लखनऊ :
दहेज की 20 लाख की मांग बनी नर्स की मौत की वजह, प्रेमी पर हत्या का आरोप,अन्तिम संस्कार के बाद परिजनों ने थाने में दी तहरीर।
मोहब्बत और शादी में 20 लाख की मांग बनी दिवार,हो गई मौत।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के थाना पीजीआई थाना क्षेत्र गोवर्धन इन्क्लेव वृन्दावन योजना में एक स्टाफ नर्स की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। मृतका की मां की तहरीर पर पुलिस ने प्रेमी के खिलाफ की दहेज की मांग, मानसिक उत्पीड़न और बेटी की मौत का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कर लिया है। आरोप है कि विवाह से पहले आरोपी युवक 20 लाख रुपये की मांग कर रहा था और इसी को लेकर दोनों के बीच कई बार विवाद भी हुआ था। पुलिस ने मिली तहरीर के आधार मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच में जुट गई है।
विस्तार :
जानकारी के अनुसार गोण्डा जनपद के थाना तरबगंज क्षेत्र के ग्राम रामापुर निवासी सुधा मिश्रा ने थाना पीजीआई में तहरीर देते हुए बताया कि उनकी पुत्री प्रतिभा मिश्रा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कजेमऊ (जनपद गोण्डा) में स्टाफ नर्स के पद पर कार्यरत थी। उसकी पहचान पीजीआई में कार्यरत विकास त्रिपाठी, निवासी फ्लैट संख्या E-810, गोवर्धन इन्क्लेव, सेक्टर-20, थाना पीजीआई से शादी डाटकाम पर हुई थी दोनों विवाह करना चाहते थे।
परिजनों का आरोप है कि विवाह की बातचीत के दौरान विकास त्रिपाठी ने अचानक 20 लाख रुपये की दहेज की मांग की। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण परिवार यह रकम देने में असमर्थ था। इसी मांग को लेकर दोनों के बीच कई बार विवाद भी हुआ और मृतका मानसिक तनाव में रहने लगी।
तहरीर के मुताबिक, 8 जुलाई 2026 को प्रतिभा मिश्रा विकास त्रिपाठी से मिलने उसके फ्लैट पर गई थी। अगले दिन 9 जुलाई 2026 की शाम स्थानीय पुलिस ने मृतका की बहन को फोन कर सूचना दी कि प्रतिभा का शव विकास त्रिपाठी के फ्लैट से संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद हुआ है। सूचना मिलने पर परिजन लखनऊ पहुंचे और पोस्टमार्टम की औपचारिकताओं के बाद 10 जुलाई 2026 को अंतिम संस्कार किया गया।
मृतका की मां का आरोप है कि दहेज की मांग और लगातार मानसिक प्रताड़ना के कारण उनकी बेटी की मौत हुई है। उन्होंने आरोपी के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
शादी डॉटकॉम से शुरू हुई पहचान शादी तक पहुंचा,20 लाख की दहेज मांग ने खड़ी कर दी दीवार।
पुलिस सूत्रों के अनुसार दोनो का शादी डॉटकॉम पर हुई जान-पहचान से शुरू हुआ रिश्ता पहले दोस्ती में बदला, और शादी तक पहुंच गया। दोनों शादी के सपने देख रहे थे, लेकिन आरोप है कि विवाह से पहले 20 लाख रुपये दहेज की मांग ने रिश्ते में ऐसी दरार डाल दी, जो आखिरकार एक युवती की संदिग्ध मौत तक पहुंच गई। अब पूरे घटनाक्रम की जांच पुलिस कर रही है।
मृतका प्रतिभा मिश्रा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र कजेमऊ में स्टाफ नर्स के पद पर कार्यरत थीं। वर्ष 2024 में वह पीजीआई, लखनऊ में नर्स की परीक्षा देने आई थीं। इसी दौरान उनकी पहचान पीजीआई में कार्यरत विकास त्रिपाठी से हुई। बताया गया है कि दोनों के बीच बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ और जल्द ही दोस्ती गहरे रिश्ते में बदल गई। दोनों परिवारों की जानकारी में विवाह की बातचीत भी चल रही थी। अचानक दहेज की मांग और स्टाप नर्स की बीते 9 जुलाई को संदिग्ध मौत ने शादी के सपनो पर पानी फेर दिया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की छानबीन शुरू कर दी है।
