गोण्डा- थाना एएचटी (एण्टी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट) की संयुक्त टीम द्वारा थाना परसपुर क्षेत्रांतर्गत पसका मेला में आये हुए श्रद्धालुओ जिनमें बालक बालिका, महिला एवं बडे उम्र के लोग उपस्थित थे जिनको जागरूक करते हुए सलकार की नीतियों के बिषय में जानकारी दी गयी। महिलाओं को महिला संबंधी अपराधों के बारे में अवगत कराया गया, मिशन शक्ति अभियान फेज-5, बाल श्रम उन्मूलन, मानव तस्करी व नशा मुक्ति बाल विवाह निषेध के संबंध में लोगों को जागरूक किया गया। इस दौरान छात्र छात्राओं को बाल विवाह के सामाजिक, शारीरिक, मानसिक एवं शैक्षणिक दुष्परिणामों के विषय में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई तथा यह बताया गया कि बाल विवाह न केवल एक सामाजिक कुरीति है, बल्कि कानूनन दण्डनीय अपराध भी है। बाल विवाह से बालिकाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा एवं भविष्य पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभावों के बारे में विस्तार से प्रकाश डाला गया।
साथ ही बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, बाल संरक्षण से संबंधित कानूनों, सरकारी योजनाओं एवं हेल्पलाइन सेवाओं की जानकारी प्रदान की गई। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों द्वारा छात्र-छात्राओं को यह भी अवगत कराया गया कि यदि कहीं भी बाल विवाह की तैयारी अथवा घटना की जानकारी प्राप्त होती है, तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस, चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, महिला हेल्पलाइन 181 अथवा संबंधित विभागों को देकर समाज से इस कुप्रथा को ख़त्म करने में सक्रिय भूमिका निभाई जा सकती है। बच्चों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने एवं किसी भी प्रकार के शोषण, उत्पीड़न अथवा अवैधानिक गतिविधि के विरुद्ध निर्भीक होकर आवाज उठाने हेतु प्रेरित किया गया।
