लखनऊ :
तालाब में हाथ-पैर धोने उतरा किसान, गहरे पानी में समाया,तीन घंटे बाद मिला शव,घर मे मचा कोहराम।।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के मोहनलालगंज तहसील क्षेत्र के मऊ गांव में मंगलवार दोपहर दर्दनाक हादसा हो गया। खेत में धान की फसल पर कीटनाशक का छिड़काव करने के बाद तालाब किनारे हाथ-पैर धोने पहुंचे किसान नीरज यादव (32/35 वर्ष) की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। करीब तीन घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद एसडीआरएफ टीम ने तालाब से उनका शव बरामद किया।
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जानकारी के मुताबिक, मऊ गांव निवासी नीरज यादव मंगलवार सुबह करीब 10 बजे धान की फसल में कीटनाशक का छिड़काव करने के लिए खेत गए थे। दोपहर करीब 12 बजे काम पूरा करने के बाद वह तालाब किनारे पहुंचे और साइकिल खड़ी कर हाथ-पैर धोने लगे। इसी दौरान अचानक पैर फिसल गया और वह तालाब के गहरे पानी में चले गए।
किसान नीरज ने बचाव के लिए शोर मचाया तो आसपास मौजूद ग्रामीण मौके पर पहुंचे और उन्हें बचाने का प्रयास किया, लेकिन देखते ही देखते वह पानी में समा गए। सूचना मिलते ही मोहनलालगंज पुलिस मौके पर पहुंची। स्थानीय गोताखोरों और दमकल कर्मियों ने भी काफी देर तक तलाश की, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसके बाद एसडीआरएफ टीम को मौके पर बुलाया गया। टीम ने नाव के सहारे करीब तीन घंटे तक तालाब में सर्च ऑपरेशन चलाया। कड़ी मशक्कत के बाद नीरज का शव बरामद कर लिया गया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
तालाब की बढ़ी गहराई को लेकर ग्रामीणों ने उठाए सवाल।
हादसे के बाद ग्रामीणों ने तालाब की गहराई को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। नीरज के चचेरे भाई विपिन यादव सहित ग्रामीणों का आरोप है कि सरकारी तालाब में कुछ माह पहले कथित तौर पर अवैध रूप से मिट्टी का खनन कराया गया था, जिससे तालाब काफी गहरा हो गया। ग्रामीणों के मुताबिक बारिश के बाद तालाब पानी से लबालब भर गया था और इसकी गहराई करीब 20 फीट तक हो गई थी। ग्रामीणों ने तहसील प्रशासन से तालाब में हुए कथित अवैध खनन की जांच कराने और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
नीरज की मौत से परिवार में कोहराम मचा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अग्रिम कार्रवाई मे जुटी हुई है।
