गुरुवार, 5 नवंबर 2026

गौतमबुद्धनगर: जनगणना-2027 की तैयारियों में जुटा जिला प्रशासन, 16 नवंबर से शुरू होगी स्व-गणना की प्रक्रिया!!

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गौतमबुद्धनगर: जनगणना-2027 की तैयारियों में जुटा जिला प्रशासन, 16 नवंबर से शुरू होगी स्व-गणना की प्रक्रिया!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

डीएम मेधा रूपम ने अधिकारियों को दिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने के निर्देश, 30 नवंबर तक नागरिक पोर्टल के जरिए खुद दर्ज कर सकेंगे परिवार की जानकारी

बाल दिवस पर स्कूल-कॉलेजों में होंगी प्रतियोगिताएं, वार्डों और गांवों में स्थापित किए जाएंगे जनगणना सहायता बूथ

दो टूक//ग्रेटर नोएडा, 5 नवंबर। जनगणना-2027 को लेकर गौतमबुद्धनगर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जनगणना के पहले चरण में आम नागरिकों की भागीदारी बढ़ाने और स्व-गणना अभियान को सफल बनाने के लिए जिलाधिकारी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में संबंधित अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनगणना जैसे महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य में कोई भी परिवार अथवा व्यक्ति छूटने न पाए। इसके लिए शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार के साथ जनजागरूकता अभियान चलाया जाए।

जिलाधिकारी ने बताया कि जनगणना-2027 के अंतर्गत 16 नवंबर से 30 नवंबर 2026 तक स्व-गणना की सुविधा उपलब्ध रहेगी। इस दौरान नागरिक आधिकारिक पोर्टल se.census.gov.in पर जाकर स्वयं अपने परिवार की जनगणना संबंधी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस सुविधा की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाई जाए, ताकि आमजन आसानी से स्व-गणना प्रक्रिया में भाग ले सकें।

बाल दिवस पर विशेष जागरूकता अभियान

जिलाधिकारी ने 14 नवंबर को बाल दिवस के अवसर पर जिले के सभी विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में जनगणना-2027 को लेकर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। इसके तहत निबंध लेखन, संवाद, पोस्टर मेकिंग और चित्रकला प्रतियोगिताएं कराई जाएंगी। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत कर जनगणना के प्रति जागरूकता बढ़ाई जाएगी। इसके अलावा जनसभाओं, रैलियों, नुक्कड़ नाटकों और अन्य सामुदायिक गतिविधियों के माध्यम से भी लोगों को स्व-गणना के लिए प्रेरित किया जाएगा।

RWA के सहयोग से लगेंगे सहायता बूथ

डीएम ने निर्देश दिए कि प्रत्येक वार्ड, राजस्व ग्राम और सोसाइटी स्तर पर RWA के सहयोग से 16 नवंबर से पहले जनगणना सहायता बूथ अथवा हेल्प डेस्क स्थापित किए जाएं। इन बूथों पर प्रगणक एवं पर्यवेक्षक मौजूद रहकर नागरिकों को स्व-गणना की प्रक्रिया समझाने के साथ तकनीकी सहायता भी उपलब्ध कराएंगे। नागरिकों को स्व-गणना पूरी करने के बाद प्राप्त SE-ID को सुरक्षित रखने और उसकी स्लिप अपने मुख्य द्वार पर लगाने के लिए भी जागरूक किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि स्व-गणना पूरी होने के बाद प्रत्येक परिवार को मिलने वाली SE-ID बेहद महत्वपूर्ण होगी। जब जनगणना के दौरान प्रगणक संबंधित घर पहुंचेगा तो परिवार को यह आईडी उपलब्ध करानी होगी, ताकि प्रगणक अपने रिकॉर्ड में उसका विवरण दर्ज कर जनगणना प्रक्रिया पूरी कर सके। यदि परिवार SE-ID उपलब्ध नहीं करा पाता है तो प्रगणक को दोबारा जानकारी दर्ज करनी पड़ सकती है। इसलिए इस संबंध में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।

छात्रावासों, वृद्धाश्रमों और आश्रमों पर विशेष ध्यान

जिलाधिकारी ने संस्थागत छात्रावासों, वृद्धाश्रमों और अनाथालयों को स्व-गणना की अवधि से पहले चिह्नित कर उनके प्रबंधन से समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए। इन संस्थानों में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति की गणना सुनिश्चित करने के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। इसके साथ ही LGBTQ+ समुदाय, विदेशी छात्र-छात्राओं तथा मंदिरों, धर्मशालाओं और आश्रमों में नियमित रूप से निवास करने वाले लोगों की अलग सूची तैयार कर उनका शत-प्रतिशत कवरेज सुनिश्चित करने को कहा गया।

उन्होंने क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और समाज के प्रतिष्ठित व्यक्तियों को भी अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए। स्व-गणना के पहले दिन 16 नवंबर को प्रमुख लोगों के साथ SE-ID प्रदर्शित करते हुए फोटो खिंचवाकर आमजन को इस प्रक्रिया में भाग लेने के लिए प्रेरित किया जाएगा।

मेट्रो स्टेशन, मॉल और बाजारों में होगा प्रचार

जनगणना अभियान को जन-जन तक पहुंचाने के लिए जिलाधिकारी ने व्यापक प्रचार रणनीति तैयार करने के निर्देश दिए। इसके तहत CHC, PHC, विद्यालयों, महाविद्यालयों और प्रमुख संस्थानों में बैनर एवं स्टीकर लगाए जाएंगे। प्रमुख चौराहों, मेट्रो और बस स्टेशनों, पूजा स्थलों, मॉल तथा सिनेमा घरों की डिजिटल स्क्रीन पर जनगणना संबंधी संदेश प्रदर्शित किए जाएंगे।

शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों के भीड़भाड़ वाले स्थानों पर आकर्षक सेल्फी पॉइंट स्थापित किए जाएंगे। नगर निकायों की घर-घर कूड़ा संग्रहण करने वाली गाड़ियों के माध्यम से जागरूकता जिंगल और ऑडियो संदेश प्रसारित कराए जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत बैठकों के दौरान लोगों को स्व-गणना की प्रक्रिया समझाने और इसमें भागीदारी के लिए प्रेरित करने के निर्देश भी दिए गए।

इसके अतिरिक्त स्थानीय व्यापार मंडलों के साथ बैठक कर बाजारों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में प्रचार कराया जाएगा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, स्थानीय समाचार नेटवर्क और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स के सहयोग से डिजिटल जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनगणना को लेकर किसी भी प्रकार की भ्रामक अथवा झूठी जानकारी सामने आने पर तत्काल उसका खंडन करते हुए सही तथ्य आमजन तक पहुंचाए जाएं।

थीम आधारित कार्यक्रमों की बनेगी कार्ययोजना

डीएम ने स्व-गणना के लिए निर्धारित थीमैटिक डे प्लान के अनुसार प्रत्येक दिवस की विस्तृत कार्ययोजना तैयार करने और उसका प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करने को कहा। सभी चार्ज अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने तथा नागरिकों को हर संभव सहयोग उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि जनसहभागिता से जुड़े प्रत्येक सरकारी कार्यक्रम में जनगणना-2027 और स्व-गणना का संदेश प्रमुखता से प्रसारित किया जाए।

जिलाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि जनगणना के प्रचार-प्रसार में इस्तेमाल होने वाली समस्त सामग्री पूरी तरह गैर-राजनीतिक होगी। इसमें केवल स्वीकृत लोगो, मैस्कट 'विकास-प्रगति' और हेल्पलाइन नंबर 1855 का ही उपयोग किया जाएगा।

अधिकारियों को नियमित समीक्षा के निर्देश

जिलाधिकारी ने सभी चार्ज अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनगणना से जुड़ी गतिविधियों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल प्रभाव से लागू कराएं। जनगणना निदेशालय और संबंधित कार्यालयों की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए अभियान की नियमित समीक्षा की जाए तथा प्रगति रिपोर्ट समय-समय पर उपलब्ध कराई जाए।

उन्होंने कहा कि जनगणना-2027 केवल प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय दायित्व है। इसकी सफलता प्रत्येक नागरिक की सक्रिय भागीदारी पर निर्भर करती है। इसलिए सभी विभाग, संस्थाएं, जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठन आपसी समन्वय के साथ इस अभियान को सफल बनाने में अपनी भूमिका निभाएं।

बैठक में अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व एवं जिला जनगणना अधिकारी अजीत कुमार सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक चंद्रशेखर, नोएडा, ग्रेटर नोएडा एवं यीडा प्राधिकरण के अधिकारी, विभिन्न तहसीलों के चार्ज अधिकारी तथा जनगणना कार्य निदेशालय उत्तर प्रदेश, लखनऊ से उप निदेशक अभिमन्यु सिंह, जिला प्रभारी जनगणना प्रदीप कुमार और उत्कर्ष पाण्डेय सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।