लखनऊ :
दो अंतरजनपदीय शातिर लुटेरे अवैध असलहों संग गिरफ्तार, बड़ी वारदात की साजिश नाकाम।
दो टूक : मऊ जनपद में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दक्षिण टोला पुलिस और स्वाट टीम की संयुक्त कार्रवाई में दोनों बदमाशों के कब्जे से दो अवैध तमंचे (.315 बोर), दो जिंदा कारतूस तथा एक चार पहिया वाहन बरामद किया गया। गिरफ्तार बदमाशों के खिलाफ विधिक कार्रवाई करते हुए जेल भेज दिया।।
विस्तार :
पुलिस अधीक्षक कमलेश बहादुर के निर्देशन में अपर पुलिस अधीक्षक अनूप कुमार के पर्यवेक्षण एवं क्षेत्राधिकारी नगर नितेश प्रताप सिंह के निर्देशन में बुधवार को यह कार्रवाई की गई। मुखबिर से सूचना मिली थी कि गोरखपुर की ओर से दो बदमाश अवैध असलहों के साथ मऊ की ओर आ रहे हैं। सूचना पर थाना दक्षिण टोला पुलिस एवं स्वाट टीम ने मतलूपुर फ्लाईओवर के पास घेराबंदी कर संदिग्ध वाहन को रोक लिया। तलाशी लेने पर दोनों के पास से एक-एक अवैध तमंचा और एक-एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हिमांशु यादव उर्फ गोविन्द यादव निवासी मिर्जापुर, थाना रानीपुर तथा पंकज यादव निवासी पीपरीडीह मजखानी, थाना सरायलखंसी, जनपद मऊ के रूप में हुई है। दोनों के खिलाफ थाना दक्षिण टोला में मु0अ0सं0 111/2026 के तहत आर्म्स एक्ट की धारा 3/25 में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय भेज दिया गया।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे धन अर्जित करने के उद्देश्य से लूट, हत्या और अन्य संगीन अपराधों में शामिल रहे हैं। पुलिस के अनुसार दोनों के खिलाफ मऊ, गाजीपुर, देवरिया, कुशीनगर समेत कई जनपदों में हत्या, लूट, डकैती, गैंगस्टर एक्ट, आर्म्स एक्ट सहित गंभीर धाराओं में अनेक मुकदमे दर्ज हैं।
पुलिस ने बताया कि वर्ष 2025 में देवरिया के सलेमपुर थाना क्षेत्र में हुई पुलिस मुठभेड़ में हिमांशु यादव गोली लगने से घायल हुआ था, जबकि उसका साथी पंकज यादव मौके से फरार हो गया था और तभी से वांछित चल रहा था।
प्रारंभिक पूछताछ में यह भी सामने आया है कि दोनों आरोपी किसी व्यापारी के अपहरण या अन्य बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में थे। समय रहते गिरफ्तारी होने से एक बड़ी आपराधिक घटना टल गई। पुलिस अब दोनों के आपराधिक नेटवर्क और अन्य साथियों की भूमिका की गहन जांच कर रही है।
