गौतमबुद्धनगर: फर्जी जॉब ऑफर देकर साइबर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, नोएडा से 5 आरोपी गिरफ्तार!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
दो टूक//नोएडा। नौकरी और प्रशिक्षण दिलाने के नाम पर युवाओं को ठगी का शिकार बनाने वाले एक साइबर गिरोह का थाना साइबर क्राइम पुलिस ने पर्दाफाश करते हुए पांच शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 09 मोबाइल फोन, 01 लैपटॉप, 17 सिम कार्ड, 04 डेबिट कार्ड, दो कंपनी मोहर, चेक बुक, पासबुक तथा कॉलिंग डेटा बरामद किया है। जांच में सामने आया है कि आरोपी अन्य कंपनियों का डेटा चोरी कर लोगों को कॉल करते थे और उन्हें नौकरी दिलाने का झांसा देकर धोखाधड़ी करते थे।
पुलिस के अनुसार, 23 जून 2026 को अभिसूचना संकलन एवं इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के विश्लेषण के आधार पर सेक्टर-63 नोएडा में कार्रवाई करते हुए आदित्य चौहान, सुमित कुमार, सूरज गुप्ता, रिषभ और गौरव पाठक को गिरफ्तार किया गया। सभी आरोपी अलग-अलग जिलों के निवासी हैं और शिक्षित होने के बावजूद साइबर अपराध की गतिविधियों में शामिल पाए गए।
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि गिरोह बेरोजगार युवाओं को कंपनियों में नौकरी और प्रशिक्षण दिलाने का झूठा भरोसा देता था। इसके लिए आरोपी विभिन्न कंपनियों का डेटा हासिल कर संभावित अभ्यर्थियों से संपर्क करते थे और उन्हें फर्जी भर्ती प्रक्रिया में फंसाकर ठगी का शिकार बनाते थे। पुलिस को आरोपियों के खिलाफ उत्तर प्रदेश, बिहार और महाराष्ट्र में कुल पांच शिकायतें दर्ज होने की जानकारी मिली है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि गिरोह कई राज्यों में सक्रिय था।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों के कब्जे से बरामद इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और दस्तावेजों की गहन जांच की जा रही है। संभावना है कि जांच के दौरान साइबर ठगी के और भी मामलों का खुलासा हो सकता है तथा गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान भी सामने आ सकती है।
इस मामले में थाना साइबर क्राइम में मु0अ0सं0-173/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं एवं आईटी एक्ट की धारा 66सी और 66डी के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर ने लोगों से अपील की है कि नौकरी या प्रशिक्षण के नाम पर आने वाले किसी भी कॉल, मैसेज या ई-मेल पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें। भर्ती संबंधी जानकारी केवल संबंधित कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट से ही प्राप्त करें और किसी भी व्यक्ति को नौकरी दिलाने के नाम पर धनराशि देने से पहले पूरी जांच-पड़ताल अवश्य करें। साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।
