सोमवार, 2 फ़रवरी 2026

गौतमबुद्धनगर: सूरजपुर वेटलैंड में सजा प्रकृति और पक्षियों का महोत्सव!!

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गौतमबुद्धनगर: सूरजपुर वेटलैंड में सजा प्रकृति और पक्षियों का महोत्सव!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

विश्व वेटलैंड दिवस पर ‘बर्ड फेस्टिवल–2026’ बना संरक्षण, जागरूकता और जनभागीदारी का प्रतीक

दो टूक// गौतमबुद्धनगर | 02 फरवरी, 2026

विश्व वेटलैंड दिवस के अवसर पर गौतमबुद्धनगर जनपद स्थित अंतरराष्ट्रीय महत्व के सूरजपुर वेटलैंड में बर्ड फेस्टिवल–2026 का भव्य, प्रेरणादायी और जनसहभागिता से परिपूर्ण आयोजन किया गया। इस आयोजन का उद्देश्य जैव विविधता संरक्षण, वन्यजीव संरक्षण तथा इको-टूरिज्म को बढ़ावा देना रहा।

कार्यक्रम की अध्यक्षता उत्तर प्रदेश सरकार के माननीय राज्य मंत्री (पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन) के.पी. मलिक ने की। इस अवसर पर प्रशासनिक, न्यायिक, वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ-साथ पर्यावरणविद, पक्षी प्रेमी, स्वयंसेवी संस्थाएं तथा बड़ी संख्या में स्कूली छात्र-छात्राएं उपस्थित रहीं।

माननीय मंत्री ने किया वेटलैंड का भ्रमण, पक्षी संरक्षण का जाना महत्व

कार्यक्रम के दौरान माननीय राज्य मंत्री के.पी. मलिक ने सूरजपुर वेटलैंड का स्थलीय भ्रमण किया। इस अवसर पर प्रभागीय वन अधिकारी रजनीकांत मित्तल द्वारा उन्हें बर्ड वॉचिंग टूर, गाइडेड नेचर वॉक, नेचर ट्रेल्स के साथ-साथ प्रवासी एवं स्वदेशी पक्षियों, वनस्पतियों, कीटों एवं अन्य जीव-जंतुओं के जीवन चक्र और पारिस्थितिक महत्व की विस्तृत जानकारी दी गई।

भ्रमण उपरांत मंत्री द्वारा बर्ड फेस्टिवल–2026 के अंतर्गत आयोजित फोटो गैलरी का फीता काटकर उद्घाटन किया गया। इसके साथ ही पर्यावरण, जैव विविधता एवं पक्षी संरक्षण से संबंधित प्रदर्शनी का अवलोकन किया गया। कार्यक्रम के दौरान सामूहिक वृक्षारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया।

स्कूली बच्चों ने दिया प्रकृति संरक्षण का भावनात्मक संदेश

कार्यक्रम का शुभारंभ स्कूली छात्र-छात्राओं द्वारा प्रस्तुत स्वागत गीत से हुआ, जिसमें प्रकृति, पर्यावरण और पक्षी संरक्षण का भावनात्मक संदेश समाहित था। इस अवसर पर प्रभागीय वन अधिकारी रजनीकांत मित्तल द्वारा माननीय मंत्री एवं विशिष्ट अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

“विकास के साथ प्रकृति का संतुलन जरूरी” – के.पी. मलिक

अपने संबोधन में माननीय राज्य मंत्री के.पी. मलिक ने कहा कि 02 फरवरी को विश्व वेटलैंड दिवस मनाने का उद्देश्य आर्द्रभूमियों के संरक्षण के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाना है।
उन्होंने कहा कि यह हमारा सौभाग्य है कि सूरजपुर वेटलैंड जैसी समृद्ध प्राकृतिक धरोहर हमारे क्षेत्र में स्थित है, जहां हजारों किलोमीटर दूर से प्रवासी पक्षी आते हैं।

उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि भौतिक और तकनीकी विकास की अंधी दौड़ में प्रकृति को भारी नुकसान पहुंचा है, जिसके कारण कई पक्षी प्रजातियां विलुप्ति की कगार पर हैं। उन्होंने सभी नागरिकों से प्रकृति और पक्षियों के संरक्षण हेतु सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया।

“सूरजपुर वेटलैंड प्रदेश की अमूल्य धरोहर” – डीएम मेधा रूपम

जिलाधिकारी मेधा रूपम ने कहा कि सूरजपुर वेटलैंड न केवल जनपद बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश की अमूल्य प्राकृतिक धरोहर है। यह जैव विविधता का जीवंत उदाहरण है, जिसे संरक्षित रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों और युवाओं को प्रकृति से जोड़ने का सशक्त माध्यम हैं और जनसहभागिता से ही सतत विकास का लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है।

रामसर स्थल सूरजपुर वेटलैंड बना प्रकृति प्रेमियों का आकर्षण

प्रभागीय वन अधिकारी रजनीकांत मित्तल ने बताया कि लगभग 0.60 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला सूरजपुर वेटलैंड एक अंतरराष्ट्रीय रामसर स्थल है, जो अनेक निवासी एवं प्रवासी पक्षी प्रजातियों का महत्वपूर्ण आवास है।

बर्ड फेस्टिवल–2026 के अंतर्गत विशेषज्ञ प्रकृतिवादियों के नेतृत्व में बर्ड वॉचिंग, गाइडेड नेचर वॉक, नेचर ट्रेल्स जैसी गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिनके माध्यम से प्रतिभागियों को जैव विविधता के महत्व से अवगत कराया गया। यह आयोजन सभी आयु वर्ग के लिए निःशुल्क रहा और प्रकृति प्रेमियों के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव साबित हुआ।

कार्यक्रम के अंत में आयोजकों द्वारा मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथियों तथा उपस्थित सभी गणमान्य व्यक्तियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।।