गौतमबुद्धनगर: बैसाखी उत्सव के रंग में रंगा नोएडा: फर्स्टवन रिहैब फाउंडेशन ने बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने का दिया सशक्त संदेश!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
दो टूक//नोएडा। बैसाखी के पावन अवसर पर नोएडा स्थित फर्स्टवन रिहैब फाउंडेशन में आयोजित विशेष कार्यक्रम ने उत्साह, सांस्कृतिक समृद्धि और सामाजिक समावेशन का अनूठा उदाहरण पेश किया। इस आयोजन के माध्यम से संस्था ने न केवल बच्चों के चेहरे पर मुस्कान बिखेरी, बल्कि उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने का एक सशक्त संदेश भी दिया।
कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने रंगारंग नृत्य प्रस्तुतियां दीं और सांस्कृतिक गतिविधियों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। साथ ही, स्वादिष्ट व्यंजनों का वितरण कर बैसाखी उत्सव को पारंपरिक अंदाज में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। पूरे परिसर में उत्सव का माहौल देखने लायक था, जहां हर कोई खुशी और अपनत्व के रंग में रंगा नजर आया।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में अमेरिका की आईपी प्रोफेशनल सुश्री अमरजीत कौर ने शिरकत की। उन्होंने बैसाखी के सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह पर्व प्रकृति, समृद्धि और नई शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि विदेश में जन्म और परवरिश के बावजूद अपनी जड़ों से जुड़े रहना जीवन में संतुलन बनाए रखने के लिए अत्यंत आवश्यक है। ऐसे आयोजन व्यक्ति को अपनी संस्कृति से जोड़ते हैं और जीवन में विनम्रता का भाव विकसित करते हैं।
फर्स्टवन रिहैब फाउंडेशन द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम विशेष रूप से बच्चों के लिए प्रेरणादायक रहा। संस्था का मुख्य उद्देश्य बच्चों को सामाजिक, सांस्कृतिक और भावनात्मक रूप से सशक्त बनाते हुए उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है। इस दिशा में इस तरह के आयोजन महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम में फाउंडेशन के निदेशक डॉ. महिपाल सिंह एवं डॉ. दीक्षा श्रीवास्तव, मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. सुष्मिता भाटी, एडमिन हेड कृष्णा यादव, सेंटर मैनेजर सुरभि जैन, डिजिटल मीडिया मैनेजर सौम्या सोनी, विशेष शिक्षिका इलिका रावत, फिजियोथेरेपिस्ट अभिनव प्रताप सिंह, नैतिक ओझा एवं रजत शर्मा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
इस सफल आयोजन ने न केवल बच्चों के भीतर आत्मविश्वास और खुशी का संचार किया, बल्कि समाज में समावेशिता, संवेदनशीलता और सांस्कृतिक जुड़ाव की भावना को भी और मजबूत किया।
