को उन्होंने वैश्विक निवेशकों और उत्तर प्रदेश की औद्योगिक क्षमता के बीच संपर्क का महत्वपूर्ण माध्यम बताया।
बेलारूस की मशीनरी और ट्रैक्टर कंपनियों को यूपी आने का न्योता
बेलारूस के प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक में मुख्यमंत्री ने एडवांस और हेवी मशीनरी के क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने बेलारूस की ट्रैक्टर कंपनियों को उत्तर प्रदेश में असेंबलिंग यूनिट स्थापित करने का प्रस्ताव दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की बड़ी आबादी, कृषि क्षमता और पर्याप्त प्राकृतिक संसाधन कृषि एवं कृषि आधारित उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध कराते हैं। उन्होंने बेलारूस की कंपनियों को उत्तर प्रदेश की औद्योगिक क्षमता से जुड़ने का आह्वान किया।
सहारनपुर-बिजनौर की वुड इंडस्ट्री को ग्लोबल टेक्नोलॉजी से जोड़ने की पहल
मुख्यमंत्री ने बेलारूस के प्रतिनिधियों के सामने उत्तर प्रदेश के वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट यानी ओडीओपी की ताकत भी रखी। उन्होंने सहारनपुर और बिजनौर में लकड़ी एवं उससे जुड़े उत्पादों की प्रोसेसिंग और निर्माण गतिविधियों का उल्लेख करते हुए कहा कि बेलारूस की आधुनिक वुड टेक्नोलॉजी को इन औद्योगिक क्लस्टर्स से जोड़ा जा सकता है।
उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक और स्थानीय उत्पादों के बेहतर समन्वय से उत्तर प्रदेश के उत्पादों को वैश्विक बाजार में और मजबूत पहचान मिल सकती है।
युवाओं के कौशल विकास में भी विदेशी कंपनियों की भागीदारी का आह्वान
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश की करीब 56 प्रतिशत आबादी युवा है। प्रदेश सरकार युवाओं की शिक्षा, कौशल विकास और तकनीकी प्रशिक्षण पर लगातार काम कर रही है। उन्होंने बेलारूस की कंपनियों को हेवी टेक्नोलॉजी से जुड़े तकनीकी संस्थान स्थापित करने और युवाओं को आधुनिक तकनीक के अनुरूप प्रशिक्षित करने में सहयोग का प्रस्ताव दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश और बेलारूस तकनीक, कौशल, निवेश और औद्योगिक सहयोग के माध्यम से नए अवसरों का निर्माण कर सकते हैं। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो दोनों देशों के बीच व्यापार और निवेश के नए रास्ते खोलने वाला महत्वपूर्ण मंच साबित हो रहा है।
25 देशों के प्रतिनिधियों के साथ कराया ग्रुप फोटोशूट
राउंड टेबल बैठक के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विभिन्न पार्टनर देशों के प्रतिनिधियों के साथ ग्रुप फोटोशूट भी कराया। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में बड़ी संख्या में देशों की भागीदारी को उत्तर प्रदेश की बढ़ती वैश्विक व्यापारिक और औद्योगिक पहुंच के विस्तार की दिशा में महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। बैठक में निवेश, तकनीक, विनिर्माण, कृषि, स्वास्थ्य, डिफेंस और व्यापारिक सहयोग के जरिए उत्तर प्रदेश को वैश्विक औद्योगिक और कारोबारी नेटवर्क से जोड़ने की संभावनाओं पर जोर रहा।।
