गुरुवार, 3 सितंबर 2026

लखनऊ : आवास विकास का बाबू’ बताकर मकान के नाम पर 12 लाख की ठगी,ब्रोकर को पकड़कर पुलिस को सौपा।||Lucknow: A broker posing as a "housing development clerk" duped a person of 12 lakh rupees in the name of a house. The broker was arrested and handed over to the police.||

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लखनऊ : 
आवास विकास का बाबू’ बताकर मकान के नाम पर 12 लाख की ठगी,ब्रोकर को पकड़कर पुलिस को सौपा।
दो टूक : आवास विकास परिषद वृन्दावन योजना का कथित बड़ा बाबू बनकर कम दाम में मकान दिलाने का झांसा देने का आरोप, निगोहां में पीड़ित ने आरोपी को पकड़कर पुलिस को सौंपा।
●विस्तार : 
राजधानी लखनऊ में आवास विकास परिषद का कथित बाबू बनकर मकान दिलाने के नाम पर लाखों रुपये ऐंठने का मामला सामने आया है। वृंदावन योजना निवासी अनूप कुमार सिंह ने थाना पीजीआई में तहरीर देकर आरोप लगाया कि आरोपी ने आवास विकास परिषद में बाबू होने का दावा कर कम कीमत पर मकान दिलाने का भरोसा दिया और उसके तथा उसके दोस्त से करीब 12 लाख रुपये ले लिए। करीब एक साल इंतजार के बाद जब मकान नहीं मिला और रकम वापस मांगी गई तो आरोपी ने कथित तौर पर बातचीत बंद कर मोबाइल नंबर बंद कर लिया।
पीड़ित अनुप कुमार सिंह के मुताबिक आरोपी ने खुद को आवास विकास का बड़ा बाबू बताते हुए सेक्टर-6 में मकान दिलाने की बात कही। आरोप है कि भरोसा कायम करने के लिए आई-कार्ड भी दिखाया गया और मकान का सौदा कराने के नाम पर पहले 20 प्रतिशत रकम मांगी गई। इसके बाद करीब 2 लाख रुपये नकद और लगभग 10 लाख रुपये ऑनलाइन दिए गए।
समय गुजरता रहा, लेकिन न मकान मिला और न रकम वापस हुई। पीड़ित का आरोप है कि लगातार रकम मांगने के बाद आरोपी पक्ष ने उनसे दूरी बना ली।
◆पेट्रोल पंप के पास आमना-सामना, पुलिस तक पहुंचा मामला।
बुधवार को निगोहां स्थित एक पेट्रोल पंप के पास पीड़ित की आरोपी से मुलाकात हो गई। पीड़ित ने उसे रोककर रकम वापस करने को कहा तो कथित तौर पर विवाद शुरू हो गया। पीड़ित का आरोप है कि आरोपी ने अपने लोगों को बुला लिया और मारपीट की स्थिति बन गई। इसके बाद पीड़ित ने आरोपी को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
●पहले से भी मुकदमों में घिरे होने का दावा।
पीड़ित अनुप कुमार सिंह ने बताया कि लाखों रुपए देने के बाद मकान न मिलने पर आवास विकास परिषद के बाबू के विषय मे जानकारी की तो पता चला कि राजेन्द्र पर आवास विकास परिषद का बाबू बनकर धोखाधड़ी और जालसाजी करने के एक से अधिक मामले दर्ज हैं और वह कई मामलों में जेल भी जा चुका है। पीड़ित के अनुसार आरोपी हाल ही में जमानत पर बाहर आया है। इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
पीड़ित का कहना है कि बुधवार को आरोपी ने कुछ रकम लौटाने की बात कही थी, लेकिन इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया। फिलहाल आरोपी को पुलिस के सुपुर्द कर पीड़ित ने मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई और अपनी रकम वापस दिलाने की मांग की है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
थाना पीजीआई इस्पेक्टर सुनील कुमार सिंह बताया कि मामला थाने आया हुआ था दोनो पक्ष आपस मे बातचीत कर रहे। पीडित पक्ष ने थाने मे तहरीर दे रखी है जिसकी जांच पड़ताल की जा रही। जो तथ्य सामने आएगा आगे की कार्रवाई की जाएगी।