गौतमबुद्धनगर: गुरु द्रोणाचार्य की धरती पर गूंजा कुश्ती का जोश, अशोक भाटी बोले- अखाड़े में बहा पसीना ही बढ़ाता है देश का मान!!
दो टूक//गौतमबुद्ध नगर। दनकौर स्थित ऐतिहासिक गुरु द्रोणाचार्य मंदिर परिसर में आयोजित तीन दिवसीय दंगल का भव्य समापन हुआ। दंगल में क्षेत्र सहित विभिन्न स्थानों से पहुंचे पहलवानों ने अखाड़े में अपने दमखम, कुश्ती कौशल और शानदार प्रदर्शन से दर्शकों को रोमांचित कर दिया। मुकाबलों के दौरान पहलवानों की जोरदार जोर-आजमाइश देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
समापन समारोह में भारतीय किसान यूनियन के नोएडा जिलाध्यक्ष अशोक भाटी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उनके साथ दादरी जिलाध्यक्ष मनोज मावी, जेवर जिलाध्यक्ष रोबिन नागर, समन्वय समिति जिलाध्यक्ष राजीव मलिक, प्रदेश प्रवक्ता पवन खटाना, अनूप नागर एवं धीरेंद्र भाटी टीनू सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।
दंगल में अतिथियों के पहुंचने पर आयोजन समिति के प्रबंधक लाला रजनीकांत अग्रवाल द्वारा स्मृति चिन्ह एवं शॉल भेंट कर सभी अतिथियों का स्वागत और सम्मान किया गया। अतिथियों ने पहलवानों के हाथ मिलवाकर कुश्ती मुकाबलों का शुभारंभ कराया। शानदार प्रदर्शन करने वाले विजेता पहलवानों को पुरस्कार राशि देकर सम्मानित किया गया और उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी गईं।
इस अवसर पर अशोक भाटी ने पहलवानों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि कुश्ती भारत की प्राचीन और गौरवशाली खेल परंपरा है। अखाड़ा केवल कुश्ती लड़ने का स्थान नहीं, बल्कि अनुशासन, मेहनत, आत्मविश्वास और संस्कार की पाठशाला भी है। उन्होंने कहा, “जो पसीना अखाड़े में बहाते हैं, वही देश का मान बढ़ाते हैं।”
अशोक भाटी ने कहा कि आज के समय में युवाओं को नशे और गलत आदतों से दूर रखना समाज की बड़ी जिम्मेदारी है। खेल और कुश्ती युवाओं को स्वस्थ रखने के साथ उनमें अनुशासन, संघर्ष और आगे बढ़ने की भावना पैदा करते हैं। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे नशे से दूर रहकर खेलों और अखाड़ों से जुड़ें तथा अपनी प्रतिभा के दम पर परिवार, समाज और देश का नाम रोशन करें।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की कोई कमी नहीं है। जरूरत है कि उन्हें उचित मंच, संसाधन और प्रोत्साहन उपलब्ध कराया जाए। इस तरह के दंगल स्थानीय प्रतिभाओं को अपनी क्षमता दिखाने का अवसर देने के साथ भारतीय कुश्ती की गौरवशाली परंपरा को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
तीन दिनों तक चले दंगल में विभिन्न मुकाबलों में पहलवानों ने शानदार प्रदर्शन किया। आयोजन के सफल समापन पर आयोजन समिति ने सभी अतिथियों, पहलवानों और क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया।।
