सोमवार, 20 जुलाई 2026

मऊ : आगामी पेराई सत्र से पहले घोसी चीनी मिल का ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा ने किया निरीक्षण,आधुनिकीकरण के दिए निर्देश।।||Mau: Energy Minister A.K. Sharma inspected the Ghosi Sugar Mill ahead of the upcoming crushing season and issued instructions for modernization.||

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मऊ : 
आगामी पेराई सत्र से पहले घोसी चीनी मिल का ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा ने किया निरीक्षण,आधुनिकीकरण के दिए निर्देश।।
दो टूक : मऊ जनपद के घोसी में स्थित सहकारी चीनी मिल में आगामी पेराई सत्र को सफल एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा ने रविवार को चीनी मिल का निरीक्षण कर तैयारियों का विस्तृत जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मिल परिसर का भ्रमण करते हुए प्लांट, मशीनरी, मानव संसाधन, संविदाकर्मियों की उपलब्धता, आंतरिक सड़कों तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं की गहन समीक्षा की।
विस्तार : 
प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ए के शार्मा ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आगामी पेराई सत्र शुरू होने से पहले सभी आवश्यक तैयारियां समयबद्ध एवं गुणवत्ता के साथ पूरी कर ली जाएं, ताकि मिल का संचालन निर्बाध रूप से हो और गन्ना किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मिल संचालन में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान मंत्री ने महाप्रबंधक को निर्देश दिए कि मिल के आधुनिकीकरण, आवश्यक मरम्मत, मशीनों के उन्नयन, मानव संसाधन की उपलब्धता, संविदाकर्मियों की व्यवस्था तथा आधारभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण से संबंधित एक विस्तृत एवं व्यावहारिक प्रस्ताव शीघ्र तैयार कर शासन को भेजा जाए, ताकि आवश्यक स्वीकृतियां एवं संसाधन समय पर उपलब्ध कराए जा सकें।
ए. के. शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार सहकारी चीनी मिलों को आधुनिक तकनीक से लैस, अधिक सक्षम एवं किसानों के हितों के अनुरूप विकसित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। उन्होंने विश्वास जताया कि आधुनिकीकरण से मिल की पेराई क्षमता में वृद्धि होगी, संचालन अधिक प्रभावी बनेगा तथा किसानों को उनकी गन्ना उपज का समय पर भुगतान और बेहतर सुविधाएं मिल सकेंगी।
मंत्री के निरीक्षण को आगामी पेराई सत्र की तैयारियों के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे घोसी सहकारी चीनी मिल के विकास कार्यों को नई गति मिलने तथा क्षेत्र के हजारों गन्ना किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिलने की उम्मीद है।