बुधवार, 20 मई 2026

लखनऊ : हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल मां काली परी माता मंदिर उत्सव।||Lucknow: Maa Kali Pari Mata Temple festival, an example of Hindu-Muslim unity.||

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लखनऊ : 
हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल मां काली परी माता मंदिर उत्सव।
●मेले में पहुंचे भारतीय पत्रकार एवं मानवाधिकार परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र बहादुर सिंह, हुआ भव्य स्वागत।
दो टूक : लखनऊ पीजीआई क्षेत्र के हैबत मऊ मवैया सेक्टर-4 वृंदावन रायबरेली रोड स्थित सैय्यद बाबा दरगाह एवं मां काली परी माता मंदिर का वार्षिक उर्स एवं धार्मिक उत्सव इस वर्ष भी बड़े हर्षोल्लास, श्रद्धा और आपसी भाईचारे के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम में हिंदू-मुस्लिम एकता की अनूठी मिसाल देखने को मिली, जहां हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने पहुंचकर दरगाह में चादरपोशी की तथा मां काली व मां परी माता मंदिर में पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की।
कार्यक्रम में मुख्य रूप से पहुंचे भारतीय पत्रकार एवं मानवाधिकार परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र बहादुर सिंह का मेले के अध्यक्ष संजय सोनकर उर्फ बाबा एवं परिषद के लखनऊ मंडल के अध्यक्ष सुरेंद्र कुमार प्रजापति द्वारा माला पहनाकर एवं अंगवस्त्र भेंट कर भव्य स्वागत एवं सम्मान किया गया।
इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र बहादुर सिंह ने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन समाज में प्रेम, सौहार्द और भाईचारे का संदेश देते हैं। उन्होंने कहा कि सैय्यद बाबा दरगाह और मां काली परी माता मंदिर का यह आयोजन वर्षों से सांप्रदायिक सद्भाव की प्रेरणा देता आ रहा है, जो वर्तमान समय में समाज के लिए एक बड़ी सीख है।
जानकारी के अनुसार, मवैया पीजीआई स्थित इस धार्मिक स्थल पर पिछले लगभग 60 वर्षों से उर्स एवं पूजा-अर्चना का आयोजन लगातार किया जा रहा है। पूर्व में इस आयोजन का नेतृत्व स्वर्गीय सुंदर लाल कन्नौजिया द्वारा किया जाता था। उनके निधन के बाद संपूर्ण व्यवस्था का संचालन संजय सोनकर उर्फ बाबा द्वारा बड़ी निष्ठा और समर्पण भाव से किया जा रहा है।
कार्यक्रम में कव्वाली, भक्ति गीत-संगीत एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। देर रात तक चले आयोजन में क्षेत्रीय गणमान्य व्यक्तियों, समाजसेवियों एवं श्रद्धालुओं की भारी भीड़ मौजूद रही।