रविवार, 18 जनवरी 2026

गौतमबुद्धनगर: नोएडा में अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन बेटिंग रैकेट का भंडाफोड़, 1XBET का अवैध कॉल सेंटर संचालक गिरफ्तार!!

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गौतमबुद्धनगर: नोएडा में अंतरराष्ट्रीय ऑनलाइन बेटिंग रैकेट का भंडाफोड़, 1XBET का अवैध कॉल सेंटर संचालक गिरफ्तार!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

दो टूक:: नोएडा। थाना फेस-1 पुलिस ने केंद्रीय गृह मंत्रालय से प्राप्त गोपनीय इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए ऑनलाइन बेटिंग ऐप 1XBET के जरिए ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय साइबर अपराधी को गिरफ्तार किया है। आरोपी सेक्टर-1 नोएडा स्थित एक निजी कंपनी के कार्यालय से अवैध कॉल सेंटर संचालित कर भारत में प्रतिबंधित ऑनलाइन बैटिंग ऐप के माध्यम से लोगों को जुए में पैसे लगाने के लिए प्रेरित कर रहा था।

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान अनूप श्रेष्ठ पुत्र टंक बहादुर श्रेष्ठ (उम्र 31 वर्ष) के रूप में हुई है। आरोपी के कब्जे से 01 सर्वर, 04 कंप्यूटर सीपीयू, 03 राउटर, 10 पीएनटी फोन, अंग्रेजी/रशियन भाषा का की-बोर्ड तथा 01 सैमसंग मोबाइल फोन बरामद किया गया है। यह सभी उपकरण ऑनलाइन बैटिंग और ठगी की गतिविधियों में प्रयुक्त किए जा रहे थे।

i4C इनपुट से हुआ खुलासा

1XBET ऑनलाइन बेटिंग से जुड़ा एक मामला जम्मू-कश्मीर के श्रीनगर साइबर थाने में दर्ज हुआ था, जिसकी जानकारी i4C के माध्यम से नोएडा पुलिस को मिली। टेक्नो-लीगल सहायता से जांच करते हुए पुलिस ने सेक्टर-1 नोएडा में चल रहे इस अवैध कॉल सेंटर को ट्रेस किया और मौके से अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया।

ऐसे होता था ठगी का खेल

जांच में सामने आया कि अभियुक्त और उसके सहयोगी भारतीय नागरिकों को प्रतिबंधित ऑनलाइन बेटिंग ऐप के जरिए जुआ खेलने के लिए प्रेरित करते थे। कॉल सेंटर से टेक सपोर्ट के नाम पर ग्राहकों को गुमराह कर उनके खातों से पैसे डिपॉजिट और विड्रॉल कराए जाते थे। यह धन कंपनी की वेबसाइट पर दर्शाए गए म्यूल अकाउंट्स में जमा कराया जाता और बाद में मनी लॉन्ड्रिंग के जरिए घुमाकर अपने खातों में ट्रांसफर कर लिया जाता था, जिससे भारत सरकार के राजस्व को भारी नुकसान पहुंच रहा था।

बरामद सर्वर और कंप्यूटरों में ठगी से संबंधित महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिले हैं। पुलिस के अनुसार 1XBET कोई वैरिफाइड ऐप नहीं है, बल्कि थर्ड पार्टी APK फाइल के जरिए डाउनलोड कर उपयोग में लाई जाती है। इसके खिलाफ देश के विभिन्न राज्यों में पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं।

विदेश तक फैला नेटवर्क

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह मई 2022 में नेपाल से दिल्ली आया और बाद में मास्को (रूस) चला गया, जहां उसने 1XBET ऑनलाइन बेटिंग कंपनी में करीब ढाई वर्ष तक काम किया। नवंबर 2022 से वह रूस में सक्रिय रहा। जून 2025 में उसे भारत भेजा गया, जहां दिल्ली-एनसीआर में कंपनी के लिए टेक सपोर्ट के नाम पर अवैध गतिविधियां संचालित की जा रही थीं।

पुलिस कर रही करोड़ों की ठगी की जांच

पुलिस अब अभियुक्त और कंपनी के अन्य मालिकों से जुड़े बैंक खातों की गहन जांच कर रही है। प्रारंभिक जांच में करोड़ों रुपये की ठगी की आशंका जताई जा रही है। मामले में मु0अ0सं0 25/2026 के तहत बीएनएस, सार्वजनिक जुआ अधिनियम और आईटी एक्ट की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।

नोएडा पुलिस का कहना है कि साइबर अपराध और ऑनलाइन बेटिंग के खिलाफ आगे भी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।।