गौतमबुद्धनगर: नोएडा में शराब ठेकों की ओवररेटिंग पर योगी सरकार का बड़ा एक्शन!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
जिला आबकारी अधिकारी निलंबित, भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस का सख्त संदेश
दो टूक:: नोएडा। उत्तर प्रदेश सरकार ने मदिरा दुकानों पर ओवररेटिंग के मामलों को गंभीरता से लेते हुए गौतमबुद्ध नगर के जिला आबकारी अधिकारी सुबोध कुमार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। योगी सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। साथ ही उनके विरुद्ध विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए गए हैं।
आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल के निर्देश पर कार्रवाई
आम जनता के हितों से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा
प्रदेश के आबकारी राज्यमंत्री नितिन अग्रवाल के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि योगी सरकार में मदिरा बिक्री में अनियमितता, ओवररेटिंग और भ्रष्टाचार के लिए कोई स्थान नहीं है। आमजन के हितों से समझौता करने वाले अधिकारियों और कर्मियों के खिलाफ कठोर कदम उठाए जाएंगे।
लगातार मिल रही थीं ओवररेटिंग की शिकायतें
तय सरकारी दर से अधिक वसूली का मामला उजागर
गौतमबुद्ध नगर जनपद में शराब ठेकों पर निर्धारित सरकारी दर से अधिक मूल्य वसूले जाने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर तत्कालीन उप आबकारी आयुक्त, मेरठ प्रभार राकेश कुमार सिंह द्वारा व्यापक जांच एवं निरीक्षण कराया गया।
जांच में हुई गंभीर अनियमितताओं की पुष्टि
25 दुकानों पर नियमों के उल्लंघन का खुलासा
जांच के दौरान 23 दिसंबर 2024 को 9 दुकानों और 20 जनवरी 2025 को 16 दुकानों पर ओवररेटिंग की पुष्टि हुई। जांच रिपोर्ट में स्पष्ट हुआ कि ठेकों पर शराब की बिक्री तय सरकारी दरों पर नहीं की जा रही थी और ग्राहकों से नियमों के विरुद्ध अधिक राशि वसूली जा रही थी।
प्रशासनिक लापरवाही भी आई सामने
शिकायतों के बावजूद नहीं हुई प्रभावी कार्रवाई
रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि जिला आबकारी अधिकारी रहते हुए सुबोध कुमार द्वारा इन शिकायतों पर समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई, जिसे गंभीर प्रशासनिक लापरवाही माना गया। शासन स्तर पर दोषी पाए जाने के बाद उन्हें तत्काल निलंबित कर दिया गया।
भविष्य में और सख्त कार्रवाई के संकेत
पारदर्शी और अनुशासित व्यवस्था का दावा
आबकारी मंत्री नितिन अग्रवाल ने कहा कि आगे भी ओवररेटिंग या भ्रष्टाचार की किसी भी शिकायत पर तत्काल जांच कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि प्रदेश में मदिरा बिक्री की व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी और अनुशासित बनाया जा सके।।
