लखनऊ :
ब्रेनस्टेम ट्यूमर की जटिल सर्जरी से 16 वर्षीय मरीज को मिली नई जिंदगी।
●कल्याण सिंह कैंसर संस्थान के न्यूरोसर्जरी विभाग को मिली बड़ी सफलता।।
।। संवाददाता : डी. एस. शास्त्री ।।
दो टूक : राजधानी लखनऊ स्थित कल्याण सिंह कैंसर संस्थान के न्यूरोसर्जरी विभाग ने अत्यंत जटिल ब्रेनस्टेम ट्यूमर सर्जरी में सफलता हासिल कर 16 वर्षीय मरीज को नया जीवन दिया है। आठ घंटे तक चले इस हाई-रिस्क ऑपरेशन को आधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम ने सफलतापूर्वक पूरा किया। मरीज अब पूरी तरह स्वस्थ होकर अस्पताल से डिस्चार्ज हो चुका है।
विस्तार :
कल्याण सिंह कैंसर संस्थान के चीफ मेडिकल सुपरिंटेंडेंट एवं न्यूरोसर्जरी विभागाध्यक्ष प्रो. विजेंद्र कुमार ने बताया कि ब्रेनस्टेम मस्तिष्क का वह महत्वपूर्ण भाग है, जो पूरे शरीर की गतिविधियों को नियंत्रित करता है। इसी हिस्से से निकलने वाली अत्यंत महीन नसें शरीर के सभी अंगों को संचालित करती हैं। ब्रेनस्टेम में ट्यूमर होने पर हाथ-पैरों में कमजोरी, खाना निगलने में कठिनाई, आंखों का टेढ़ापन, चेहरे का तिरछापन जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। गंभीर स्थिति में मरीज कोमा में भी जा सकता है।
उन्होंने बताया कि प्रतापगढ़ के कुंडा क्षेत्र से आए 16 वर्षीय मरीज को कई अस्पतालों में ऑपरेशन के अत्यधिक जोखिम के कारण मना कर दिया गया था। इसके बाद मरीज ने कल्याण सिंह कैंसर संस्थान में संपर्क किया। परिजनों की सहमति के बाद विशेषज्ञ टीम ने ऑपरेशन का निर्णय लिया।
आठ घंटे तक चले इस जटिल ऑपरेशन में लगभग 3 करोड़ रुपये कीमत वाले अत्याधुनिक न्यूरोनेविगेशन सिस्टम का उपयोग किया गया, जिससे सर्जन को ट्यूमर तक सुरक्षित पहुंचने में मदद मिली। साथ ही 5 करोड़ रुपये कीमत के आधुनिक न्यूरोसर्जिकल ऑपरेटिंग माइक्रोस्कोप एवं नवीनतम नर्व मॉनिटरिंग सिस्टम की सहायता से मस्तिष्क की अत्यंत महीन नसों को सुरक्षित रखते हुए सफलतापूर्वक ट्यूमर निकाला गया।
इस ऑपरेशन को प्रो. विजेंद्र कुमार के नेतृत्व में डॉ. अमित कुमार उपाध्याय, डॉ. रवि रंजन और डॉ. संजीव की टीम ने सफलतापूर्वक अंजाम दिया। एनेस्थीसिया टीम में डॉ. रिचा राय सहित अन्य विशेषज्ञों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
संस्थान के निदेशक प्रो. मदन लाल भट्ट ने इस उपलब्धि पर पूरी टीम को बधाई देते हुए कहा कि संस्थान में उपलब्ध अत्याधुनिक तकनीक और विशेषज्ञ चिकित्सकों के कारण दिमाग के कैंसर से पीड़ित मरीजों का सफल उपचार संभव हो रहा है।
वहीं, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. वरुण विजय ने बताया कि ऑपरेशन के बाद मरीज पूरी तरह स्वस्थ है और उसे अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। यह सफलता प्रदेश में न्यूरोसर्जरी के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।
