रविवार, 15 फ़रवरी 2026

गौतमबुद्धनगर: बम्बावड़ में विराट हिन्दू सम्मेलन: ओजस्वी वक्ताओं ने राष्ट्रभाव और सांस्कृतिक चेतना का किया आह्वान!!

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गौतमबुद्धनगर: बम्बावड़ में विराट हिन्दू सम्मेलन: ओजस्वी वक्ताओं ने राष्ट्रभाव और सांस्कृतिक चेतना का किया आह्वान!!

 !!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!

बम्बावड़, गौतमबुद्ध नगर।
दो टूक// शनिवार को स्वामी दयानंद सरस्वती इंटर कॉलेज परिसर में विराट हिन्दू सम्मेलन का भव्य एवं गरिमामयी आयोजन संपन्न हुआ। कार्यक्रम में क्षेत्र के गणमान्य नागरिकों, जनप्रतिनिधियों, समाजसेवियों और सैकड़ों श्रद्धालुओं की उत्साहपूर्ण भागीदारी ने आयोजन को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान किया। सम्मेलन का उद्देश्य समाज में राष्ट्रभक्ति, सांस्कृतिक चेतना और धार्मिक मूल्यों के संरक्षण का संदेश प्रसारित करना रहा।

ओजस्वी संबोधन से गूंजा परिसर

मुख्य वक्ता ओजस्वी प्रवक्ता मीनाक्षी शेरावत ने अपने प्रभावशाली उद्बोधन से उपस्थित जनसमूह में ऊर्जा का संचार किया। उन्होंने कहा कि चूड़ियां कभी भी कमजोरी का प्रतीक नहीं होतीं, बल्कि वे शक्ति, स्वाभिमान और परिवर्तन की प्रतीक हैं। उन्होंने राष्ट्र और संस्कृति की अवधारणा को स्पष्ट करते हुए कहा कि जैसे शरीर और आत्मा का अस्तित्व एक-दूसरे के बिना अधूरा है, उसी प्रकार भारत की भूमि और समाज का संबंध अविभाज्य है।

अपने संबोधन में उन्होंने स्वामी दयानंद सरस्वती, स्वामी विवेकानंद और स्वामी श्रद्धानंद के जीवन प्रसंगों का उल्लेख करते हुए कहा कि इन महापुरुषों ने राष्ट्र को सर्वोपरि माना। “यदि राष्ट्र है तो हम हैं, अन्यथा हमारा अस्तित्व शून्य है,” यह संदेश देते हुए उन्होंने समाज को संगठित रहने का आह्वान किया।

उन्होंने अभिभावकों से आग्रह किया कि वे अपने बच्चों को धर्म, ईश्वर और महान ग्रंथों का ज्ञान दें, ताकि नई पीढ़ी अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ी रहे। परिवार को संस्कारों की प्रथम पाठशाला बताते हुए उन्होंने कहा कि मजबूत समाज की नींव घर से ही प्रारंभ होती है।

संघ की विचारधारा और संगठन की भूमिका

कार्यक्रम में मुख्य वक्ता एवं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के नोएडा विभाग के संचालक सुशील अग्रवाल ने संघ की 100 वर्षों की यात्रा और उसके मूल उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि संघ का लक्ष्य ऐसे कर्तव्यनिष्ठ, अनुशासित और राष्ट्रप्रेमी नागरिकों का निर्माण करना है, जो समाज को सशक्त बना सकें। उन्होंने कहा कि समाज और संगठन का समन्वय ही राष्ट्र की वास्तविक शक्ति है।

गणमान्य जनों की उपस्थिति

सम्मेलन का संचालन अनिल मावी ने कुशलतापूर्वक किया। इस अवसर पर दादरी विधायक तेजपाल नागर, ओमवीर आर्य एडवोकेट, ईश्वर भाटी, दीपक नागर, जितेंद्र भाटी, चन्द्रपाल प्रधान, प्रदीप वेध, तरुण नागर, डॉ. अशोक नागर, राजेन्द्र नागर, धीर राणा, मुकेश एडवोकेट, सतवीर नागर, ललित नागर, कपिल नागर, रवि बीडीसी, कल्याण नागर (बार कोषाध्यक्ष), राजेश नागर, अरुण नागर सहित अनेक प्रमुख नागरिक उपस्थित रहे।

एकता और जागरण का संदेश

कार्यक्रम के समापन पर आयोजकों ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित जनसमूह का आभार व्यक्त करते हुए समाज में एकता, संस्कृति और राष्ट्रभाव को सुदृढ़ करने का संकल्प लिया। सम्मेलन ने बम्बावड़ क्षेत्र में नई चेतना और सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया, जो सामाजिक एकजुटता को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।।