गौतमबुद्धनगर: राष्ट्रीय मंच पर चमकीं आंगनवाड़ी कार्यकत्री सुनीता देवी, ‘Made in Play Summit’ में बनीं पैनलिस्ट!!
दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 02 जून 2026।
जनपद गौतमबुद्धनगर की आंगनवाड़ी कार्यकत्री सुनीता देवी ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा और समर्पण का परिचय देते हुए क्षेत्र का नाम रोशन किया है। नई दिल्ली के प्रतिष्ठित ले मेरिडियन होटल में आयोजित ‘Made in Play Summit’ में पैनलिस्ट के रूप में भाग लेकर उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा और खेल आधारित शिक्षण के महत्व को राष्ट्रीय मंच पर प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया।
बाल विकास परियोजना अधिकारी संध्या सोनी ने बताया कि यह राष्ट्रीय सम्मेलन बचपन बनाओ और एनडीटीवी के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में देशभर से बाल विकास, प्रारंभिक शिक्षा, खेल आधारित शिक्षण, पोषण और बाल अधिकारों के क्षेत्र में कार्यरत विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, शोधकर्ताओं तथा नीति-निर्माताओं ने भाग लिया।
सुनीता देवी पिछले कई वर्षों से अपने गांव में बच्चों और उनके परिवारों के साथ समर्पण और निष्ठा के साथ कार्य कर रही हैं। बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य, प्रारंभिक शिक्षा और समग्र विकास के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान को देखते हुए LECIN (Let's Educate Children In Need) द्वारा उन्हें इस प्रतिष्ठित मंच पर प्रतिनिधित्व के लिए नामित किया गया था।
सम्मेलन के दौरान आयोजित पैनल चर्चा में सुनीता देवी ने ग्रामीण क्षेत्रों में बच्चों के साथ कार्य करने के अपने अनुभव, चुनौतियां और सफल प्रयास साझा किए। उन्होंने कहा कि खेल आधारित गतिविधियां बच्चों की सीखने की प्रक्रिया को अधिक प्रभावी, रचनात्मक और आनंददायक बनाती हैं। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि आंगनवाड़ी केंद्र बच्चों के सर्वांगीण विकास की मजबूत नींव रखते हैं और उचित संसाधन एवं सहयोग मिलने पर ग्रामीण भारत में शिक्षा और विकास के सशक्त केंद्र बन सकते हैं।
अपने संबोधन में उन्होंने अभिभावकों और परिवारों को बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा के प्रति जागरूक करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर किए गए छोटे-छोटे नवाचार बच्चों के सीखने के परिणामों में बड़ा बदलाव ला सकते हैं और उन्हें बेहतर भविष्य की ओर अग्रसर कर सकते हैं।
इस अवसर पर सीडीपीओ दनकौर संध्या सोनी, LECIN की टीम, देश के 10 राज्यों से आए 20 से अधिक संगठनों के प्रतिनिधि, शिक्षाविद, शोधकर्ता और बाल विकास क्षेत्र के विशेषज्ञ उपस्थित रहे। सम्मेलन में प्रतिभागियों ने प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा को अधिक प्रभावी, समावेशी और नवाचार आधारित बनाने के लिए अपने अनुभव और सुझाव साझा किए।
गौरतलब है कि LECIN पिछले तीन वर्षों से जनपद गौतमबुद्धनगर के विभिन्न आंगनवाड़ी केंद्रों के साथ मिलकर कार्य कर रही है। संस्था का उद्देश्य खेल आधारित शिक्षण पद्धतियों को बढ़ावा देकर प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाना और बच्चों के लिए प्रेरणादायक शिक्षण वातावरण तैयार करना है।
संस्था के प्रतिनिधियों ने इसे पूरे क्षेत्र के लिए गर्व का क्षण बताते हुए कहा कि सुनीता देवी की यह उपलब्धि केवल उनकी व्यक्तिगत सफलता नहीं, बल्कि देशभर में कार्यरत हजारों आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों के समर्पण और मेहनत का सम्मान है। उन्होंने कहा कि जमीनी स्तर पर कार्य करने वाले कर्मियों को राष्ट्रीय मंचों पर पहचान मिलने से उनका मनोबल बढ़ता है और नीति तथा व्यवहार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित होता है।
सुनीता देवी की यह उपलब्धि ग्रामीण भारत में आंगनवाड़ी कार्यकत्रियों की महत्वपूर्ण भूमिका को रेखांकित करती है। यह सम्मान इस बात का प्रमाण है कि बच्चों की प्रारंभिक शिक्षा, पोषण और समग्र विकास के लिए जमीनी स्तर पर किए जा रहे समर्पित प्रयास राष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान और सम्मान प्राप्त कर सकते हैं।।
