लखनऊ :
करोड़ो की GST चोरी करने वाले गिरोह की मास्टरमाइंड महिला समेत चार गिरफ्तार।
फर्जी फार्म बनाकर जीएसटी कर लेते थे चोरी।
दो टूक : राजधानी लखनऊ की पुलिस ने
फर्जी फार्म बनाकर GST कर करीब पौने तीन करोड़ का चोरी करने वाले गिरोह का खुलासा करते हुए महिला समेत चार को गिरफ्तार कर लिया। यह गिरोह गरीब लोगों को 10-20 हजार रुपये का लालच देकर उनके आधार,पैन, बैंक खाता, मोबाइल नंबर आदि दस्तावेज लेकर फर्जी किरायानामा तैयार कर GST फर्म रजिस्ट्रेशन कराया जाता था और फर्जी फर्मों के माध्यम से करोड़ों की बोगस ITC बेचकर GST कर चोरी लेते है। गिरोह द्वारा 15 से अधिक बोगस फर्मों की सहायता से अब तक लगभग 2 करोड़ 75 लाख से अधिक का कर चोरी कर चुका है।
इनके पास 20 से अधिक डेबिट कार्ड, 26+ सिम, 11 मोबाइल, 01 लैपटॉप, 136 से अधिक फर्जी बिल व अन्य दस्तावेज बरामद।
विस्तार :
DCP उत्तरी ने जानकारी देते हुए बताया कि अभिमन्यु पाठक सहायक आयुक्त राज्य कर खण्ड-16 लखनऊ के द्वारा जीसटी कर चोरी के संबंध में M/S Swaraj Traders, दौलतराम के द्वारा फर्जी फर्म रजिस्टर कराकर एल्युमिनियम वेस्ट, फेरस वेस्ट, स्क्रैब, ट्यूब पाइप, आयरन व स्टील आदि की बिक्री हेतु दिनांक 08.04.2024 को GST IN-09 CP LPR-2045 QIZ2 प्राप्त किया व फर्म स्वामी के द्वारा फर्जी किरायानामा के आधार पर स्वराज ट्रेडर्स जो कि वास्तविक रूप से अस्तित्व में ही नहीं थी, के नाम पर जीसटी कर चोरी किया गया। इसके लिए दाखिल कराये गये किराये नामे की कूटरचित के आधार पर उक्त भिन्न तिथियों के दृष्टिगत स्वराज ट्रेडर्स के द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 में 52,00,266/-रूपये (52 लाख 266 रूपये) की कर देयता की बोगस आईटीसी के माध्यम से अन्य फर्मों को बेचकर फ्राड किया गया।
जिसके संबंध में थाना इंटौजा लखनऊ में मु0अ0सं0 157/2025 धारा 420 भादवि का अभियोग पंजीकृत किया गया। जिसमें जांच पड़ताल के दौरान ज्ञात हुआ कि Swraj Traders, दौलतराम के नाम बनाया गया, जांच में पाया गया कि उक्त फर्म वास्तविक रूप से अस्तित्व में नहीं थी। विवेचना में संज्ञानित हुआ कि स्वराज नामक बोगस फर्म जैसी कई फर्में प्रकाश में आयीं। जालसाजी करने वालो को पुलिस टीम ने गिरफ्तार कर लिया। जिनका नाम प्रशांत बेन्जवाल, तबस्सुम उर्फ गुलचमन उर्फ जान्हवी सिंह और अम्मार अंसारी द्वारा बनाये जाते हैं।
जिसके बारे में और जांच व पड़ताल करने पर संज्ञानित हुआ कि तबस्सुम मूलरूप से कानुपर जनपद की रहने वाली है। इसकी बड़ी बहन का दामाद अम्मार अंसारी जो कि मूलरूप से सीतापुर जनपद का रहने वाला है, के साथ मिलकर तबस्सुम के द्वारा फर्जी फर्में बनवायी जाती थीं। प्रशांत बेन्जवाल, विशाल मेगामार्ट कानपुर में बतौर कैशियर काम करता था। वर्ष 2020 में वहीं पर तबस्सुम उपरोक्त की प्रशांत से मुलाकात हुयी। इसके बाद तबस्सुम और प्रशांत द्वारा मिलकर ऐसे लोगों फर्म बनाने के लिए अपना आधार कार्ड, पैन कार्ड, मोबाइल नम्बर, बैंक अकाउंट आदि डाक्यूमेंट्स देने को तैयार होते थे, उन्हें ढूढ़कर ये लोग कागजात अम्मार अंसारी को उपलब्ध कराते थे। इन्होनें अम्मार के साथ मिलकर 15 से ज्यादा GST फर्म का रजिस्ट्रेशन कराया गया। हर फर्जी फर्म में रजिस्ट्रेशन के लिए प्रशान्त व तबस्सुम को 01 लाख रूपये प्रति फर्म दिया जाता था, जिसमें से 10-20 हजार रूपये जिस व्यक्ति का आधार, पैन, बैंक, पता, मोबाइल नम्बर आदि लगा होता था उनको देकर शेष पैसे तबस्सुम और
सरकारी खजाने से लूटकर आपस में बांट लिया जाता था धन।
गिरफ्तार अम्मार अंसारी द्वारा GST रजिस्ट्रेशन की पूरी कार्यवाही फर्म किरायेनामा बनवाने का काम किया जाता था और इन फर्जी फर्मों की ITC (input tax credit) जनरेट करायी जाती थी। इन फर्जी फर्मों के द्वारा कर चोरी के उद्देश्य से कई बिजनेस फर्में सम्पर्क करती थी।
ऐसी ही एक फर्म SS GALAXY व SS INTERPRISES जिसका मालिक अभियुक्त सुमित सौरभ भी गिरफ्तार किया गया है, जिसके द्वारा प्रशान्त के साथ मिलकर फर्जी INVOICE बनाकर GST कर चोरी किया गया है। SS GALAXY कम्पनी व SS INTERPRISES के नाम पर कुल 19,01242/- (उन्नीस लाख एक हजार दो सौ बयालिस रूपये) की कर चोरी की गयी, जिसके एवज में बयाने के तौर पर 02 Signed चेक भी प्रशान्त को दिये गये। इसके अतिरिक्त 01 लाख रूपये कैश व 01 लाख रूपये Swraj Traders के खाते में जिसका डेबिट कार्ड प्रशान्त व तबस्सुम के पास से बरामद हुआ है।
इस प्रकार से यह सभी गिरोह के रूप में कार्य कर रहे थे। इनके गिरोह का मुख्य साथी अम्मार अंसारी GST फ्रॉड में जनपद सीतापुर से जेल भी जा चुका है। इसके आपराधिक इतिहास के बारे में अन्य जानकारी की जा रही है।
साइबर अपराध का तरीका ।
ज्यादा पैसे के लालच में तबस्सुम व प्रशान्त द्वारा मिलकर पैसे का लालच देकर लोगों का आधार, पैन, पता, मोबाइल नम्बर प्राप्त कर फर्म रजिस्ट्रेशन के लिए सह अभियुक्त अम्मार को दिया जाता था। अम्मार द्वारा अन्य साथियों के साथ मिलकर इन दस्तावेजों के आधार पर फर्म रजिस्ट्रेशन व GST R1 फर्म के आधार ITC बनवायी जाती थी। इसी के साथ जो ITC खरीदना चाहता था वे इस गिरोह से सम्पर्क करते थे।
प्रशान्त कम्पनियों के लिए फर्जी INVOICE बनाकर ऑनलाइन ITC जनरेट करता था, जिसके एवज में कुल बनाये गये फर्जी INVOICE बिल क 1% कमीशन लेता था।
डॉन लेडीज का शातिराना तरीका।
गिरफ्तार तबस्सुम की पहली शादी एजाज अहमद से हुई। एजाज अहमद द्वारा इनको कथित तौर पर बेचा जाना बताया गया व इससे बचकर ये कानपुर मे नरेन्द्र वर्मा से सम्पर्क में आई और उनसे शादी कर नाम बदलकर जान्हवीं नाम से वर्ष 2017 तक इनके साथ रही, फिर नरेन्द्र वर्मा के पहले से शादी शुदा होने की बात पता चलने पर इनसे अलग हो गई। तत्पश्चात इसकी प्रशान्त से मुलाकात हुई और इस बीच इन्होनें MOODY'S KITCHEN SERVICE नाम से टिफिन सर्विस खोला। टिफिन सर्विस में पैसे कम मिलते थे।
तबस्सुम ने अपनी बड़ी बहन गुलशन के दामाद अम्मार अंसारी से सम्पर्क कर GST फर्म रजिस्ट्रेशन के अवैध काम में ज्यादा पैसा देखकर प्रशान्त के साथ मिलकर Documents उपलब्ध कराने व INVOICE जनरेट करने का काम शुरू किया। 03-प्रशान्त बेन्जवाल - यह मूलरूप से कानपुर जनपद का रहने वाला है और विशाल मेगा मार्ट कानपुर मे कैशियर के पद पर 8-10 हजार रूपये प्रतिमाह के वेतन पर काम करता था। तबस्सुम से मिलने पर लाखों रूपये कमाने के लालच में काम छोड़कर वर्ष 2023 में लखनऊ में तबस्सुम के साथ किराये का कमरा लेकर रहने लगा।
प्रशान्त का काम था कि फर्म रजिस्ट्रेशन के बाद GST R1 2B क्लेम करते हुए बोगस ITC को कर चोरी के उद्देश्य से अन्य फर्मी को बेचना व फर्जी INVOICE जनरेट करना, फर्जी फर्मों की किरायेदारी तैयार करना। 04-सुमित सौरभ – यह वास्तविक फर्म का मालिक है। GST कर चोरी के उद्देश्य से प्रशान्त व तबस्सुम से सम्पर्क कर बोगस फर्मों से ITC खरीदते हैं जिसके लिए फर्जी INVOICE और E-WAY बिल भी तैयार कराता है। इसके द्वारा लाखों रूपये का GST कर चोरी किया गया है।
वहीं दौलत राम - यह कानपुर में फैक्ट्री में मजदूरी करता था इसने 20,000/- रूपये के लालच में अपने सभी दस्तावेज उपलब्ध कराये।
गिरफ्तार जालसाजो का विवरण-
1. तबस्सुम उर्फ गुलचमन उर्फ जान्हवी सिंह पत्नी श्री नरेन्द्र सिंह नि0- एफ-783/66 डब्लू -1 ब्लाक साकेतनगर जूही कालोनी कानपुर नगर 208014
2. प्रशान्त बेन्जवाल पुत्र कुशलानन्द बेन्जवाल नि0- ई डब्लू एस 2785 कल्याणपुर जनपद कानपुर नगर उम्र करीब 30 वर्ष
3. सुमित सौरभ पुत्र जितेन्द्र कुमार नि0-636 सेक्टर 11 इन्दिरानगर लखनऊ उम्र करीब 35 वर्ष
4. दौलत राम पुत्र बदलूराम नि0- ई 3/466 दीनदयालपुरम गल्ला मण्डी नौबस्ता कानपुर नगर उम्र करीब 50 वर्ष
●फरार चल रहे - अम्मार अंसारी उपरोक्त की गिरफ्तारी हेतु टीमें लगातार प्रयासरत है व सभी सम्भावित स्थानो पर दबिश दी जा रही है।
06-पंजीकृत / अनावरित अभियोग-
1. मु0अ0सं0 157/2025 धारा 420 भादवि बढ़ोत्तरी धारा 419/467/468/471/34 भादवि गिरफ्तार अभियुक्तो के अन्य आपराधिक इतिहास की जानकारी अन्य जनपदो , थानो से की जा रही है।
