सोमवार, 18 मई 2026

गौतमबुद्धनगर: दहेज की आग में बुझ गई दीपिका की जिंदगी: 14 महीने पहले दुल्हन बनी बेटी अब लहूलुहान हालत में मिली मृत!!

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गौतमबुद्धनगर: दहेज की आग में बुझ गई दीपिका की जिंदगी: 14 महीने पहले दुल्हन बनी बेटी अब लहूलुहान हालत में मिली मृत!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

दो टूक//ग्रेटर नोएडा के जलपुरा गांव में एक नवविवाहिता की संदिग्ध मौत ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। महज 14 महीने पहले जिस बेटी की विदाई हंसी-खुशी और शहनाइयों के बीच हुई थी, अब उसी बेटी की मौत ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। मृतका के परिजनों ने ससुराल पक्ष पर दहेज के लिए हत्या करने का गंभीर आरोप लगाया है। मामला ईकोटेक-3 थाना क्षेत्र का है।

मृतका की पहचान दीपिका नागर के रूप में हुई है, जो बादलपुर थाना क्षेत्र के कुड़ी खेड़ा गांव निवासी संजय नागर की बेटी थी। परिजनों के अनुसार, दीपिका की शादी 11 दिसंबर 2024 को जलपुरा गांव निवासी मनोज के बेटे ऋतिक के साथ बड़े धूमधाम से हुई थी। परिवार का दावा है कि शादी में करीब एक करोड़ रुपये खर्च किए गए थे, जिसमें लाखों रुपये का सोना-चांदी, घरेलू सामान और अन्य उपहार दिए गए थे। इसके बावजूद ससुराल पक्ष शादी से खुश नहीं था और लगातार फॉर्च्यूनर गाड़ी तथा 50 लाख रुपये नकद की मांग कर रहा था।

परिजनों का आरोप है कि शादी के बाद से ही दीपिका को मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा। कई बार उसने अपने परिवार को ससुराल में हो रहे उत्पीड़न की जानकारी दी थी।

बताया जा रहा है कि 17 मई 2026 की दोपहर दीपिका ने अपने पिता संजय को फोन किया। फोन पर वह रो रही थी और कह रही थी कि उसका पति ऋतिक, ससुर मनोज, सास पूनम, ननद नेहा और तन्नी समेत परिवार के अन्य लोग उसके साथ मारपीट कर रहे हैं और दहेज में गाड़ी व नकदी लाने का दबाव बना रहे हैं। बेटी की हालत सुनकर पिता संजय अपने साले बाबू प्रधान के साथ तुरंत जलपुरा पहुंचे। वहां उन्होंने ससुराल पक्ष को समझाने का प्रयास किया और मामला शांत कराने के बाद वापस लौट आए।

लेकिन कुछ ही घंटों बाद रात करीब 12:30 बजे दीपिका के पिता के पास फोन आया कि उनकी बेटी छत से गिर गई है और उसे अस्पताल ले जाया गया है। जब परिवार शारदा अस्पताल पहुंचा तो दीपिका मृत अवस्था में मिली। परिजनों का आरोप है कि उसके शरीर पर गंभीर चोटों और मारपीट के निशान थे। परिवार का कहना है कि दहेज की मांग पूरी न होने पर दीपिका की हत्या कर शव को हादसा दिखाने की कोशिश की गई।

घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। गांव और आसपास के क्षेत्र में भी इस घटना को लेकर भारी आक्रोश है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पढ़ाई में होनहार दीपिका ने बीए और बीएड तक की शिक्षा हासिल की थी और उसके सपने अभी अधूरे ही थे।

मृतका के पिता की तहरीर पर ईकोटेक-3 थाना पुलिस ने पति ऋतिक, ससुर मनोज, सास पूनम, ननद नेहा, तन्नी तथा प्रमोद और विनोद के खिलाफ दहेज हत्या समेत अन्य सुसंगत धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने पति ऋतिक और ससुर मनोज को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।

पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

इस घटना ने एक बार फिर समाज में दहेज जैसी कुप्रथा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस बेटी को लाल जोड़े में विदा किया गया था, वह आज खून से सने कपड़ों में अपने मायके लौटी है। दीपिका की मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है और हर किसी की जुबान पर एक ही सवाल है — आखिर कब रुकेगी दहेज की यह भयावह लालच?