लखनऊ :
ओला परिसर में पुरानी कारों के सौदे बाजी में लाखों की धोखाधड़ी,
भुगतान के बाद भी नहीं मिलीं गाड़ियां।।
प्री-ओन्ड कार कारोबारी की शिकायत पर लखनऊ में केस दर्ज।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के थाना सरोजनीनगर क्षेत्र में सेकेंड हैंड कारों के कारोबार से जुड़ा एक बड़ा कथित धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। फरीदाबाद के एक प्री-ओन्ड कार कारोबारी की शिकायत पर पुलिस ने ऐसे गिरोह की जांच शुरू की है, जिस पर ड्राइवरों से कार खरीदवाने के बाद वाहन हड़पकर दूसरी जगह बेचने का आरोप है। मामले में एक कथित मध्यस्थ सहित अन्य संबंधित लोगों के खिलाफ सरोजनीनगर थाने में तहरीर देकर एफआईआर दर्ज कराया है।
विस्तार :
पहला मामल - हरियाणा के फरीदाबाद सेक्टर 8 निवासी सौरभ मेहता ने सरोजनीनगर थाने में तहरीर देते हुए पुलिस को बताया कि वह पुरानी कारों की खरीद-फरोख्त का व्यवसाय करते हैं। कारोबारी काम के सिलसिले में उनकी मुलाकात लखनऊ में गंगा यादव नामक व्यक्ति से हुई, जिसने खुद को ड्राइवर यूनियन से जुड़ा प्रभावशाली व्यक्ति बताते हुए कई ऐसे ड्राइवरों से परिचय कराया जो अपनी गाड़ियां बेचना चाहते थे।
शिकायत के अनुसार, बातचीत के बाद संबंधित ड्राइवरों की कारें खरीदने का सौदा तय हुआ और वाहन मूल्य सीधे उनके बैंक खातों में ऑनलाइन ट्रांसफर कर दिया गया। यह भी तय हुआ था कि ओला परिसर में खड़ी गाड़ियां आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के 24 से 48 घंटे के भीतर कारोबारी को सौंप दी जाएंगी।
कारोबारी सौरभ मेहता का आरोप है कि क्लियरेंस मिलने के बाद वाहन खरीदार को देने के बजाय ड्राइवरों ने सभी कारें गंगा यादव को सौंप दीं। इसके बाद न तो वाहन शिकायतकर्ता को मिले और न ही भुगतान की गई रकम वापस की गई। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि संबंधित वाहनों को बाद में कथित रूप से अन्य लोगों को बेच दिया गया।
पीड़ित सौरभ का कहना है कि जब उसने गंगा यादव से जवाब मांगा तो उसने यह कहते हुए जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया कि उसके बैंक खाते में कोई रकम नहीं आई है और यदि कोई कार्रवाई करनी है तो ड्राइवरों के खिलाफ की जाए।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने धोखाधड़ी, आपराधिक विश्वासघात और अन्य प्रासंगिक धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। जांच अधिकारी अब भुगतान से जुड़े बैंक रिकॉर्ड, ड्राइवरों की सूची, वाहन स्वामित्व संबंधी दस्तावेज और कथित लेन-देन की पूरी श्रृंखला की पड़ताल कर रही है।।
दूसरा मामला -कार बेचकर लाखों की धोखाधड़ी की।
सरोजनीनगर क्षेत्र में फर्जी दस्तावेजों के जरिए इनोवा कार बेचकर लाखों रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस मामले में मूलरूप से हरदोई जिले के कासिमपुर स्थित गौसगंज व वर्तमान में ठाकुरगंज के दुबग्गा निवासी मोहम्मद जैद ने ठाकुरगंज के पक्का बाग निवासी रेहान खान, मोहम्मद जावेद और मनीष सिन्हा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। मोहम्मद जैद के मुताबिक वह वर्ष 2025 में एक इनोवा कार खरीदना चाहते थे। तभी उनकी मुलाकात रेहान खान और मोहम्मद जावेद से हुई, जिन्होंने उन्हें एक इनोवा कार दिखाते हुए बताया कि वाहन पर किसी प्रकार का बैंक ऋण नहीं है। इस दौरान कार मालिक मनीष सिन्हा ने भी आरसी दिखाते हुए यही कहा। इसके बाद 26 नवंबर 2025 को 3.20 लाख में सौदा तय हुआ और जैद ने पूरी रकम उन्हें दे दी। कुछ समय बाद वाहन की आरसी भी उनके नाम स्थानांतरित करा दी गई। सरोजनीनगर पुलिस ने पीड़ित की तहरीर पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
