गौतमबुद्धनगर: नोएडा में ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर साइबर ठगी का बड़ा खेल, चार लोगों से 52 लाख रुपये ऐंठे!!
दो टूक//नोएडा। ऑनलाइन ट्रेडिंग में कम समय में मोटा मुनाफा कमाने का लालच देकर साइबर ठग लोगों को लगातार अपना निशाना बना रहे हैं। नोएडा में साइबर ठगी के अलग-अलग मामलों में चार लोगों से करीब 52 लाख रुपये ठगने का मामला सामने आया है। ठगों ने कहीं फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म तो कहीं नकली ऐप में निवेश का झांसा देकर पीड़ितों को अपने जाल में फंसाया। रकम जमा कराने के बाद मुनाफा निकालने के नाम पर मार्जिन मनी, टैक्स और कन्वर्जन चार्ज समेत अलग-अलग मदों में अतिरिक्त रकम भी वसूली गई।
एक युवक से 21 लाख रुपये की ठगी
पहले मामले में साइबर ठगों ने एक युवक को ऑनलाइन ट्रेडिंग में शानदार रिटर्न का लालच दिया। बातचीत के बाद उसे ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म से जोड़कर अलग-अलग खातों में निवेश के नाम पर रकम जमा कराई गई। मुनाफा बढ़ने का झांसा देकर पीड़ित से करीब 21 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए गए। बाद में जब पीड़ित ने अपनी रकम और कथित मुनाफा निकालने का प्रयास किया तो ठगों ने अलग-अलग बहाने बनाकर रकम वापस करने से इनकार कर दिया।
ट्रेडिंग के नाम पर 10.40 लाख रुपये ठगे
दूसरे मामले में भी साइबर ठगों ने ऑनलाइन ट्रेडिंग में निवेश कर कम समय में मोटा मुनाफा कमाने का लालच दिया। पीड़ित को ट्रेडिंग के लिए प्रेरित करते हुए उससे कई बार में करीब 10.40 लाख रुपये जमा करा लिए गए। रकम निकालने की कोशिश करने पर पीड़ित को नए-नए शुल्क और प्रक्रियाओं में उलझाया गया, जिसके बाद उसे साइबर ठगी का एहसास हुआ।
मार्जिन मनी, टैक्स और कन्वर्जन चार्ज के नाम पर 30 लाख की ठगी
एक अन्य मामले में ठगों ने निवेश के बाद कथित मुनाफा दिखाकर पीड़ित को भरोसे में लिया। इसके बाद रकम निकालने के लिए मार्जिन मनी, टैक्स और कन्वर्जन चार्ज समेत विभिन्न शुल्क के नाम पर करीब 30 लाख रुपये ऐंठ लिए गए। लगातार रकम जमा कराने के बावजूद जब भुगतान नहीं हुआ तो पीड़ित को ठगी का पता चला।
फर्जी ऐप में निवेश के नाम पर 5.50 लाख रुपये गंवाए
चौथे मामले में एक युवक को फर्जी ट्रेडिंग ऐप के जरिए निवेश का झांसा दिया गया। शुरुआत में ऐप पर मुनाफा दिखाकर पीड़ित का भरोसा जीता गया और बाद में उससे निवेश के नाम पर करीब 5.50 लाख रुपये ट्रांसफर करा लिए गए। रकम निकालने के समय ठगों ने कई तरह की शर्तें रखीं, जिसके बाद पीड़ित ने साइबर क्राइम पुलिस से शिकायत की।
चारों मामलों में पीड़ितों की शिकायत के आधार पर सेक्टर-36 स्थित साइबर क्राइम थाने में अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं। पुलिस मामलों की जांच कर रही है और साइबर ठगी में इस्तेमाल बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और लेनदेन से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
साइबर अपराधियों द्वारा ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर लोगों को फर्जी ऐप और वेबसाइट के जरिए निवेश का लालच देकर ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। पुलिस लोगों से अपील करती है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर ट्रेडिंग या निवेश के नाम पर रकम ट्रांसफर न करें और फर्जी मुनाफे के लालच में आकर अपनी बैंकिंग जानकारी या ओटीपी किसी के साथ साझा न करें।।
