बुधवार, 29 अप्रैल 2026

गौतमबुद्धनगर: जिला कारागार गौतमबुद्धनगर का औचक निरीक्षण: बंदियों की सुविधाओं, स्वास्थ्य और कौशल विकास पर विशेष जोर!!

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गौतमबुद्धनगर: जिला कारागार गौतमबुद्धनगर का औचक निरीक्षण: बंदियों की सुविधाओं, स्वास्थ्य और कौशल विकास पर विशेष जोर!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

गौतमबुद्धनगर, 29 अप्रैल 2026।
दो टूक//जिला विधिक सेवा प्राधिकरण गौतमबुद्धनगर की सचिव शिवानी रावत ने बुधवार को जिला कारागार का मासिक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का गहन जायजा लिया। यह निरीक्षण उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, लखनऊ तथा जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष के निर्देशों के क्रम में किया गया।

निरीक्षण के दौरान जेल प्रशासन ने जानकारी दी कि वर्तमान में जिला कारागार में कुल 2501 बंदी निरुद्ध हैं, जिनमें महिला बंदियों के साथ तीन शिशु भी रह रहे हैं। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया कि कोई भी बंदी निर्धारित सजा से अधिक अवधि तक निरुद्ध नहीं है, जो न्यायिक प्रक्रिया के पालन का संकेत है।

इस दौरान सचिव शिवानी रावत ने महिला एवं किशोर बैरकों का निरीक्षण करते हुए बंदियों से सीधे संवाद किया और उनके मामलों की स्थिति के बारे में जानकारी ली। उन्होंने बंदियों के प्रकरणों से जुड़े अभिलेखों एवं कार्ड में आवश्यक सुधार करने के निर्देश भी दिए, ताकि न्यायिक प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा न आए।

जेल में संचालित सुधारात्मक गतिविधियों की भी समीक्षा की गई। इंडिया विजन फाउंडेशन के सहयोग से बंदियों के कौशल विकास के लिए हेयर सैलून, डांस क्लास, संगीतशाला, पेंटिंग एवं सिलाई जैसी गतिविधियां संचालित हो रही हैं। इन पहलों का उद्देश्य बंदियों को आत्मनिर्भर बनाना और रिहाई के बाद उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।

इसके अतिरिक्त, कारागार में कार्यरत पराविधिक स्वयंसेवकों (PLVs) के कार्यों का भी अवलोकन किया गया और अभिलेखों में सुधार के निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान जेल प्रशासन को साफ-सफाई, खान-पान की गुणवत्ता, स्वास्थ्य सेवाओं और अन्य मूलभूत सुविधाओं को जेल मैनुअल के अनुरूप सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

विशेष रूप से बढ़ती गर्मी को देखते हुए सचिव ने महिला बैरकों में रह रहे शिशुओं और वृद्ध बंदियों के स्वास्थ्य पर अतिरिक्त ध्यान देने के निर्देश दिए।

इस अवसर पर जेल अधीक्षक ब्रजेश कुमार और जेलर संजय साही सहित अन्य अधिकारी भी उपस्थित रहे।।