मंगलवार, 20 अक्टूबर 2026

अमरोहा: गजरौला में गुर्जर समाज ने भरी हुंकार, एकजुट होकर 27 अक्टूबर को दिल्ली कूच का आह्वान!!

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अमरोहा: गजरौला में गुर्जर समाज ने भरी हुंकार, एकजुट होकर 27 अक्टूबर को दिल्ली कूच का आह्वान!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

गुर्जर स्वाभिमान रैली को सफल बनाने के लिए गांव-गांव जनसंपर्क पर जोर, समाज के सम्मान, अधिकारों और राजनीतिक प्रतिनिधित्व के मुद्दे उठे

दो टूक//गजरौला, 20 अक्टूबर 2026। एसएलजे डिग्री कॉलेज में मलखान सिंह द्वारा आयोजित अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के अभिनंदन समारोह में गुर्जर समाज की एकजुटता, स्वाभिमान और अधिकारों की आवाज बुलंद हुई। समारोह में समाज के लोगों, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों और जिला कार्यकारिणी के पदाधिकारियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। वक्ताओं ने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के राष्ट्र निर्माण में योगदान को याद करते हुए समाज को संगठित होकर आगे बढ़ने का संदेश दिया। साथ ही, आगामी 27 अक्टूबर को दिल्ली के टॉकीटोरा स्टेडियम में आयोजित होने वाली गुर्जर स्वाभिमान रैली में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने का आह्वान किया।

समारोह में अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष हरिश्चंद्र भाटी और अमरोहा के सांसद कंवर सिंह तंवर मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके साथ महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सविंदर भाटी, जयप्रकाश विकल, उत्तर प्रदेश अध्यक्ष दिनेश गुर्जर, गौतमबुद्ध नगर जिलाध्यक्ष अशोक भाटी और शशांक भाटी सहित कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। आयोजक समिति और समाज के लोगों ने अतिथियों का सम्मान की पगड़ी पहनाकर, पुष्पमालाओं एवं शॉल भेंट कर स्वागत किया। इस दौरान उन्हें सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा भी भेंट की गई।

समाज की एकता और स्वाभिमान पर दिया जोर

कार्यक्रम की अध्यक्षता चौधरी डॉ. यशवीर सिंह ने की, जबकि संचालन यतेंद्र कटारिया ने किया। समारोह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि किसी भी समाज की प्रगति का आधार उसकी एकजुटता, शिक्षा और आपसी सहयोग होता है। समाज को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहते हुए शिक्षा, सामाजिक विकास और राजनीतिक भागीदारी के क्षेत्र में भी आगे बढ़ना होगा।

वक्ताओं ने स्वतंत्रता संग्राम में गुर्जर समाज के योगदान, त्याग, संघर्ष और बलिदान का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज के ऐतिहासिक योगदान को व्यापक स्तर पर पहचान और अपेक्षित सम्मान दिलाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समाज की गौरवशाली विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाना और युवाओं को शिक्षा एवं सामाजिक गतिविधियों से जोड़ना समय की जरूरत है।

आरक्षण और प्रतिनिधित्व के मुद्दे भी उठे

समारोह के दौरान विमुक्त एवं घुमंतू समुदायों से जुड़े आरक्षण, सामाजिक सुविधाओं और प्रतिनिधित्व के सवाल भी प्रमुखता से उठाए गए। वक्ताओं ने इन विषयों पर स्थिति स्पष्ट करने के लिए आयोग गठित करने तथा पात्र समुदायों तक सरकारी योजनाओं और सुविधाओं का लाभ पहुंचाने की मांग की। उन्होंने कहा कि समाज के वंचित और पिछड़े वर्गों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।

वक्ताओं ने कहा कि समाज के सम्मान, अधिकारों और विभिन्न मांगों को प्रभावी तरीके से सरकार एवं संबंधित मंचों तक पहुंचाने के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं। इसके लिए 27 अक्टूबर को दिल्ली में आयोजित होने वाली गुर्जर स्वाभिमान रैली को महत्वपूर्ण बताते हुए समाज के लोगों से एकजुट होकर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने की अपील की गई।

गांव-गांव जनसंपर्क कर दिल्ली पहुंचने की अपील

समारोह में मौजूद प्रतिनिधियों ने कहा कि रैली की सफलता के लिए गांव-गांव संपर्क अभियान चलाकर लोगों को जागरूक किया जाना चाहिए। वक्ताओं ने समाज के युवाओं, बुजुर्गों और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों से आपसी मतभेद भुलाकर एक मंच पर आने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी से समाज की एकजुटता और सामूहिक आवाज को मजबूती मिलेगी।

अमरोहा सांसद कंवर सिंह तंवर ने भी अपने संबोधन में सामाजिक एकता और आपसी सहयोग पर जोर दिया। उन्होंने उपस्थित लोगों से 27 अक्टूबर को दिल्ली पहुंचकर गुर्जर स्वाभिमान रैली को सफल बनाने की अपील की।

इनकी रही प्रमुख उपस्थिति

समारोह में संजय भाटी चेयरमैन, राहुल चौधरी, श्याम सिंह, धर्मवीर भाटी, देवेंद्र ठेकेदार, सुरेंद्र मास्टर जी, महिपाल सिंह, लोकेश प्रधान, चमन कसाना, आशुतोष अवाना, सतपाल तंवर, ओमवीर मुखिया, अशोक प्रमुख, ओम तट गुर्जर, जयचंद महाशय जी, रामचंद्र गुर्जर, महकर प्रधान, ओमकार प्रधान, महिपाल सिंह तंवर और जयपाल सिंह सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग मौजूद रहे।

समारोह का समापन समाज की एकजुटता, स्वाभिमान और सामाजिक अधिकारों के लिए सामूहिक प्रयास करने के संकल्प के साथ हुआ। उपस्थित लोगों ने 27 अक्टूबर को दिल्ली में आयोजित गुर्जर स्वाभिमान रैली में अधिक से अधिक भागीदारी सुनिश्चित करने का आह्वान किया।