बुधवार, 11 मार्च 2026

धूम्रपान निषेध दिवस पर गौतमबुद्धनगर में चला व्यापक जनजागरूकता अभियान, अस्पतालों-कॉलेजों में गोष्ठी, रैली और शपथ कार्यक्रम!!

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धूम्रपान निषेध दिवस पर गौतमबुद्धनगर में चला व्यापक जनजागरूकता अभियान, अस्पतालों-कॉलेजों में गोष्ठी, रैली और शपथ कार्यक्रम!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

गौतमबुद्धनगर, 11 मार्च 2026।
दो टूक// जनपद में धूम्रपान निषेध दिवस के अवसर पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया गया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. नरेंद्र कुमार के निर्देश पर जिले की विभिन्न चिकित्सा इकाइयों, सामुदायिक एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों, अस्पतालों और महाविद्यालयों में कार्यक्रम आयोजित कर लोगों को तंबाकू और धूम्रपान के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। इन कार्यक्रमों में छात्र-छात्राओं, चिकित्सकों, स्वास्थ्य कर्मियों और आम नागरिकों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान डॉ. नरेंद्र कुमार ने चिकित्सा अधिकारियों व कर्मचारियों को धूम्रपान से दूर रहने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने बताया कि धूम्रपान से फेफड़ों का कैंसर, हृदय रोग, स्ट्रोक और श्वसन संबंधी गंभीर बीमारियों का खतरा कई गुना बढ़ जाता है। साथ ही यह आदत न केवल धूम्रपान करने वाले व्यक्ति को बल्कि उसके आसपास मौजूद लोगों को भी पैसिव स्मोकिंग के माध्यम से नुकसान पहुंचाती है। इस अवसर पर अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.के. सिरोहा, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राघवेन्द्र सिंह, डॉ. चन्दन सोनी, डॉ. जैस लाल, डीपीएम मंजीत, जनपद सलाहकार तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ डॉ. श्वेता खुराना सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

जिला संयुक्त चिकित्सालय नोएडा में मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अजय राणा और तंबाकू नियंत्रण प्रकोष्ठ की जनपद सलाहकार डॉ. श्वेता खुराना के नेतृत्व में गोष्ठी, हस्ताक्षर अभियान और शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित किया गया। डॉ. राणा ने बताया कि धूम्रपान शरीर के लगभग हर अंग को प्रभावित करता है और कई घातक बीमारियों का कारण बनता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि धूम्रपान निषेध दिवस के अवसर पर धूम्रपान छोड़ने का संकल्प लें और अपने परिवार व समाज को भी इसके लिए प्रेरित करें।

कार्यक्रम में मनोचिकित्सक डॉ. स्वाती त्यागी, डॉ. अरविंद्र अत्री, डॉ. ऋषभ कुमार, एनसीडी में कार्यरत चिकित्सा अधिकारी मीनाक्षी, कविता, अर्चना सहित अन्य स्टाफ नर्स और कर्मचारी मौजूद रहे।

जनपद के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों दादरी, बादलपुर, जेवर, डाढ़ा कासना, भंगेल और बिसरख में भी चिकित्सा अधीक्षकों की अध्यक्षता में “नो स्मोकिंग डे” मनाया गया। यहां गोष्ठी, हस्ताक्षर अभियान और शपथ कार्यक्रम आयोजित कर लाभार्थियों को धूम्रपान से होने वाली गंभीर बीमारियों के बारे में जानकारी दी गई। स्वास्थ्य कर्मियों और दंत चिकित्सकों ने लोगों को मुख कैंसर, लकवा, दांतों के पीले होने जैसी समस्याओं के बारे में बताते हुए धूम्रपान छोड़ने के लिए स्वास्थ्य इकाइयों में संचालित तंबाकू उन्मूलन केंद्रों से निःशुल्क परामर्श और दवाइयां लेने की सलाह दी।

सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र जेवर के चिकित्सकों ने प्राथमिक विद्यालयों में जाकर छात्रों के साथ गोष्ठी और हस्ताक्षर अभियान चलाया तथा उन्हें तंबाकू मुक्त जीवन के लिए शपथ दिलाई। वहीं शारदा मनोरोग विभाग में डीन डॉ. निरूपमा गुप्ता और एचओडी डॉ. कुनाल कुमार के निर्देशन में तंबाकू उन्मूलन केंद्र पर प्रश्नोत्तरी सत्र और नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया, जिसके माध्यम से लोगों को धूम्रपान के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक किया गया।

आईटीएस डेंटल कॉलेज में भी धूम्रपान निषेध दिवस पर छात्रों द्वारा नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत कर तंबाकू सेवन से होने वाले शारीरिक, सामाजिक और आर्थिक नुकसान को दर्शाया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. सचित आनंद अरोड़ा ने की, जबकि डॉ. विक्रम अरोड़ा ने धूम्रपान के दुष्प्रभावों और इसके नियंत्रण में स्वास्थ्य कर्मियों की भूमिका पर व्याख्यान दिया।

इसके अलावा जिम्स अस्पताल, शारदा दंत विभाग और निम्स अस्पताल में भी गोष्ठी, हस्ताक्षर अभियान और जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।

राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय सेक्टर-39 नोएडा में भी धूम्रपान निषेध दिवस पर जागरूकता रैली निकाली गई। प्राचार्य प्रो. अनिता मिश्रा के निर्देश पर डॉ. गरिमा यादव और डॉ. प्रिया सिंह के नेतृत्व में छात्रों ने तंबाकू मुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लिया।

स्वास्थ्य विभाग के इस अभियान के तहत जनपद भर में आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को धूम्रपान और तंबाकू सेवन के खतरों से अवगत कराया गया और सभी ने मिलकर तंबाकू मुक्त समाज बनाने का संकल्प लिया।