सोमवार, 13 अप्रैल 2026

गौतम बुद्ध नगर में औद्योगिक असामंजस्य सुलझाने को बनी हाई-लेवल कमेटी, श्रमिकों से संवाद तेज!!

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 गौतम बुद्ध नगर में औद्योगिक असामंजस्य सुलझाने को बनी हाई-लेवल कमेटी, श्रमिकों से संवाद तेज!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 13 अप्रैल 2026, जनपद गौतम बुद्ध नगर में हाल ही में उत्पन्न औद्योगिक असामंजस्य को गंभीरता से लेते हुए प्रदेश सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। मा0 मुख्यमंत्री के निर्देश पर औद्योगिक सौहार्द बहाल करने और श्रमिकों के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने के उद्देश्य से एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया गया है, जो अब सक्रिय रूप से काम कर रही है।

इसी क्रम में ग्रेटर नोएडा औद्योगिक विकास प्राधिकरण के सभागार में समिति की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता औद्योगिक विकास आयुक्त, उत्तर प्रदेश ने की, जिसमें अपर मुख्य सचिव (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विभाग), प्रमुख सचिव (श्रम एवं सेवायोजन), श्रम आयुक्त उत्तर प्रदेश (कानपुर), मंडलायुक्त मेरठ, जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर सहित प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक के दौरान श्रमिक प्रतिनिधियों और विभिन्न कंपनियों से जुड़े पक्षों के साथ विस्तार से संवाद किया गया। समिति ने श्रमिकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और हर मुद्दे पर विस्तृत चर्चा की। श्रमिकों ने अपने सामने आ रही प्रमुख समस्याओं में वेतन वृद्धि, साप्ताहिक अवकाश, ओवरटाइम का दोगुना भुगतान, श्रमिक हितों की सुरक्षा और सम्मानजनक कार्य वातावरण जैसी मांगों को प्रमुखता से उठाया।

समिति ने श्रमिकों को भरोसा दिलाया कि उनके हितों की रक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता पर की जाएगी और प्रदेश की सभी औद्योगिक इकाइयों में श्रम कानूनों का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित कराया जाएगा। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर श्रमिकों के अधिकारों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

इसके साथ ही समिति ने सभी श्रमिकों से अपील की है कि वे शांति और संयम बनाए रखें तथा अपने-अपने कार्यस्थलों पर लौटकर कार्य करें। किसी भी प्रकार की अफवाहों या भ्रामक सूचनाओं से दूर रहने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर ही विश्वास करने का आग्रह किया गया है।

प्रशासन का मानना है कि इस पहल से जिले में औद्योगिक वातावरण में स्थिरता, विश्वास और सौहार्द को मजबूती मिलेगी, जिससे उत्पादन और रोजगार दोनों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा। समिति द्वारा आगे भी विभिन्न चरणों में बैठकों का सिलसिला जारी रहेगा, ताकि हर पक्ष की बात सुनकर स्थायी समाधान निकाला जा सके।।