गौतमबुद्धनगर: नोएडा में 108 कुण्डीय “भारत उत्कर्ष महायज्ञ” का भव्य शुभारंभ, विविधता–आध्यात्मिकता और वैदिक गरिमा का संगम!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
दो टूक:: नोएडा, 16 नवम्बर 2025।
नोएडा सेक्टर–110 स्थित महर्षि नगर रामलीला मैदान आज भक्ति, अध्यात्म और भारतीय संस्कृतिगत वैभव का अप्रतिम केंद्र बन गया। परम पूज्य संत महर्षि महेश योगी जी की दिव्य प्रेरणा एवं आशीर्वाद से महर्षि महेश योगी संस्थान द्वारा आयोजित दस दिवसीय 108 कुण्डीय “भारत उत्कर्ष महायज्ञ” का अत्यंत भव्य और वैदिक परंपराओं के अनुरूप शुभारंभ हुआ।
वैदिक मंत्रोच्चार के साथ शुरुआत, कलश यात्रा बनी आकर्षण
सुबह 11 बजे वैदिक ऋषियों की परंपरा के अनुसार मंत्रोच्चार के बीच महायज्ञ का आरंभ हुआ, जिसके उपरांत दोपहर 12 बजे सैकड़ों महिलाओं और भक्तों की सहभागिता के साथ विशाल कलश यात्रा निकाली गई। उद्घाटन सत्र में कलश स्थापना, गणपति होम, गौ पूजन और नवग्रह शांति जैसे महत्वपूर्ण वैदिक अनुष्ठान पूर्ण विधि-विधान से सम्पन्न हुए।
राज्यों की संस्कृति एक मंच पर, झांकियों ने बांधा मन
महर्षि यूनिवर्सिटी ऑफ़ इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, नोएडा के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत विभिन्न राज्यों—उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गुजरात, महाराष्ट्र, कर्नाटक, पंजाब, बिहार, असम, उड़ीसा, राजस्थान और पश्चिम बंगाल—की सांस्कृतिक झांकियाँ दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहीं। शानदार नृत्य प्रस्तुतियों के माध्यम से “विविधता में एकता” का सशक्त संदेश पूरे परिसर में गूंजता रहा।
108 यज्ञ कुण्डों से उठी शांति और कल्याण की भावना
विशाल यज्ञशाला में 108 कुण्डों पर विश्वशांति, मानव कल्याण और राष्ट्रोत्थान के लिए आहुतियाँ अर्पित की जाती रहीं। दर्शनार्थ आए श्रद्धालुओं ने भी यज्ञ में सहभागिता कर पुण्य लाभ अर्जित किया।
अन्नक्षेत्र में चल रहा अखण्ड भण्डारा सेवा और समरसता का प्रतीक बना रहा। वहीं ध्यान, वेदाध्ययन और सत्संग के कार्यक्रमों ने पूरे माहौल को आध्यात्मिक शांति से भर दिया।
रामायण लेज़र शो और श्रीराम कथा ने रची दिव्य अनुभूति
संध्या समय आयोजित लेज़र लाइट एंड साउंड शो में रामायण की कथा का अद्भुत प्रस्तुतीकरण हुआ, जिसने उपस्थित जनसमूह में आध्यात्मिक भाव जागृत कर दिए। इसके तुरंत बाद श्रीराम लला सेवा सदन, अयोध्या के सुप्रसिद्ध कथावाचक स्वामी राघवाचार्य महाराज जी की वाणी में श्रीराम कथा का शुभारंभ हुआ, जिसका श्रद्धालुओं ने गहन भक्ति भाव से श्रवण किया।
जगत्गुरुओं का सान्निध्य बना आयोजन की विशेषता
इस महायज्ञ का संरक्षण अनन्त विभूषित स्वामी वासुदेवानन्द सरस्वती जी महाराज (जगद्गुरु शंकराचार्य, ज्योतिर्मठ, बद्रिकाश्रम) के पावन सान्निध्य में हो रहा है।
साथ ही जगत्गुरु रामानंदाचार्य प्रेमेश्वर पीठाधीश्वर स्वामी सतीशाचार्य जी महाराज की उपस्थिति ने आयोजन में दिव्यता और ऊर्जा का विशेष संचार किया।
आसपास के क्षेत्रों से उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब
महर्षि महेश योगी संस्थान के अध्यक्ष श्री अजय प्रकाश श्रीवास्तव ने भक्तों से अधिक से अधिक संख्या में यज्ञ में सहभागिता का आह्वान किया। भंगेल बाजार, सलारपुर, गेझा, हाजीपुर और आसपास की सोसाइटियों से आए हजारों श्रद्धालुओं ने यज्ञ में आहुतियाँ अर्पित कर विश्वशांति की कामना की।
25 नवंबर तक चलेगा भव्य उत्सव
दस दिवसीय “भारत उत्कर्ष महायज्ञ” 25 नवंबर 2025 तक प्रतिदिन सुबह से रात्रि तक वैदिक अनुष्ठानों, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और आध्यात्मिक सत्रों के साथ जारी रहेगा।।
