लखनऊ :
लड़कियों को राजस्थान में बेचने वाले गैंग की महिला सरगना पति संग गिरफ्तार।।
दो टूक : लखनऊ के कोतवाली मोहनलालगंज पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए एक से डेढ़ लाख रुपये में नाबालिग लड़कियों का सौदा कर राजस्थान मे बेचने वाले गैंग की महिला सरगना को पति के साथ गिरफ्तार करने मे कामयब रही। डीसीपी व एडीसीपी ने कोतवाली पहुंचकर सरगना व उसके पति से पूछताछ कर जानकारी हासिल किया।
विस्तार :
गरीब और अनाथ किशोरियों को बहला-फुसलाकर विवाह का झांसा देकर उत्तर प्रदेश से राजस्थान ले जाकर बेचने वाले मानव तस्करी गैंग की महिला सरगना सोनम कुमारी और उसके पति भूपेन्द्र चौहान निवासी बम्बोरी, थाना जलौधा जागीर,राजस्थान को मोहनलालगंज पुलिस ने शनिवार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी अमित कुमार आनंद व एडीसीपी रल्लापल्ली वसंथ कुमार ने कोतवाली पहुंचकर दोनों आरोपियों से पूछताछ की।
डीसीपी अमित कुमार आनंद ने बताया कि मोहनलालगंज कोतवाली क्षेत्र के गनियार गांव निवासी कमलेशा ने 12 मई को तहरीर देकर बताया था कि बेटी-दामाद की मौत के बाद उसकी दो नाबालिग नातिनें उसके साथ रहती थीं। एक रिश्तेदार बाल अपचारी ने अपनी साथी प्रिया पटेल निवासी पूरे भोला, मेजरगंज थाना भदोखर, जनपद रायबरेली के साथ मिलकर दोनों किशोरियों को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया था। तहरीर के आधार पर पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज कर इंस्पेक्टर बृजेश कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में कई टीमों का गठन किया।पुलिस टीम ने 18 मई को दोनों नाबालिग बहनों को सकुशल बरामद कर लिया। पूछताछ में किशोरियों ने बताया कि उन्हें अनुराग यादव निवासी पूरेडरक कोडरस बिजुर थाना मिलएरिया, रायबरेली, उसकी प्रेमिका प्रिया पटेल तथा एक बाल अपचारी बहला-फुसलाकर राजस्थान के कोटा ले गए थे, जहां उन्हें शादी के नाम पर बेचने की तैयारी थी।इसके बाद उपनिरीक्षक सौरभ सिंह की टीम ने प्रिया पटेल, उसके प्रेमी अनुराग यादव, मो. अख्तर निवासी कोरिहर सतांव थाना गुरुबक्शगंज तथा एक बाल अपचारी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। पूछताछ में प्रिया पटेल ने खुलासा किया था कि वह आर्थिक रूप से कमजोर और अनाथ किशोरियों को राजस्थान स्थित गैंग की सरगना सोनम कुमारी और उसके पति भूपेन्द्र चौहान के हवाले कर देती थी, जिसके बदले उसे तस्करी की रकम मिलती थी।इसी खुलासे के बाद पुलिस टीम सरगना दंपती की तलाश में जुट गई थी। शनिवार को उपनिरीक्षक सौरभ सिंह ने पुलिस टीम के साथ गैंग की सरगना व उसके पति को गिरफ्तार कर लिया।
एक से डेढ़ लाख रुपये में होता था नाबालिग लड़कियों का सौदा।
एसीपी आर.के.सिंह ने बताया कि पूछताछ में सोनम कुमारी ने स्वीकार किया कि वर्ष 2020 में रायबरेली में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान उसकी मुलाकात प्रिया पटेल से हुई थी। उसने प्रिया को आर्थिक रूप से कमजोर और अनाथ सुंदर नाबालिग लड़कियों को राजस्थान में शादी के नाम पर बेचकर मोटी कमाई का लालच दिया था। प्रति नाबालिग लड़की के एवज में एक से डेढ़ लाख रुपये तक मिलते थे। इसके बाद प्रिया, अनुराग और अन्य साथी मिलकर रायबरेली समेत आसपास के जिलों की किशोरियों को बहला-फुसलाकर राजस्थान भेजते थे।
सुंदर किशोरियों की रहती थी ज्यादा मांग।
इंस्पेक्टर बृजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया कि पूछताछ में सरगना सोनम ने खुलासा किया कि राजस्थान में सुंदर नाबालिग किशोरियों की शादी कराने के नाम पर अधिक मांग रहती थी। प्रिया पटेल जब भी किसी किशोरी को लेकर आती थी, उससे पहले उसे अच्छे कपड़े पहनाकर और मेकअप कराकर उसकी तस्वीरें मंगाई जाती थीं। ये तस्वीरें संभावित खरीदारों को भेजी जाती थीं। पसंद आने पर सौदा तय होता था और फिर किशोरी को उत्तर प्रदेश से राजस्थान ले जाकर सौंप दिया जाता था।
मानव तस्करी के संगठित नेटवर्क का पर्दाफाश।
मोहनलालगंज पुलिस की कार्रवाई से न केवल दो नाबालिग बहनों को सुरक्षित बचाया जा सका, बल्कि गरीब और बेसहारा किशोरियों को शादी का झांसा देकर बेचने वाले अंतरराज्यीय मानव तस्करी गिरोह के संगठित नेटवर्क का भी खुलासा हुआ है।डीसीपी अमित कुमार ने प्रभारी निरीक्षक बृजेश कुमार त्रिपाठी व उपनिरीक्षक सौरभ सिंह समेत पूरी पुलिस टीम को बंधाई दी।
