गुरुवार, 16 अप्रैल 2026

अम्बेडकर नगर : महाविद्यालय की छात्राओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन मे निकाली पदयात्रा।।||Ambedkar Nagar: College students took out a march in support of the Nari Shakti Vandan Act.||

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अम्बेडकर नगर : 
महाविद्यालय की छात्राओं ने नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन मे निकाली पदयात्रा।।
दो टूक : अम्बेडकर नगर के रमाबाई राजकीय महिला महाविद्यालय,अकबरपुर
में “नारी शक्ति वंदन अधिनियम-2023” के समर्थन में व्यापक जनजागरूकता हेतु पदयात्रा निकाली गई । इस पदयात्रा का उद्देश्य समाज में महिलाओं के अधिकार, सम्मान और सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता फैलाना तथा लोगों को इस महत्वपूर्ण अधिनियम के प्रति जागरूक एवं संवेदनशील बनाना था।
विस्तार : 
अम्बेडकर नगर पदयात्रा का शुभारंभ महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. अरविन्द कुमार वर्मा द्वारा हरी झंडी दिखाकर किया गया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि नारी समाज की मूल आधारशिला है और उनके सशक्तिकरण के बिना राष्ट्र का समग्र विकास संभव नहीं है। उन्होंने “नारी शक्ति वंदन अधिनियम-2023” को महिलाओं को सामाजिक, राजनीतिक एवं आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया।
पदयात्रा महाविद्यालय परिसर से प्रारंभ होकर नगर के विभिन्न प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी, जिसमें छात्राओं ने बढ़-चढ़कर सहभागिता की। इस दौरान छात्राओं ने “नारी सम्मान, राष्ट्र का अभिमान”, “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” जैसे प्रेरणादायी नारों के माध्यम से आमजन को जागरूक किया। उनके हाथों में जागरूकता संबंधी तख्तियां एवं बैनर भी थे, जिन पर महिला सशक्तिकरण से जुड़े संदेश अंकित थे।
इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षकगण एवं समस्त कर्मचारी भी उपस्थित रहे और उन्होंने पदयात्रा को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। कार्यक्रम के माध्यम से समाज को यह संदेश दिया गया कि महिलाओं का सम्मान एवं समान अधिकार सुनिश्चित करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।यह पदयात्रा न केवल जागरूकता का माध्यम बनी, बल्कि छात्राओं में सामाजिक सरोकार एवं उत्तरदायित्व की भावना को भी सुदृढ़ करने में सहायक सिद्ध हुई। इस कार्यक्रम में महाविद्यालय के मुख्य शास्ता डॉ नंदन सिंह, डॉ सीमा यादव, डॉ महेन्द्र यादव, डॉ अनूप पांडेय , डॉ संगीता, डॉ वालेन्तिना प्रिया, डॉ सुनीता सिंह, सीता पांडेय , डॉ रविंद्र कुमार वर्मा, विद्याधर मिश्र, कुंवर संजय भारती, डॉ भानु प्रताप राय, डॉ सतीश उपाध्याय, के के विश्वकर्मा व अन्य कर्मचारी तथा महाविद्यालय की छात्राएँ उपस्थित रहीं।