लखनऊ :
37 वां UPAROICON देशभर के 300 जुटेंगे विशेषज्ञ कैंसर इलाज पर होगा मंथन।।
●31 अक्टूबर से 1 नवंबर तक लखनऊ में होगा राष्ट्रीय सम्मेलन।
●सटीक रेडियोथेरेपी और मरीज केंद्रित उपचार पर होगी चर्चा।
।।डी एस शास्त्री।।
दो टूक : कैंसर के उपचार में आधुनिक तकनीकों, सटीक रेडियोथेरेपी और मरीज केंद्रित चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से 37 वें UPAROICON 2026 का आयोजन 31 अक्टूबर से 1 नवंबर तक लखनऊ के द सेंट्रम होटल, गोल्फ सिटी में किया जा रहा है।
कल्याण सिंह अति विशिष्ट कैंसर संस्थान के रेडिएशन ऑन्कोलॉजी विभाग की ओर से आयोजित इस राष्ट्रीय सम्मेलन में देशभर के करीब 300 कैंसर विशेषज्ञ चिकित्सकों के शामिल होने की संभावना है। इनमें लगभग 250 रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट होंगे।
सम्मेलन की थीम 'Transforming Cancer Care: Integrating Technology, Precision & Patient-Centric Oncology' रखी गई है। इसमें कैंसर उपचार की नवीनतम तकनीकों, वैज्ञानिक शोध, आधुनिक रेडियोथेरेपी और मरीजों को सुरक्षित एवं प्रभावी इलाज उपलब्ध कराने के उपायों पर विशेषज्ञ मंथन करेंगे।
सम्मेलन के अध्यक्ष संस्थान के रेडिएशन ऑन्कोलॉजी विभागाध्यक्ष प्रो. शरद सिंह हैं। आयोजन सचिव संस्थान के डीन एवं अपर प्रोफेसर डॉ. प्रमोद कुमार गुप्ता तथा सह-आयोजन सचिव डॉ. रुमिता सिंह हैं।
संस्थान के निदेशक प्रो. एमएलबी भट्ट प्रतिष्ठित डॉ. एमसी पंत ओरशन देंगे। वहीं, एसजीपीजीआई लखनऊ की रेडियोथेरेपी विभागाध्यक्ष प्रो. शालिनी सिंह डॉ. बीएन लाल ओरशन प्रस्तुत करेंगी। सम्मेलन में एसोसिएशन ऑफ रेडिएशन ऑन्कोलॉजिस्ट्स ऑफ इंडिया (AROI) के चेयरमैन डॉ. मनोज गुप्ता मुख्य अतिथि होंगे। विशिष्ट अतिथि के रूप में एआरओआई के अध्यक्ष डॉ. एसएन सेनापति और उत्तर प्रदेश के पूर्व महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा डॉ. कमल साहनी शामिल होंगे।
●96 शोध-पत्रों से साझा होंगे नए वैज्ञानिक निष्कर्ष।
सम्मेलन में कैंसर चिकित्सा से जुड़े कुल 96 शोध-पत्र प्रस्तुत किए जाएंगे। इनके माध्यम से वरिष्ठ विशेषज्ञ और युवा चिकित्सक अपने शोध, उपचार संबंधी अनुभव और नवीन वैज्ञानिक निष्कर्ष साझा करेंगे। इससे कैंसर उपचार में साक्ष्य आधारित चिकित्सा और वैज्ञानिक सहयोग को बढ़ावा मिलेगा।
●ब्रेन ट्यूमर से स्तन कैंसर तक पर चर्चा।
पहले दिन आयोजित वैज्ञानिक सत्रों में मस्तिष्क, सिर एवं गर्दन, सारकोमा और स्तन कैंसर के उपचार पर चर्चा होगी। सॉफ्ट टिश्यू सारकोमा और इविंग सारकोमा में रेडियोथेरेपी की बदलती भूमिका, आधुनिक तकनीकों और उपचार के उचित समय जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञ अपने विचार रखेंगे। इसके अलावा विशेषज्ञ व्याख्यान, पैनल चर्चा और डिबेट के जरिए उपचार की चुनौतियों और उपलब्ध विकल्पों पर विमर्श होगा।
●मरीजों की जरूरतों पर भी रहेगा फोकस।
सम्मेलन में केवल कैंसर के चिकित्सकीय उपचार ही नहीं, बल्कि मरीजों की शारीरिक, मानसिक और पोषण संबंधी जरूरतों पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। उपचार के शुरुआती चरण में पैलिएटिव केयर को शामिल करने, मरीजों को आवश्यक जानकारी देने और कीमोरेडिएशन के दौरान पोषण की स्थिति बेहतर बनाए रखने जैसे विषयों पर चर्चा होगी।
●रेजिडेंट चिकित्सकों के लिए क्विज और बेस्ट पेपर प्रतियोगिता।
युवा चिकित्सकों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए रेजिडेंट चिकित्सकों की प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता और बेस्ट पेपर प्रेजेंटेशन आयोजित किए जाएंगे। इससे उन्हें अपने शोध और नैदानिक अनुभव साझा करने के साथ ही देश के वरिष्ठ विशेषज्ञों से सीखने का अवसर मिलेगा।
आयोजकों के मुताबिक, यह सम्मेलन कैंसर चिकित्सा के क्षेत्र में आधुनिक तकनीक, वैज्ञानिक सटीकता और मरीज केंद्रित उपचार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का मंच बनेगा। इससे चिकित्सकों के बीच ज्ञान और अनुभव का आदान-प्रदान होगा तथा मरीजों को बेहतर उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में नए रास्ते खुलेंगे।
