गौतमबुद्धनगर: सरस शॉप के शुभारंभ से महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का नया मंच, जिलाधिकारी ने बढ़ाया उत्साह!!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के उत्पादों की सराहना कर की खरीदारी, ‘लखपति दीदी’ से ‘करोड़पति दीदी’ बनने की राह होगी आसान
दो टूक//गौतमबुद्धनगर, 04 जून। जनपद गौतमबुद्धनगर में महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता को नई गति देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए जिलाधिकारी ने विकास भवन परिसर में संचालित सरस शॉप का विधिवत शुभारंभ किया। फीता काटकर सरस शॉप का उद्घाटन करते हुए जिलाधिकारी ने स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं द्वारा तैयार किए गए उत्पादों का अवलोकन किया और उनके प्रयासों की मुक्त कंठ से सराहना की।
शुभारंभ के दौरान जिलाधिकारी ने महिलाओं द्वारा निर्मित मसाले, अचार, पापड़, जूट बैग, सैनिटरी पैड, हस्तशिल्प सामग्री, खादी वस्त्र, शहद समेत विभिन्न उत्पादों की गुणवत्ता, आकर्षक पैकेजिंग और उपयोगिता को देखा। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाएं अपने कौशल, मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर न केवल अपने परिवार की आर्थिक स्थिति मजबूत कर रही हैं, बल्कि आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही हैं।
जिलाधिकारी ने कहा कि स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से महिलाएं रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर प्राप्त कर रही हैं। उनके द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पाद बाजार में अपनी पहचान बना रहे हैं, जिससे उनकी आय बढ़ रही है और समाज में सम्मान भी मिल रहा है। उन्होंने महिलाओं को निरंतर आगे बढ़ने, अपने उत्पादों की गुणवत्ता बनाए रखने और नए बाजारों तक पहुंच बनाने के लिए प्रेरित किया।
महिलाओं का उत्साहवर्धन करते हुए जिलाधिकारी ने सरस शॉप से विभिन्न उत्पादों की खरीदारी भी की। उनके इस कदम से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। महिलाओं ने इसे उनके कार्यों की बड़ी सराहना और प्रोत्साहन बताया।
जिला विकास अधिकारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के अंतर्गत संचालित सरस शॉप स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को अपने उत्पादों के प्रदर्शन और विपणन के लिए एक सशक्त मंच प्रदान कर रही है। इससे महिलाओं को अपने उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध हो रहा है और उनकी आय में निरंतर वृद्धि हो रही है।
उन्होंने बताया कि मिशन के माध्यम से जनपद की अनेक महिलाएं आज ‘लखपति दीदी’ बन चुकी हैं और सरस शॉप जैसी पहलें उन्हें आगे बढ़कर ‘करोड़पति दीदी’ बनने के सपने को साकार करने में मदद करेंगी। यह पहल महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के साथ-साथ ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई मजबूती प्रदान कर रही है।
कार्यक्रम के दौरान जिला विकास अधिकारी शिव प्रताप परमेश, परियोजना निदेशक नेहा, अखिलेश प्रजापति (एनआरएलएम), डॉ. सपना आर्य (वेदिका फाउंडेशन) सहित स्वयं सहायता समूहों की बड़ी संख्या में महिलाएं मौजूद रहीं। सरस शॉप के शुभारंभ को महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण और ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
