लखनऊ: स्कूल की दोस्ती से हाई-प्रोफाइल शादी तक: ऐसी थी अपर्णा यादव और प्रतीक यादव की चर्चित प्रेम कहानी!!
दो टूक//लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजनीति में हमेशा सुर्खियों में रहने वाला यादव परिवार एक बार फिर चर्चा में है। इस बार वजह राजनीति नहीं, बल्कि मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव और भाजपा नेत्री अपर्णा यादव की चर्चित प्रेम कहानी है। स्कूल के दिनों में शुरू हुई दोस्ती, ई-मेल के जरिए किया गया इजहार-ए-मोहब्बत और फिर करीब 11 साल लंबे रिश्ते के बाद हुई शादी ने उस दौर में राजनीतिक और सामाजिक गलियारों में खूब सुर्खियां बटोरी थीं।
लखनऊ की सामाजिक और शैक्षणिक दुनिया में पले-बढ़े प्रतीक यादव और अपर्णा यादव अलग-अलग स्कूलों में पढ़ते थे। हालांकि इंटर-स्कूल कार्यक्रमों, कॉमन फ्रेंड्स और सामाजिक आयोजनों के दौरान दोनों की मुलाकातें होती रहीं। धीरे-धीरे यह जान-पहचान दोस्ती में बदली और फिर दोनों एक-दूसरे के करीब आते चले गए। उस समय शायद किसी ने नहीं सोचा था कि यह रिश्ता आगे चलकर उत्तर प्रदेश की सबसे चर्चित प्रेम कहानियों में शामिल हो जाएगा।
बताया जाता है कि साल 2001 में एक बर्थडे पार्टी के दौरान दोनों की मुलाकात ने नया मोड़ लिया। पार्टी खत्म होने के बाद प्रतीक यादव ने अपर्णा से उनकी ई-मेल आईडी मांगी। उस दौर में मोबाइल फोन और सोशल मीडिया का चलन आज जितना सक्रिय नहीं था, इसलिए दोनों के बीच बातचीत का मुख्य जरिया ई-मेल बना। कुछ दिनों बाद अपर्णा यादव ने जब अपना इनबॉक्स खोला तो उसमें प्रतीक यादव के कई संदेश मौजूद थे। इन मेल्स में प्रतीक ने बेहद भावुक अंदाज में अपने दिल की बात लिखी थी। यहीं से दोनों की प्रेम कहानी ने वास्तविक रूप लेना शुरू किया।
समय के साथ यह रिश्ता और मजबूत होता गया। करीब 11 वर्षों तक दोनों ने एक-दूसरे को समझा, साथ वक्त बिताया और फिर अपने रिश्ते के बारे में परिवारों को बताया। दोनों परिवारों की सहमति के बाद वर्ष 2012 में प्रतीक यादव और अपर्णा यादव विवाह बंधन में बंध गए। यह शादी उस समय उत्तर प्रदेश की सबसे हाई-प्रोफाइल शादियों में गिनी गई थी। समारोह में राजनीति, उद्योग जगत और फिल्म जगत की कई नामचीन हस्तियां शामिल हुई थीं।
शादी के बाद दोनों का पारिवारिक जीवन खुशहाल माना जाता रहा। इसी दौरान उनकी बेटी प्रथमा का जन्म हुआ। जहां प्रतीक यादव ने खुद को सक्रिय राजनीति से दूर रखते हुए फिटनेस और बिजनेस की दुनिया में अपनी अलग पहचान बनाई, वहीं अपर्णा यादव ने राजनीति में कदम बढ़ाते हुए अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराई। बाद में उनका भाजपा में शामिल होना भी प्रदेश की राजनीति में बड़ी चर्चा का विषय बना।
हालांकि समय के साथ दोनों के रिश्तों को लेकर कई तरह की चर्चाएं भी सामने आती रहीं। वर्ष 2025 के दौरान सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में दोनों के बीच मतभेद की खबरों ने जोर पकड़ा। प्रतीक यादव की कुछ सोशल मीडिया पोस्ट्स के बाद इन चर्चाओं को और हवा मिली। हालांकि इस पूरे मामले पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आईं, लेकिन दोनों की प्रेम कहानी आज भी उत्तर प्रदेश की सबसे चर्चित हाई-प्रोफाइल रिलेशनशिप स्टोरीज में शुमार की जाती है।।
