लखनऊ :
कैंसर संस्थान की 12 वीं शासी निकाय की हुई बैठक,महत्वपूर्ण बिन्दु पर हुए निर्णय।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के कल्याण सिंह अति विशिष्ट कैंसर संस्थान की 12 वीं शासी निकाय की बुधवार को लोक भवन में
KSSSCI सोसाइटी के चेयरमैन और उत्तर प्रदेश सरकार के मुख्य सचिव शशि प्रकाश गोयल की अध्यक्षता में बैठक सम्पन्न हुई।
विस्तार :
डाक्टर विजय वरुण ने जानकारी देते हुए बताया कि कैंसर संस्थान की 12 वीं शासी निकाय की प्रदेश के मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बुधवार को बैठक आयोजित की गई जिसमे प्राटॉन बीम थेरेपी की अनुमति प्रदान की गई l यह कैंसर उपचार की एक उन्नत रेडियोथेरेपी तकनीक है, जिसमें प्रोटॉन कणों की सहायता से ट्यूमर को अत्यंत सटीकता के साथ निशाना बनाया जाता है। यह थेरेपी विशेष रूप से बच्चों के कैंसर, मस्तिष्क, सिर-गर्दन, स्पाइनल और प्रोस्टेट जैसे संवेदनशील अंगों के ट्यूमर में अधिक लाभकारी मानी जाती है । साथ ही साथ क्वाटरनरी कैंसर केयर सेंटर की अनुमति प्राप्त हुई, यह अत्यंत जटिल और उन्नत कैंसर उपचार के लिए समर्पित मानी जाती हैं, जहाँ अत्याधुनिक तकनीक, उच्चस्तरीय विशेषज्ञता और बहुविषयक टीम एक ही स्थान पर उपलब्ध रहती है। यहां सटीक निदान, समग्र देखभाल के कारण रोगी की जीवन-गुणवत्ता और जीवित रहने की संभावना में सुधार होता है। इसके साथ-साथ रेडियोडायग्नोसिस विभाग में टेली-रेडियोलॉजी सेवाओं की अनुमति प्राप्त हुई जिसमें एमआरआई, सीटी स्कैन, एक्स- रे और डिजिटल मैमोग्राफी सुविधा उपलब्ध होगी। इसके अतिरिक्त एडवांस्ड कैंसर रिसर्च सेंटर की स्थापना, एडवांस्ड मॉलिक्यूलर लैब, सेंटर फॉर एडवांस मॉलिक्यूलर डायग्नोस्टिक एंड रिसर्च फॉर कैंसर द्वारा की जाने वाली अलग-अलग लैब जांचों की कीमतों को मंज़ूरी प्रदान की गई। जिससे कैंसर की सटीक व शुरुआती पहचान संभव होती है। इससे पर्सनलाइज़्ड उपचार, लक्षित थेरेपी, बेहतर उपचार परिणाम, कम दुष्प्रभाव, शोध, नवाचार और विश्वस्तरीय कैंसर देखभाल को बढ़ावा मिलता है।
पॉपुलेशन बेस्ड कैंसर रजिस्ट्री (PBCR) को क्रियान्वित कर लखनऊ तथा पूरे प्रदेश में कैंसर के वास्तविक बोझ एवं कैंसर-जनित मृत्यु दर का सटीक आकलन करने हेतु प्रस्ताव को मंजूरी प्रदान की गई है।
साथ ही साथ ऑन्को-पैथोलॉजी में पोस्ट-डॉक्टरल सर्टिफिकेट कोर्स (PDCC), गायनेकोलॉजिकल ऑन्कोलॉजी और सर्जिकल ऑन्कोलॉजी में M.Ch., की मंजूरी प्रदान की गई, सर्जिकल, गायनेकोलॉजिकल ऑन्कोलॉजी, न्यूरोसर्जरी, एनेस्थिसियोलॉजी, पैथोलॉजी और कैंसर जेनेटिक्स और रेडिएशन ऑन्कोलॉजी विभाग में 31 एडिशनल फैकल्टी और 78 सीनियर तथा जूनियर रेजिडेंट की मंजूरी मिली तथा संस्थान में Ph.D. नियमों और रेगुलेशन को मंज़ूरी मिली जिससे कैंसर से क्षेत्र में शोध कार्य को बढ़ावा मिल सके।
बैठक में कुल 36 एजेंडा बिन्दु रखे गए और उन पर विस्तृत चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त, संस्थान में पेशेंट केयर सेवाओं के सुदृढ़ीकरण, अवसंरचना विकास, मानव संसाधन को सशक्त बनाने तथा समग्र कैंसर केयर सुविधाओं के विस्तार से संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
