लखनऊ :
ग्रीन गैस कनेक्शन बंद कराने का झांसा, तीन बैंक खातों से उड़ाए 1.41 लाख।
दो टूक : राजधानी में साइबर ठगों ने ग्रीन गैस कनेक्शन बंद कराने का झांसा देकर एक व्यक्ति के तीन बैंक खातों से 1.41 लाख रुपये पार कर दिए। ठगों ने खुद को ग्रीन गैस कार्यालय का कर्मचारी बताकर पहले कनेक्शन बंद कराने की बात कही और फिर मोबाइल पर एप डाउनलोड कराने के बाद महज 10 रुपये शुल्क जमा करने को कहा। इसके बाद पीड़ित के बैंक खातों से हजारों रुपये निकलते रहे।
विस्तार :
मिली जानकारी के अनुसार थाना
सरोजनीनगर क्षेत्र निवासी संजय कुमार पुत्र शिववल पोद्दार के मकान पर ग्रीन गैस का कनेक्शन है। पीड़ित के मुताबिक 17 अगस्त 2026 को दोपहर करीब 1:39 बजे उसके मोबाइल पर एक अज्ञात नंबर से फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को ग्रीन गैस कार्यालय का कर्मचारी बताते हुए कहा कि उनका गैस कनेक्शन तीन साल से इस्तेमाल नहीं हो रहा है और पूछा कि कनेक्शन रखना है या बंद कराना है।
पीड़ित ने कनेक्शन बंद कराने की बात कही तो ठग ने एक एप डाउनलोड करने को कहा। इसके बाद दूसरे नंबर से वीडियो कॉल कर एप डाउनलोड कराया और कनेक्शन बंद कराने के नाम पर 10 रुपये शुल्क जमा करने को कहा। पीड़ित ने बताए गए नंबर पर 10 रुपये भेज दिए।
कुछ देर बाद ठग ने एसबीआई का सर्वर डाउन होने का बहाना बनाकर दूसरे बैंक खाते से भी 10 रुपये भेजने को कहा। पीड़ित ने अपनी पत्नी के बैंक ऑफ महाराष्ट्र खाते से भी 10 रुपये भेज दिए। इसके बाद मोबाइल की स्क्रीन काली होकर हैंग होने लगी।
संदेह होने पर पीड़ित ने अपने बैंक खातों की जांच की तो उसके होश उड़ गए। एसबीआई खाते से 37 हजार रुपये और बैंक ऑफ महाराष्ट्र खाते से 44 हजार रुपये, यानी कुल 81 हजार रुपये निकाले जा चुके थे। पीड़ित ने तत्काल साइबर हेल्पलाइन 1930 पर सूचना देकर दोनों बैंक खाते बंद/होल्ड कराए।
लेकिन ठगी का सिलसिला यहीं नहीं रुका। 18 अगस्त की सुबह करीब 8:26 बजे पीड़ित के आईडीबीआई बैंक खाते से भी 60 हजार रुपये कट गए। पीड़ित के मुताबिक उसे इसकी जानकारी मैसेज के जरिए हुई। खाते में बचे करीब चार हजार रुपये उसने तत्काल अपने साथी के खाते में ट्रांसफर कर दिए।
पीड़ित ने बताया कि वह प्रयागराज में सीआरपीएफ में HC/WC पद पर कार्यरत है। एक दिन की छुट्टी लेकर उसने हजरतगंज साइबर क्राइम सेल में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसकी CCN-3010 संख्या है। इसके बाद सरोजनीनगर थाने में तहरीर देकर साइबर ठगी करने वाले आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले में एसबीआई से 37 हजार, बैंक ऑफ महाराष्ट्र से 44 हजार और आईडीबीआई से 60 हजार रुपये, कुल 1.41 लाख रुपये की साइबर ठगी सामने आई है।
