लखनऊ :
पिता की जगह ससुर को खड़ा कर जमीन बेचने कराने वाला मास्टरमाइन्ड हुआ गिरफ्तार।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के कोतवाली मोहनलालगंज पुलिस टीम ने सोमवार को फर्जी तरीके से पिता के स्थान पर दूसरे को खड़ा कर के जमीन का बैनाम कराने वाले मास्टरमाइंड को गिरफ्तार कर आवश्यक विधिक कार्रवाई करते हुए जेल भेज दिया। बेटे ने पिता के स्थान पर ससुर को खड़ा कर कीमती जमीन बेचकर स्वयं और अपनी पत्नी को रजिस्ट्री मे गवाह बन गया।
विस्तार : कोतवाली मोहनलालगंज प्रभारी निरीक्षक ब्रजेश कुमार त्रिपाठी ने जानकारी देते हुए बताया कि स्थानीय थाना मे दर्ज मुकदमे की जांच पड़ताल के दौरान पुलिस टीम ने सोमवार को कूटरचित दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करने वाले मास्टरमाइंड सालिकराम को गिरफ्तार कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस के अनुसार शिकायतकर्ता गुडडी पत्नी स्व० दयाशंकर, निवासी मकान नं0 7सी/410, वृन्दावन योजना थाना पीजीआई, लखनऊ द्वारा आरोप लगाया गया है कि अभियुक्त सुनील कुमार पुत्र श्याम निवासी ग्राम हसनपुर थाना मोहनलालगंज लखनऊ द्वारा प्रार्थिनी को एक बीघा जमीन सस्ते मूल्य पर दिलाने का झांसा दिया गया।उसके अनुसार अभियुक्त सुनील कुमार तथा सत्येन्द्र कुमार रावत द्वारा विभिन्न तिथियों में प्रार्थिनी से कुल लगभग 4,00,000/- रुपये प्राप्त किये गये, जिसमें से 2,47,000/- रुपये प्रार्थिनी द्वारा अपने खाते से अभियुक्त के खाते में स्थानांतरित किये गये। आरोप है कि उक्त धनराशि लेने के बावजूद न तो प्रार्थिनी के नाम वैध बैनामा कराया गया और न ही भूमि का कब्जा दिया गया। इस सूचना पर थाना मोहनलालगंज में मु0अ0स0 405/25 धारा 316(2)/351(3)/352 BNS पंजीकृत किया गया था।
विवेचना से पाया गया कि अभियुक्त सालिकराम पुत्र स्व0 गंगादीन निवासी ग्राम अहमदपुर आजमअली थाना नगराम लखनऊ द्वारा योजनाबद्ध तरीके से धोखाधड़ी की घटना कारित की गयी। अभियुक्त का पिता गंगादीन वर्षों पूर्व घर छोड़कर चला गया था तथा उसकी वास्तविक स्थिति/उपस्थिति संदिग्ध थी। इसी परिस्थिति का लाभ उठाते हुए अभियुक्त ने अपने साथियों सुनील कुमार व सतेन्द्र कुमार के साथ मिलकर आपराधिक षड्यंत्र रचा।
अपराध का शातिराना तरीका (Modus Operandi):
• गिरफ्तार व्यक्ति अपनी पैतृक भूमि, जो उसके पिता गंगादीन के नाम दर्ज थी, को बेचने की योजना बनाई गयी।
• भूमि का वास्तविक स्वामी (गंगादीन) अनुपस्थित होने के बावजूद बेटे ने जानबूझकर इस तथ्य को छिपाया।
• अपने ससुर के बड़े भाई गुरूदयाल को लालच/प्रलोभन देकर “गंगादीन” के रूप में खड़ा किया।
• तत्पश्चात कूटरचित (फर्जी) दस्तावेज तैयार कर रजिस्ट्री कार्यालय में फर्जी व्यक्ति को वास्तविक स्वामी बताकर बैनामा करा दिया गया।
• इस अवैध बैनामे में स्वयं सालिकराम एवं उसकी पत्नी संगीता देवी ने गवाह के रूप में हस्ताक्षर किए, जिससे दस्तावेज को वैध दर्शाया जा सके।
• बैनामे के उपरांत भूमि सह-अभियुक्तों के नाम चढ़वा दी गयी, जिन्होंने आगे उक्त भूमि को शिकायतकर्ता गुड्डी देवी को विक्रय कर दिया।
जिसके पश्चात अभियुक्त सालिकराम के भाई शम्भू दयाल द्वारा बैनामें में आपत्ति लगायी गयी जिसके पश्चात उक्त भूमि पुनः सालिक राम व उसके भाई के नाम आ गयी क्योकि उसकी माँ का वर्ष 2024 में निधन हो गया था। अभियुक्तों की इस सुनियोजित धोखाधड़ी के कारण शिकायतकर्ता को न तो भूमि प्राप्त हुई और न ही उसके द्वारा दिया गया धन वापस हुआ, जिससे उसे आर्थिक क्षति हुई।
अभियोग में धारा 318(4)/336(3)/338/340(2)/61(2) बीएनएस की बढोत्तरी की गयी तथा 316(2) बीएनएस की घटोत्तरी की गयी । आज दिनांक 06.04.2026 को मुखबिर की सूचना पर अभियुक्त सालिकराम को उसके निवास स्थान ग्राम अहमदपुर से गिरफ्तार किया गया जिसे न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा रहा है। अन्य अभियुक्तों की तलाश की जा रही है।
गिरफ्तार मास्टरमाइंड का विवरण।
1.सालिकराम पुत्र स्व0 गंगादीन निवासी ग्राम अहमदपुर आजमअली थाना नगराम लखनऊ उम्र करीब 45 वर्ष
गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम-
1. उ0नि0 साजिद अली,2. का0 अरूण कुमार यादव।
