गौतमबुद्धनगर में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति अभियान की तैयारियां तेज, 10 अगस्त को 1 से 19 वर्ष तक के बच्चों को खिलाई जाएगी एल्बेंडाजोल की दवा!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!मुख्य विकास अधिकारी भालचंद्र त्रिपाठी ने समीक्षा बैठक में दिए सख्त निर्देश, 14 अगस्त को मॉप-अप अभियान चलाकर कोई भी बच्चा नहीं रहेगा वंचित
दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 23 जुलाई।
जनपद में आगामी राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस को सफल बनाने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। गुरुवार को कलेक्ट्रेट सभागार में मुख्य विकास अधिकारी भालचंद्र त्रिपाठी की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अभियान को शत-प्रतिशत सफल बनाने के लिए माइक्रो प्लान तैयार करने, सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने तथा किसी भी पात्र बच्चे को दवा से वंचित न रहने देने के निर्देश दिए गए।
बैठक में बताया गया कि 10 अगस्त 2026 को जनपद के 1 से 19 वर्ष आयु वर्ग के सभी बच्चों को कृमि संक्रमण से बचाव के लिए एल्बेंडाजोल की दवा खिलाई जाएगी। वहीं, जो बच्चे किसी कारणवश इस दिन दवा नहीं ले पाएंगे, उनके लिए 14 अगस्त को मॉप-अप दिवस आयोजित किया जाएगा।
मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि कृमि संक्रमण बच्चों के शारीरिक और मानसिक विकास के साथ-साथ कुपोषण का भी एक प्रमुख कारण है। ऐसे में राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य की दिशा में सरकार का अत्यंत महत्वपूर्ण अभियान है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक विद्यालय, आंगनवाड़ी केंद्र और अन्य संस्थानों का विस्तृत माइक्रो प्लान तैयार कर समयबद्ध तरीके से अभियान संचालित किया जाए।
उन्होंने स्वास्थ्य विभाग, बेसिक एवं माध्यमिक शिक्षा विभाग, पंचायती राज विभाग, बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग, प्रोबेशन विभाग सहित सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए। साथ ही सभी केंद्रों पर लक्षित बच्चों की संख्या के अनुरूप एल्बेंडाजोल गोलियों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।
सीडीओ ने स्पष्ट निर्देश दिए कि अभियान के दायरे में केवल सरकारी विद्यालय ही नहीं, बल्कि सहायता प्राप्त एवं निजी विद्यालय, केंद्रीय विद्यालय, आईटीआई, पॉलिटेक्निक, कौशल विकास संस्थान तथा श्रमिकों के बच्चों को भी शामिल किया जाए, ताकि कोई भी पात्र बच्चा कृमि मुक्ति कार्यक्रम से वंचित न रह जाए।
बैठक में अधिकारियों को व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने कहा कि अभिभावकों को कृमि संक्रमण से होने वाले नुकसान और एल्बेंडाजोल दवा के लाभ के बारे में जागरूक किया जाए, ताकि अधिक से अधिक बच्चों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।
बैठक के दौरान उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आर.पी. सिंह एवं डीईआईसी प्रबंधक ने राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस की विस्तृत कार्ययोजना, दवा वितरण व्यवस्था तथा विभिन्न विभागों की जिम्मेदारियों की जानकारी प्रस्तुत की।
इस अवसर पर मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अशोक कुमार झा, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. उबेद कुरैशी, जिला कार्यक्रम अधिकारी (आईसीडीएस) अनामिका सिंह, एसएमओ डॉ. जितेंद्र सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।।
