लखनऊ :
पशुचर भूमि पर अवैध खनन का खेल, ग्रामीणों ने खोला मोर्चा,की शिकायत ।।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के नगराम क्षेत्र के डिघारी गांव की सरकारी पशुचर भूमि से अवैध मिट्टी का अवैध खनन किए जाने का मामला सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि खनन माफिया सरकारी जमीन को जेसीबी और डंपरों की मदद से खोखला कर रहे हैं तथा वहां से निकाली गई मिट्टी को आसपास की निजी प्लॉटिंग साइटों पर ऊंचे दामों में बेचा जा रहा है। विरोध करने पर ग्रामीणों को धमकियां भी दी जा रही हैं।डिघारी गांव निवासी भवानी सिंह, राजेन्द्र, राम सहाय, जितेन्द्र समेत दर्जनों ग्रामीणों ने मोहनलालगंज एसडीएम आकाश सिंह के साथ मुख्यमंत्री जनसुनवाई पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराया है।
ग्रामीणों ने बताया कि उनकी डिघारी ग्राम पंचायत में स्थित गाटा संख्या 471, 773क, 476 एवं 258ख सरकारी अभिलेखों में पशुचर भूमि के रूप में दर्ज हैं। इसके बावजूद खनन माफिया इन सरकारी भूमि पर लगातार अवैध तरीके से मिट्टी की खुदाई करा रहे हैं।ग्रामीणों का कहना है कि देर रात जेसीबी मशीनों से बड़ी मात्रा में मिट्टी निकालकर डंपरों के जरिए निजी प्लॉटिंग स्थलों तक पहुंचाई जाती है। इससे सरकारी भूमि का स्वरूप तेजी से बदल रहा है और भविष्य में पशुओं के चरने के लिए सुरक्षित भूमि समाप्त होने का खतरा पैदा हो गया है।ग्रामीणो ने यह भी आरोप लगाया कि जब उन्होंने अवैध खनन का विरोध किया तो खनन में लगे वाहन चालकों और उनसे जुड़े लोगों ने उन्हें डराने-धमकाने का प्रयास किया। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल अवैध खनन बंद कराने, दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने तथा सरकारी भूमि की पैमाइश कराकर उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।एसडीएम मोहनलालगंज आकाश सिंह ने बताया कि सरकारी पशुचर भूमि पर अवैध मिट्टी खनन की शिकायत प्राप्त हुई है। मामले की जांच के लिए राजस्व टीम को मौके पर भेजा गया है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करते हुए जुर्माना लगाया जाएगा तथा अवैध खनन में संलिप्त लोगों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
