गौतमबुद्धनगर: श्रमिक हितों की सुरक्षा को प्रशासन सख्त: ओवरटाइम दोगुना, वेतन समय पर और शिकायतों के लिए कंट्रोल रूम स्थापित!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 12 अप्रैल 2026, जनपद में औद्योगिक शांति एवं श्रमिकों के हितों की रक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। जिलाधिकारी गौतमबुद्धनगर ने श्रमिक भाइयों एवं बहनों से अपील करते हुए कहा कि बीते दो से तीन दिनों में औद्योगिक इकाइयों के साथ विस्तृत बैठक कर कई अहम निर्णय लिए गए हैं, जिनका सभी इकाइयों में कड़ाई से पालन कराया जाएगा।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि अब श्रमिकों के अधिकारों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा। सभी श्रमिकों को ओवरटाइम का भुगतान दोगुनी दर से अनिवार्य रूप से किया जाएगा और इसमें किसी प्रकार की कटौती स्वीकार नहीं होगी। इसके साथ ही प्रत्येक श्रमिक को साप्ताहिक अवकाश प्रदान किया जाएगा। यदि किसी कारणवश रविवार को कार्य लिया जाता है, तो उस दिन का वेतन भी दोगुनी दर से दिया जाएगा।
उन्होंने बताया कि श्रमिकों को नियमानुसार बोनस का भुगतान अधिकतम 30 नवंबर तक सीधे उनके बैंक खातों में सुनिश्चित किया जाएगा। साथ ही प्रत्येक कारखाने में कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न की रोकथाम हेतु समिति का गठन अनिवार्य किया गया है, जिसकी अध्यक्ष महिला होगी। श्रमिकों की शिकायतों के निस्तारण के लिए शिकायत पेटी की व्यवस्था भी प्रत्येक इकाई में की जाएगी और कार्यस्थल पर सम्मानजनक व्यवहार सुनिश्चित कराया जाएगा।
वेतन भुगतान को लेकर भी प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। जिलाधिकारी के अनुसार प्रत्येक श्रमिक का वेतन हर माह की 10 तारीख के भीतर एकमुश्त भुगतान किया जाएगा तथा सभी को वेतन पर्ची देना अनिवार्य होगा।
श्रमिकों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए जिला प्रशासन ने एक कंट्रोल रूम की स्थापना की है। इस कंट्रोल रूम के माध्यम से श्रमिक अपनी शिकायत, समस्या या किसी भी प्रकार की सूचना दर्ज करा सकते हैं। कंट्रोल रूम के नंबर 120-2978231, 120-2978232, 120-2978862 और 120-2978702 जारी किए गए हैं।
जिलाधिकारी ने सभी श्रमिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों या भ्रामक सूचनाओं पर ध्यान न दें और शांतिपूर्वक अपने-अपने कार्यस्थलों पर कार्य करते रहें। उन्होंने कहा कि जनपद में कानून-व्यवस्था और सौहार्द बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है, जिसमें श्रमिकों का सहयोग अत्यंत आवश्यक है।।
