मुजफ्फरनगर में रातभर गूंजा किसानों का हुंकार, रात्रि महापंचायत में भाकियू ने दिखाई संगठन की ताकत; अशोक भाटी बोले- संघर्ष से रचेगा नया इतिहास!!
दो टूक//मुजफ्फरनगर, 17 सितंबर 2026। मुजफ्फरनगर के राजकीय इंटर कॉलेज (जीआईसी) मैदान में भारतीय किसान यूनियन की ओर से आयोजित विशाल रात्रि किसान महापंचायत में किसानों की आवाज देर रात तक बुलंद रही। महापंचायत में बड़ी संख्या में किसान और मातृशक्ति जुटी और किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को प्रमुखता से उठाया गया। देर रात तक चली महापंचायत को भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने संबोधित किया।
चौधरी राकेश टिकैत ने अमेरिका के साथ प्रस्तावित ट्रेड डील का विरोध करते हुए कहा कि किसानों के हितों पर असर डालने वाली नीतियों के खिलाफ आंदोलन के जरिए आवाज उठानी होगी। उन्होंने कहा कि यदि यह डील लागू होती है तो देश के किसानों पर इसका प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने किसानों की जमीन और खेती के भविष्य को लेकर चिंता जताते हुए कहा, “जमीन बचेगी, तभी किसान बचेगा और तभी देश बचेगा।”
राकेश टिकैत ने युवाओं को नशे और गलत आदतों से दूर रहने का संदेश भी दिया। उन्होंने कहा कि देश के भविष्य युवाओं को शराब, गुटखा, नशे और अन्य बुरी आदतों का विरोध करना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने सरकार से गन्ने के लाभकारी मूल्य में बढ़ोतरी करने की मांग भी उठाई।
किसानों की मांगों को लेकर प्रशासन को सौंपा ज्ञापन
महापंचायत के दौरान भाकियू मुजफ्फरनगर जिलाध्यक्ष नवीन राठी ने किसानों की विभिन्न मांगों से संबंधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) देश दीपक सिंह और एसपी सिटी अमृत जैन को सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को प्रशासन के समक्ष रखा गया।
महापंचायत की खास बात यह रही कि आधी रात के बाद भी बड़ी संख्या में किसान और मातृशक्ति मैदान में मजबूती से डटे रहे। किसानों की मौजूदगी ने महापंचायत को देर रात तक प्रभावी बनाए रखा।
अशोक भाटी बोले- दिन हो या रात, किसानों के हक की लड़ाई जारी रहेगी
गौतम बुद्ध नगर के जिलाध्यक्ष अशोक भाटी ने रात्रि किसान महापंचायत को किसानों की एकजुटता और संगठन की मजबूती का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा, “दिन हो या रात, संघर्ष के साथ भाकियू नया इतिहास रचेगी।”
अशोक भाटी ने कहा कि मुजफ्फरनगर की धरती पर आयोजित इस रात्रि महापंचायत ने यह संदेश दिया है कि किसान अपने अधिकारों और हकों की लड़ाई के लिए हर परिस्थिति में तैयार है। उन्होंने कहा कि भारतीय किसान यूनियन ने रात्रि महापंचायत के माध्यम से अपनी संगठनात्मक ताकत का एहसास कराया है। किसान केवल दिन में ही नहीं, बल्कि रात में भी अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करना जानता है।
उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं को लेकर भाकियू लगातार सक्रिय है और संगठन किसानों की आवाज को मजबूती से उठाने का काम कर रहा है। अशोक भाटी ने महापंचायत में किसानों और मातृशक्ति की बड़ी भागीदारी को संगठन की एकजुटता और किसानों के मुद्दों के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण बताया।
भाकियू के राष्ट्रीय और प्रदेश स्तर के पदाधिकारी रहे मौजूद
महापंचायत में भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत, उत्तर प्रदेश अध्यक्ष पंडित राजपाल शर्मा, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष मेनपाल सिंह चौहान, युवा प्रदेश अध्यक्ष अनुज सिंह, गाजियाबाद जिलाध्यक्ष विजेंद्र सिंह, मेरठ जिलाध्यक्ष अनुराग चौधरी, राष्ट्रीय सचिव ओमपाल मलिक, धीरज लाठियान, कपिल खटियान, दानवीर सिंह, शांता प्रधान, अतुल त्रिपाठी, बलराम सिंह, सचिन अवाना, विपिन तंवर, सिंहराज गुर्जर और सुंदर गुर्जर सहित संगठन के राष्ट्रीय, प्रदेश, मंडल और जिला स्तर के पदाधिकारी मौजूद रहे।
महापंचायत में बड़ी संख्या में किसान और मातृशक्ति शामिल हुई। आधी रात के बाद तक किसानों की मौजूदगी और संगठन के नारों से जीआईसी मैदान गूंजता रहा। रात्रि महापंचायत के जरिए भाकियू ने किसानों से जुड़े मुद्दों को लेकर अपनी एकजुटता और संगठनात्मक सक्रियता का संदेश दिया।।
