लखनऊ :
पार्किंग विवाद बना खूनी संघर्ष: तिहरे हत्याकांड से दहला सआदतगंज,तीन की मौत।।
●आरोपी ऋषभ शुक्ला गिरफ्तार, पिस्टल व चार खोखे बरामद।।
दो टूक : राजधानी लखनऊ के सआदतगंज क्षेत्र में कार पार्किंग को लेकर दो पक्षों में हुआ मामली विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया।
कोतवाली सआदतगंज के ब्राह्मणी टोला, नौबस्ता में खाली जमीन पर कार खड़ी करने को लेकर हुए विवाद में ताबड़तोड़ फायरिंग से तीन लोगों की जान चली गई। मृतकों में शिवाजी तिवारी, उनके भाई शिवेन्द्र तिवारी और बेटे सुयश तिवारी शामिल हैं। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस ने फायरिंग के आरोपी ऋषभ शुक्ला को मौके से गिरफ्तार कर घटना में प्रयुक्त पिस्टल और चार खोखे बरामद करने की बात कही है।
◆विस्तार :
सोमवार 26 अक्टूबर की सुबह करीब 10:30 बजे कोतवाली सआदतगंज के ब्राह्मणी टोला, नौबस्ता में बरगद के पेड़ के पास खाली पड़ी जमीन पर कार खड़ी करने को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ। पुलिस के मुताबिक, इसी दौरान ऋषभ शुक्ला ने कथित तौर पर पिस्टल से फायरिंग कर दी। गोली लगने से शिवाजी तिवारी (करीब 62 वर्ष), शिवेन्द्र तिवारी (करीब 55 वर्ष) और सुयश तिवारी (करीब 30 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस घायलों को एम्बुलेंस और पुलिस वाहन से केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर ले गई,जहां उपचार के दौरान तीनों की मौत हो गई।
●निहत्थे कांस्टेबल कार्तिक सिंह की दिलेरी की चर्चा।
घटना के बाद आरोपी को पकड़ने में कांस्टेबल कार्तिक सिंह की भूमिका भी चर्चा में है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, उन्होंने बिना हथियार के आरोपी को दौड़ाकर पकड़ लिया। बताया जा रहा है कि इससे पहले सआदतगंज के अनु अनवर हत्याकांड में भी उन्होंने मुख्य आरोपी शरीक को मौके से पिस्टल समेत पकड़ा था। उस मामले में उन्हें 20 हजार रुपये का पुरस्कार मिलने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, इन विवरणों की आधिकारिक पुष्टि संबंधित विभाग से किया जाना बाकी है।
●जेसीपी ने घटनास्थल का किया निरीक्षण।
वारदात की सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा। वरिष्ठ अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जानकारी ली। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर उसके कब्जे से कथित तौर पर घटना में इस्तेमाल पिस्टल और चार खोखे बरामद किए हैं। मृतकों के शवों के संबंध में आवश्यक कानूनी प्रक्रिया और पीड़ित पक्ष की तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है।
●जमीन और पार्किंग का विवाद बना मौत की वजह।
प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, विवाद बरगद के पेड़ के नीचे चबूतरा बनाने और पास की खाली जमीन पर कार पार्किंग को लेकर था। इसी विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। आरोपी और मृतक सुयश के बीच पहले से जान-पहचान होने की बात भी सामने आई है। आरोपी के कथित बयान के अनुसार, वारदात में इस्तेमाल पिस्टल उसे सुयश ने दी थी। पुलिस जांच में इस दावे की पुष्टि होना बाकी है।
एक खाली जमीन पर कार खड़ी करने को लेकर शुरू हुआ विवाद तीन जिंदगियां निगल गया। सआदतगंज की इस सनसनीखेज वारदात ने एक बार फिर सवाल खड़ा किया है कि आखिर मामूली विवादों में हथियार निकालकर कानून हाथ में लेने की प्रवृत्ति पर अंकुश कैसे लगेगा। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच में जुटी है।
