मंगलवार, 25 अगस्त 2026

लखनऊ : फर्जी पासबुक-चेकबुक से बैंक खातों में सेंधमारी करने वाले बण्टी बबली गिरफ्तार।।||Lucknow: Bunty Babli, who hacked into bank accounts using fake passbooks and chequebooks, has been arrested.||

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लखनऊ : 
फर्जी पासबुक-चेकबुक से बैंक खातों में सेंधमारी करने वाले बण्टी बबली गिरफ्तार।।
जावित्री इंस्टीट्यूट के खाते से 50 लाख रुपए निकालने का आरोप।
दो टूक : फर्जी दस्तावेजों के जरिए बैंक खातों को निशाना बनाने वाले दम्पति पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर 
खोला करीब 50 लाख की बैंक धोखाधड़ी का राज, 10 पासबुक, 7 चेकबुक और 6 एटीएम बरामद।
विस्तार : 
थाना पीजीआई इस्पेक्टर सुनील कुमार सिंह ने बताया कि थाना पीजीआई पुलिस ने बैंक खाताधारकों के साथ कूटरचित दस्तावेजों के जरिए 50 लाख की धोखाधड़ी की घटना का पर्दाफाश करते हुए पति पत्नी को गिरफ्तार किया है। जालसाज की पहचान विजय सिंह और नेहा सिंह के रुप मे हुई है। आरोपियों के कब्जे से बड़ी संख्या में पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड, पहचान संबंधी दस्तावेज और फर्जी कंपनी के कागजात बरामद हुए हैं।
यह है मामला- - 
पुलिस के मुताबिक, 4 जून 2026 को जावित्री इंस्टीट्यूट, तेलीबाग की चेयरमैन ईश त्यागी ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उनके एक्सिस बैंक खाते की चेकबुक का उन्होंने इस्तेमाल नहीं किया, बावजूद इसके कूटरचित चेक व दस्तावेजों के जरिए खाते से करीब 50 लाख रुपये निकाल लिए गए।
शिकायत के आधार पर पीजीआई थाने में मुकदमा संख्या 296/2026 दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। घटना के खुलासे के लिए दो पुलिस टीमों के साथ साइबर टीम को भी लगाया गया। तकनीकी साक्ष्यों, मैनुअल इनपुट और स्थानीय सूचना तंत्र की मदद से पुलिस ने मंगलवार को रायबरेली निवासी पति-पत्नी को गिरफ्तार कर लिया।
फर्जी हस्ताक्षर बनाकर निकालते थे रकम
पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे अपने सहयोगी आलोक मिश्रा के साथ मिलकर फर्जी चेक तैयार करते थे। चेक पर खाताधारक का खाता नंबर और अन्य विवरण कूटरचित तरीके से भरने के बाद उसके फर्जी हस्ताक्षर किए जाते थे। इसके बाद चेक बैंक में लगाकर खातों से रकम निकाल ली जाती थी।
पुलिस के अनुसार, गिरोह के पास अलग-अलग खातों की पासबुक, चेकबुक और एटीएम कार्ड भी रहते थे। धोखाधड़ी से निकाली गई रकम को फर्जी कंपनी के बैंक खातों में ट्रांसफर किया जाता और बाद में आपस में बांट लिया जाता था। गिरोह ने इसके लिए फर्जी कंपनी रजिस्टर्ड कराने के साथ फर्जी जीएसटी दस्तावेज भी तैयार कराए थे। गिरफ्तार महिला नेहा सिंह (36) पत्नी विजय सिंह, निवासी ग्राम भिखनापुर, थाना ऊंचाहार, रायबरेली। इनके विजय सिंह (46) पुत्र स्व. बाबूलाल को पुलिस ने आरोपियों को न्यायालय के समक्ष पेश किया है। मामले में गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और पूर्व में की गई धोखाधड़ी की घटनाओं के संबंध में भी जांच जारी है।