लखनऊ :
पुलिस ने किया साइबर ठगी करने वाले गैंग का भण्डा फोड़पांच शातिरों को किया गिरफ्तार, मोबाइल छीनकर UPIऔर इन्टरनेट से खाते से रकम पार करते देते है।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के थाना महिंगवां पुलिस और साइबर क्राइम टीम की संयुक्त कार्रवाई करते हुए मोबाइल चोरी कर साइबर ठगी करने वाले अंतरजनपदीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए शुक्रवार को 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार पांचों सीतापुर के रहने वाले हैं।आरोपी भीड़भाड़ वाले बाजारों और सार्वजनिक स्थानों से लोगों की मोबाइल चोरी या झपटमारी कर इसके बाद वे चोरी हुए मोबाइल में लगे सिम का उपयोग कर बैंक खातों से जुड़े यूपीआई और इंटरनेट बैंकिंग को सक्रिय करते थे। फिर खातों से रकम दूसरे खातों में ट्रांसफर कर नकदी निकाल लेते थे और आपस में बांट लेते थे। पीड़ित के द्वारा मुकदमा दर्ज कराने पर बड़ी कार्रवाई की गई।
कब्जे से 11 अदद एंड्रॉयड मोबाइल फोन, 03 अदद की-पैड मोबाइल फोन, ₹8,358/- नकद बरामद।
घटना में प्रयुक्त 01 स्विफ्ट डिजायर कार एवं 01 स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद।
विस्तार :
पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट लखनऊ द्वारा चलाए जा रहे अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही अभियान के क्रम में पुलिस उपायुक्त उत्तरी, अपर पुलिस उपायुक्त उत्तरी एवं सहायक पुलिस आयुक्त बीकेटी के पर्यवेक्षण तथा थाना महिगवां पुलिस एवं साइबर क्राइम सेल हजरतगंज की संयुक्त टीम द्वारा थाना महिगवां पर पंजीकृत मु0अ0सं0 36/2026 धारा 309(4)/318(4)/238/111(2)(II)/3(5) बीएनएस एवं 66-डी आईटी एक्ट से संबंधित अभियोग का सफल अनावरण करते हुए 05 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया। अभियुक्तों के कब्जे से 11 अदद एंड्रॉयड मोबाइल फोन, 03 अदद की-पैड मोबाइल फोन, ₹8,358/- नकद, विभिन्न बैंक कार्ड, आधार एवं पैन कार्ड, 02 सिम कार्ड, घटना में प्रयुक्त एक स्विफ्ट डिजायर कार एवं एक स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की गई।
पूछताछ में शातिरों ने बताया कि वे संगठित गिरोह बनाकर भीड़भाड़ वाले बाजारों एवं सार्वजनिक स्थानों से मोबाइल फोन चोरी अथवा झपटमारी करते थे। चोरी किए गए मोबाइल फोन में लगे सिम कार्डों का उपयोग कर उनसे जुड़े बैंक खातों के यूपीआई वॉलेट, यूपीआई लाइट एवं इंटरनेट बैंकिंग को सक्रिय कर खातों से धनराशि विभिन्न खातों में स्थानांतरित कर नकद निकाल लेते थे तथा आपस में बांट लेते थे। पकड़े जाने के डर से मोबाइल फोन एवं सिम कार्ड नष्ट कर देते थे। पूछताछ में अभियुक्तों ने थाना महिगवां क्षेत्र में लगभग ₹3.91 लाख तथा थाना बीकेटी क्षेत्र में लगभग ₹4.28 लाख की साइबर ठगी करना स्वीकार किया। यह लोग भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों से मोबाइल फोन चोरी अथवा झपटमारी करते थे। चोरी किए गए मोबाइल फोन में लगे सिम कार्डों के माध्यम से संबंधित बैंक खातों के यूपीआई वॉलेट, यूपीआई लाइट एवं इंटरनेट बैंकिंग को सक्रिय कर खातों से धनराशि अन्य खातों में स्थानांतरित कर नकद निकालते थे। घटना में प्रयुक्त मोबाइल, सिम एवं अन्य साक्ष्यों को बाद में नष्ट कर देते थे ताकि पुलिस को कोई सुराग न मिल सके।
पूछताछ एवं सत्यापन में ज्ञात हुआ कि गिरोह के कुछ अभियुक्तों के विरुद्ध पूर्व से भी साइबर अपराधों के अभियोग पंजीकृत हैं। अन्य आपराधिक इतिहास की जानकारी प्राप्त की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों में सीतापुर के परेवांजाल अटरिया के राम स्वरूप (31), सुभाष उर्फ सतीश उर्फ छोटू (23) व रामू रावत (31), गोसाईंपुरवा अटरिया के पुतीलाल (36) और चंदैरा कमलापुर के अमित कुमार (25) शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है और बरामद किए गए मोबाइलों के वास्तविक मालिकों की पहचान की जा रही है।
