सोमवार, 30 मार्च 2026

गौतमबुद्धनगर: शिव-पार्वती विवाह प्रसंग से गूंजा नोएडा, भक्ति में सराबोर हुए श्रद्धालु!!

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गौतमबुद्धनगर: शिव-पार्वती विवाह प्रसंग से गूंजा नोएडा, भक्ति में सराबोर हुए श्रद्धालु!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

दो टूक// नोएडा के सेक्टर-82 स्थित पॉकेट-7 के सेंट्रल पार्क में आयोजित श्रीराम कथा के दूसरे दिन पूरा वातावरण शिवभक्ति में डूबा नजर आया। कथा स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और भगवान शिव व माता पार्वती के दिव्य विवाह प्रसंग का रसपान कर भाव-विभोर हो उठे।

कथा व्यास अनंत श्री विभूषित महामंडलेश्वर स्वामी पंचमानंद महाराज ने अपने ओजस्वी वाणी से शिव-पार्वती विवाह का अत्यंत भावपूर्ण और रोचक वर्णन किया। उन्होंने बताया कि हिमालयराज की पुत्री पार्वती बचपन से ही भगवान शिव को अपने पति के रूप में पाने का संकल्प लेती हैं और समय के साथ उनका यह प्रण और भी अटूट हो जाता है।

स्वामी जी ने कहा कि देवताओं के प्रयासों के बावजूद भगवान शिव प्रारंभ में विवाह के लिए तैयार नहीं होते, लेकिन माता पार्वती की कठोर तपस्या, समर्पण और अटूट भक्ति से प्रसन्न होकर अंततः वे विवाह के लिए सहमत हो जाते हैं। कथा में उस अद्भुत दृश्य का वर्णन किया गया जब भगवान शिव भस्म रमाए, भूत-प्रेतों और अपने गणों के साथ बारात लेकर हिमालयराज के द्वार पहुंचते हैं।

इस अनोखी बारात को देखकर माता मैना भयभीत हो जाती हैं और विवाह से इंकार कर देती हैं। हालांकि देवताओं और ऋषियों के समझाने पर उन्हें भगवान शिव की महिमा का ज्ञान होता है, जिसके बाद यह दिव्य विवाह संपन्न होता है। इस दौरान देवताओं द्वारा पुष्पवर्षा का मनोहारी वर्णन सुनकर श्रद्धालु भक्ति में लीन हो गए।

स्वामी पंचमानंद महाराज ने अपने प्रवचन में कहा कि भगवान शिव अत्यंत भोले हैं और उन पर विल्वपत्र अर्पित करने से वे शीघ्र प्रसन्न होकर भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से सच्चे मन और श्रद्धा के साथ शिव आराधना करने का आह्वान किया।

श्रीराम कथा आयोजन समिति के मीडिया प्रभारी देवमणि शुक्ल ने बताया कि कथा का आयोजन प्रतिदिन शाम 4 बजे से रात 9 बजे तक किया जा रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि 31 मार्च को नारद मोह की कथा के साथ भगवान श्रीराम का जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया जाएगा, जिसकी तैयारियां जोरों पर हैं।

कथा के दौरान क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिकों और श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने आयोजन को और भव्य बना दिया। पूरे कार्यक्रम में भक्ति, आस्था और आध्यात्मिक ऊर्जा का अद्भुत संगम देखने को मिला।।