बुधवार, 15 अप्रैल 2026

गौतमबुद्धनगर: नोएडा में धूमधाम से मनाया गया बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर का 135वां जन्मोत्सव, समाजिक समरसता और शिक्षा पर दिया गया जोर!!

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गौतमबुद्धनगर: नोएडा में धूमधाम से मनाया गया बाबा साहेब डॉ. भीमराव अम्बेडकर का 135वां जन्मोत्सव, समाजिक समरसता और शिक्षा पर दिया गया जोर!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

नोएडा, सेक्टर-82:
दो टूक//नोएडा के केन्द्रीय विहार-2 सोसाइटी में भारत रत्न डॉ. भीमराव अम्बेडकर का 135वां जन्मोत्सव बड़े ही श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में समाज के गणमान्य लोग, स्थानीय निवासी एवं सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि श्री शंकर मोतीराम हड़ोले द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ किया गया। इस अवसर पर मंच का संचालन श्री मनीष वर्मा ने प्रभावी ढंग से किया, जबकि कार्यक्रम का नेतृत्व श्री रविन्द्र कुमार के निर्देशन में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

मुख्य वक्ता के रूप में श्री कृष्ण मुरारी राय ने बाबा साहेब के जीवन, उनके संघर्षों और भारतीय संविधान के निर्माण में उनके योगदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि डॉ. अम्बेडकर का जीवन आज भी समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत है और उनके विचारों को अपनाकर ही एक समतामूलक समाज की स्थापना संभव है।

कार्यक्रम में श्री नीरज कुमार जायसवाल, श्रीमती कृष्णा त्यागी, रमेश शर्मा, श्री दिनेश गुप्ता, श्री के.बी. बख्शी, श्री ओम प्रकाश चौधरी, श्री रजनीश कपूर, श्री पीयूष यादव, श्री रविन्द्र कसाना और श्री लखमीर सिंह सोम सहित अनेक गणमान्य अतिथियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और कार्यक्रम की सराहना की।

इस अवसर पर विश्व हिंदू महासंग के जिला अध्यक्ष विपिन चौधरी का विशेष योगदान उल्लेखनीय रहा। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि बाबा साहेब का जीवन सामाजिक न्याय, समानता और शिक्षा के अधिकार की मजबूत नींव है। विपिन चौधरी ने समाज के युवाओं से अपील की कि वे शिक्षा को अपना सबसे बड़ा हथियार बनाएं और देश के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाएं।

वहीं, विश्व हिंदू महासंघ के जिला सचिव श्री रविन्द्र कसाना ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने आयोजन की व्यवस्थाओं को सुव्यवस्थित रूप से संचालित करते हुए सभी अतिथियों का स्वागत किया। अपने वक्तव्य में उन्होंने कहा कि बाबा साहेब के आदर्श आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, जितने स्वतंत्रता के समय थे, और हमें उनके बताए मार्ग पर चलकर समाज में भाईचारा और एकता को मजबूत करना चाहिए।

कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने बाबा साहेब के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया। पूरा वातावरण जय भीम के नारों और सामाजिक एकता के संदेशों से गूंज उठा।।