अंबेडकरनगर :
पांच हत्याकाण्ड का खूनी दरिंदा पुलिस मुठभेड़ में हुआ ढेर,दो पुलिसकर्मी हुए जख्मी,चार बच्चों समेत मां को बेरहमी से उतारा था मौत के घाट।
दो टूक : अंबेडकरनगर जिले के कोतवाली अकबरपुर क्षेत्र मीरानपुर मुरादाबाद मोहल्ले में शनिवार को चार बच्चों समेत पांच लोगों की हत्या कर सनसनी फैलाने वाले कुख्यात बदमाश आमिर सोमवार सुबह अकबरपुर पुलिस और स्वाट की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ में सोमवार को मार गिराया गया। इस दौरान दो पुलिस कर्मियों को भी चोटें आयी है। पुलिस पांच हत्याकाण्ड सनसनी घटना का खुलासा करने के हाथ पांव मार रही थी कि इसी दौरान मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि नरसंहार को अंजाम देने वाला आमिर नाम का शख्स अपने एक साथी के साथ टांडा बांदा हाईवे होते हुए कहीं भागने की फिराक में है। इस सूचना पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेरेबंदी कर उसे दबोचने का प्रयास किया तो वह फायरिंग शुरु कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में खूनी आमिर को गोली लगी। पुलिस ने घायल को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मौके का फायदा उठाते हुए एक बदमाश मौके से भाग निकला। पुलिस को मौके से अवैध असलहा, कारतूस खोखा व एक मोटरसाइकिल बरामद हुई है।
विस्तार :
अंबेडकरनगर एसपी प्राची सिंह के मुताबिक मुठभेड़ में मारे गए आमिर उर्फ जान मोहम्मद की कुंडली खंगाली गई तो पता चला कि वह एक कुख्यात अपराधी था और उसके खिलाफ पहले भी कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। उन्होंने बताया कि मुठभेड़ के दौरान दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं उन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस को मौके से एक अवैध तमंचा, कारतूस खोखा व एक मोटरसाइकिल के अलावा सोने के जेवरात बरामद हुए हैं।आगे की कार्रवाई की जा रही है
यह है पूरा घटनाक्रम --
अंबेडकरनगर जिले के कोतवाली नगर क्षेत्र स्थित मीरानपुर मुरादाबाद मोहल्ले में शुक्रवार देर रात सऊदी अरब में नौकरी करने वाले नियाज अहमद के चारों बच्चों को लेकर उसकी पत्नी गासिया खातून गहरी नींद में सो रही थी। सुबह तड़के अचानक मोहल्ले में कोहराम मच गया, जब घर में चार मासूम बच्चों शफीक, सऊद, उमर और सादिया बानो का खून से लथपथ शव कमरे में मिला और मां गासिया खातून लापता थी। चार बच्चों की हुई निर्मम हत्या ने मानो कोहराम में तब्दील कर दिया था। पुलिस डॉग स्क्वायड व फिंगर प्रिंट दस्ते के साथ छानबीन कर फरार गासिया खातून की तलाश में एसपी अंबेडकरनगर प्राची सिंह ने पुलिस की चार टीमें लगाई। पुलिस फरार गासिया खातून की खोजबीन कर रही थी कि रविवार को उसका शव मोहल्ले से सौ मीटर की दूरी पर नाले किनारे पड़ा मिला तो पूरा मामला एक नया मोड़ ले लिया।
गासिया खातून की लाश मिलने के बाद पुलिस गहनता से छानबीन कर मृतका के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल खंगाला तो पता चला कि एक संदिग्ध शख्स की बात हुई है। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर द्वारा सूचना मिली कि इस सनसनीखेज मामले में को गासिया नहीं बल्कि एक आमिर उर्फ जान मोहम्मद नाम के शख्स ने घटना को अंजाम दिया था। एसपी प्राची सिंह के निर्देशन में लगाई गई पुलिस की टीम ने सोमवार सुबह अफजलपुर गांव के पास चेकिंग के दौरान इस घटना को अंजाम देने वाले कुख्यात बदमाश आमिर को मुठभेड़ के दौरान मार गिराया। लेकिन जेहन में सवाल न जाने क्यों आमिर उर्फ जान मोहम्मद ने इन बच्चों और मां को क्यों बेरहमी से मार डाला।
पुलिस की थ्योरी और उभरते तमाम सवाल - --
घटनाक्रम मकान के भीतर से कुंडी लगी हुई थी। इसी घर के अंदर चार बच्चों की बेरहमी से मौत की नींद सुला दिया गया। शुरूआती दौर में पुलिस की थ्योरी पर नजर डालें तो जांच-पड़ताल के दौरान दावा किया कि जान लेने के बाद गासिया मकान की बालकनी के जरिए फरार हो गई। लेकिन दूसरे दिन जैसे ही गासिया खातून की नाले किनारे लाश मिली तो पुलिस की थ्योरी पर सवाल खड़े हो गए। आमिर उर्फ जान मोहम्मद ने लूटपाट के इरादे से चारों बच्चों की जान ली तो गासिया वहां तक कैसे पहुंची। सऊदी अरब में रह रहे नियाज अहमद के घर के भीतर आमिर कैसे दाखिल हुआ और क्यों मासूम बच्चों की जान ली? गासिया खातून कैसे नाले के पास तक गई थी? यह सवाल फिलहाल हर किसी के दिलो-दिमाग में खटक रहा है।
एसपी प्राची सिंह के मुताबिक इस खूनी घटना की पुलिस टीमें गहनता से छानबीन कर रही है घटना मे कितने लोग सामिल थे पता लगाया जा रहा है।
