एम्स में गूंजा समर्पण का सम्मान: डॉ. महिपाल सिंह को ‘हेल्थकेयर प्रोफेशनल रत्न अवॉर्ड’ से नवाजा गया !!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
दो टूक:: नोएडा/नई दिल्ली, 12 अप्रैल 2026। देश की राजधानी स्थित All India Institute of Medical Sciences (एम्स) में आयोजित राष्ट्रीय स्तर के सम्मेलन के दौरान फिजियोथेरेपी और पुनर्वास के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले वरिष्ठ विशेषज्ञ डॉ. महिपाल सिंह को प्रतिष्ठित ‘NCAHRS हेल्थकेयर प्रोफेशनल रत्न अवॉर्ड’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके वर्षों के समर्पण, सेवा और नवाचारपूर्ण कार्यों की सराहना में प्रदान किया गया।
यह अवॉर्ड एम्स की जेरिएट्रिक यूनिट द्वारा 11 और 12 अप्रैल को जेएल ऑडिटोरियम में आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय सम्मेलन के दौरान प्रदान किया गया। सम्मेलन में देशभर से आए सैकड़ों फिजियोथेरेपिस्ट, पुनर्वास विशेषज्ञ, ऑक्यूपेशनल थेरेपिस्ट और स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े पेशेवरों ने भाग लेकर आधुनिक चिकित्सा और पुनर्वास सेवाओं पर गहन विचार-विमर्श किया।
डॉ. महिपाल सिंह, जो First One Rehab Foundation और Winsome Rehab Centre के संस्थापक एवं निदेशक हैं, पिछले कई वर्षों से फिजियोथेरेपी के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने न्यूरोलॉजिकल, ऑर्थोपेडिक और जेरिएट्रिक रिहैबिलिटेशन के माध्यम से हजारों मरीजों को न केवल बेहतर स्वास्थ्य प्रदान किया, बल्कि उन्हें एक नई जीवनशैली की ओर भी अग्रसर किया है।
विशेष रूप से समुदाय आधारित पुनर्वास (Community-Based Rehabilitation) के क्षेत्र में उनका कार्य सराहनीय रहा है। उन्होंने दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण के लिए कई पहलें की हैं और ग्रामीण क्षेत्रों में नियमित रूप से निःशुल्क फिजियोथेरेपी शिविर आयोजित कर स्वास्थ्य सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का प्रयास किया है।
सम्मेलन के दौरान वक्ताओं ने डॉ. महिपाल सिंह के कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि उनका योगदान स्वास्थ्य सेवा के उस महत्वपूर्ण पक्ष को मजबूत करता है, जो अक्सर मुख्यधारा में कम दिखाई देता है। उनके प्रयासों ने न केवल मरीजों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाया है, बल्कि फिजियोथेरेपी और पुनर्वास के महत्व को भी व्यापक पहचान दिलाई है।
‘हेल्थकेयर प्रोफेशनल रत्न अवॉर्ड’ डॉ. महिपाल सिंह की रोगी-केंद्रित सोच, उत्कृष्ट सेवा और समाज के प्रति समर्पण का प्रतीक है। यह सम्मान उनके द्वारा किए गए सतत प्रयासों को नई ऊर्जा देगा और आने वाले समय में वे और अधिक लोगों तक अपनी सेवाएं पहुंचा सकेंगे।
इस सम्मान के साथ ही डॉ. महिपाल सिंह ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि सच्ची सेवा और समर्पण से न केवल व्यक्तिगत पहचान बनती है, बल्कि समाज में स्थायी परिवर्तन भी संभव है।।
