मंगलवार, 7 अप्रैल 2026

गौतमबुद्धनगर: मॉरीशस के प्रशासनिक प्रतिनिधिमंडल ने गौतमबुद्धनगर में समझा ‘गुड गवर्नेंस मॉडल’, अधिकारियों संग हुआ अनुभवों का आदान-प्रदान!!

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गौतमबुद्धनगर: मॉरीशस के प्रशासनिक प्रतिनिधिमंडल ने गौतमबुद्धनगर में समझा ‘गुड गवर्नेंस मॉडल’, अधिकारियों संग हुआ अनुभवों का आदान-प्रदान!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 07 अप्रैल 2026।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रशासनिक सहयोग और सुशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत मॉरीशस के 26 सदस्यीय सिविल सेवकों के प्रतिनिधिमंडल ने जनपद गौतमबुद्धनगर का शैक्षणिक एवं प्रशासनिक भ्रमण किया। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने सूरजपुर, ग्रेटर नोएडा स्थित कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों के साथ विस्तृत संवाद कर यहां की प्रशासनिक कार्यप्रणाली, विकास मॉडल और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को करीब से समझा।

कार्यक्रम की शुरुआत जिलाधिकारी एवं मुख्य विकास अधिकारी डॉ. शिवाकांत द्विवेदी द्वारा प्रतिनिधिमंडल के औपचारिक स्वागत के साथ हुई। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने जनपद की प्रशासनिक संरचना और शासन-प्रशासन की कार्यशैली पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए बताया कि जिला प्रशासन सरकार की नीतियों और योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने की सबसे अहम कड़ी है।

उन्होंने अपने दायित्वों का उल्लेख करते हुए राजस्व प्रशासन, विभागीय समन्वय, आपदा प्रबंधन, निर्वाचन कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में जिला प्रशासन की केंद्रीय भूमिका को रेखांकित किया। साथ ही उन्होंने बताया कि गौतमबुद्धनगर में तीन तहसील—सदर, दादरी एवं जेवर तथा तीन विकास खंड—बिसरख, दादरी और जेवर संचालित हैं, जहां बहुस्तरीय प्रशासनिक ढांचा योजनाओं को प्रभावी रूप से लागू करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

जिलाधिकारी ने यह भी कहा कि पारदर्शिता, जवाबदेही और सुशासन को सुदृढ़ करने के लिए प्रशासन द्वारा ई-गवर्नेंस और तकनीकी नवाचारों को प्राथमिकता दी जा रही है। जनसुनवाई, ऑनलाइन शिकायत निवारण प्रणाली और डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के माध्यम से आमजन की समस्याओं के त्वरित समाधान सुनिश्चित किए जा रहे हैं।

मुख्य विकास अधिकारी ने केंद्र एवं राज्य सरकार की प्रमुख जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), जल जीवन मिशन, स्वामित्व योजना और राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन सहित कई योजनाएं पारदर्शी तरीके से पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाई जा रही हैं। इसके साथ ही राज्य सरकार की योजनाओं—कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना, मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना और ‘एक जनपद एक उत्पाद (ODOP)’ योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी प्रकाश डाला गया।

संवाद के दौरान जनपद की विशिष्ट प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों ने बताया कि गौतमबुद्धनगर में तीन विकास प्राधिकरण कार्यरत हैं, जो शहरी विकास को गति देते हैं। साथ ही यहां लागू पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली कानून-व्यवस्था के साथ फायर सेफ्टी जैसी सेवाओं को भी समाहित करती है।

कार्यक्रम में साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की जानकारी उप निरीक्षक बलजीत सिंह द्वारा प्रस्तुत की गई, जिसमें साइबर अपराधों की रोकथाम और जागरूकता अभियानों पर विशेष जोर दिया गया।

इस दौरान दोनों देशों के अधिकारियों के बीच प्रशासनिक अनुभवों का आदान-प्रदान हुआ और सुशासन को और अधिक प्रभावी बनाने, प्रशासनिक दक्षता बढ़ाने तथा भविष्य में सहयोग को मजबूत करने पर सार्थक चर्चा हुई।

कार्यक्रम के अंत में जिलाधिकारी द्वारा मॉरीशस प्रतिनिधिमंडल को ‘एक जनपद एक उत्पाद (ODOP)’ योजना के तहत तैयार स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) मंगलेश दुबे, उप जिलाधिकारी दादरी अनुज नेहरा, डिप्टी कलेक्टर वेद प्रकाश पांडेय, सिटी मजिस्ट्रेट अरविंद मिश्रा सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।।