शुक्रवार, 14 अगस्त 2026

अम्बेडकर नगर : वित्तीय जागरूकता से सुरक्षित भविष्य का छात्राओं को संदेश।||Ambedkar Nagar: A message to girl students about a secure future through financial awareness.||

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अम्बेडकर नगर : 
वित्तीय जागरूकता से सुरक्षित भविष्य का छात्राओं को संदेश।।
।। ए.के. चतुर्वेदी ।।
दो टूक : रमाबाई राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, अकबरपुर में शुक्रवार को “वित्तीय जागरूकता” विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया। महाविद्यालय के संरक्षक एवं प्राचार्य प्रो. अरविंद कुमार वर्मा के निर्देशन में आयोजित कार्यक्रम का संयोजन वाणिज्य विभागाध्यक्ष प्रो. अरुण कांत गौतम एवं प्रो. नंदन सिंह ने किया।
कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्य प्रो. अरविंद कुमार वर्मा ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित एवं माल्यार्पण कर किया। इस दौरान उन्होंने मुख्य वक्ता ऐश्वर्य जैन, डिप्टी मैनेजर, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज, वाराणसी क्षेत्र को स्मृति चिह्न एवं पुष्पगुच्छ भेंट कर सम्मानित किया।
मुख्य वक्ता ऐश्वर्य जैन ने छात्राओं को वित्तीय जागरूकता से जुड़े विभिन्न पहलुओं और आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि वित्तीय जागरूकता का अर्थ केवल पैसा कमाना या बचाना नहीं, बल्कि धन का सही प्रबंधन, उचित निवेश और भविष्य के आर्थिक जोखिमों से स्वयं को सुरक्षित रखना है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय प्रबंधन की सही जानकारी व्यक्ति को अनावश्यक खर्च, कर्ज, क्रेडिट कार्ड के जाल और डिजिटल वित्तीय धोखाधड़ी से बचाने में मदद करती है। उन्होंने शेयर बाजार, राष्ट्रीय बचत पत्र, बीमा, म्यूचुअल फंड सहित विभिन्न निवेश विकल्पों की जानकारी देते हुए आपातकालीन फंड एवं सेवानिवृत्ति की आर्थिक सुरक्षा के महत्व पर भी प्रकाश डाला।
उन्होंने साइबर वित्तीय धोखाधड़ी से सावधान रहने की अपील करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार की वित्तीय धोखाधड़ी होने पर तत्काल साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें।
अध्यक्षीय उद्बोधन में प्राचार्य प्रो. अरविंद कुमार वर्मा ने कहा कि भारत में वित्तीय जागरूकता एवं प्रबंधन की जड़ें प्राचीन काल से जुड़ी हैं। वैदिक एवं मौर्य काल में व्यापार, बचत, निवेश और ऋण की व्यवस्थाओं के साथ ‘श्रेणी’ और ‘हुंडी’ जैसी प्रणालियां प्रचलित थीं। उन्होंने कहा कि वित्तीय समझ व्यक्ति को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के साथ उसके भविष्य को सुरक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
संगोष्ठी में डॉ. सीमा यादव, प्रो. अरुण कुमार, डॉ. वालेन्तिना प्रिया, डॉ. सुनीता सिंह, सीता पाण्डेय, विद्याधर मिश्र, डॉ. अस्तुति वर्मा, डॉ. महेंद्र यादव, डॉ. राघवेंद्र मिश्र, डॉ. बीना यादव, डॉ. रवीन्द्र वर्मा, डॉ. अनूप पाण्डेय, डॉ. सतीश उपाध्याय, कृष्ण कुमार विश्वकर्मा, डॉ. भानु प्रताप राय, कुंवर संजय भारती सहित महाविद्यालय के समस्त कर्मचारी एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
दो टूक मीडिया — वित्तीय समझ बढ़ेगी, तभी सुरक्षित होगा भविष्य।