गोण्डा- थाना कटरा बाजार पुलिस ने झपटमारी करने के 3 आरोपी अभियुक्तों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से छीना गया माल व घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद किया है। अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय ने बताया कि झपटमारी कर गहने व रुपये छीनने वाले अभियुक्त मुकुल बाल्मिकी पुत्र दौलत लाल व मृत्युंजय पुत्र अरविन्द कुमार त्रिपाठी और शिवम सिंह उर्फ गोलू पुत्र संजय सिंह को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से छीने गये सफेद धातु की पायल, एक जोड़ी सफेद धातु की बिछिया, एक अदद काले रंग का बैग (पर्स), रु0 6150 नगद व घटना में प्रयुक्त एक एदद आपाची मोटरसाईकिल बरामद किया गया।
--घटना का संक्षिप्त विवरण--- दिनांक 20.10.2025 को वादी दानिश खाँ पुत्र शकील खाँ नि0 ग्राम ऊँचेपुरवा हलधरकमऊ थाना कटरा बाजार द्वारा सूचना दी गई कि उनकी माँ नसरीन बेगम 18.10.2025 को दवा लेने गोण्डा गई थी। वापस आते समय चौरी चौराहा से बैट्री रिक्शा पर बैठकर अपने घर आ रही थी कि पीछे से एक बाइक पर सवार दो अज्ञात व्यक्तियों ने उनके हाथ से थैली को झपट्टा मारकर लेकर भाग गये। जिसमें करीब 30,000/- रुपये व कुछ गहने थे। प्राप्त तहरीर के आधार पर कटरा बाजार पुलिस द्वारा सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया था। दिनांक 9/10.03.2026 की रात को थाना कटरा बाजार पुलिस टीम को रात्रि गश्त के दौरान प्राप्त सूचना पर अभियुक्त मुकुल बाल्मिकी पुत्र दौलत लाल निवासी महारानीगंज घुसियाना थाना कोतवाली नगर जनपद गोण्डा, मृत्युंजय पुत्र अरविन्द कुमार त्रिपाठी निवासी नूरामल मंदिर ट्रांसफर गली थाना को0 नगर गोण्डा और शिवम सिंह उर्फ गोलू पुत्र संजय सिंह निवासी काशीपुर थाना वजीरगंज जनपद गोण्डा को हलधरमऊ रेलवे क्रासिंग के पास से गिरफ्तार कर उनके कब्जे से छीने गये सामान व नकद व घटना में प्रयुक्त बाइक को बरामद किया गया। गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध थाना कटरा बाजार पुलिस द्वारा विधिक कार्यवाही की गयी।
--पूछताछ का विवरण---
अभियुक्तगण से बरामद वस्तुओं के संबंध में पूछताछ करने पर प्रारम्भ में टालमटोल करते रहे, परन्तु पुलिस द्वारा कड़ाई से पूछताछ करने पर बताया कि वे तीनों मिलकर उक्त बाइक से झपटमारी की घटनाएँ करते हैं। लगभग 4–5 माह पूर्व चौरी चौराहा क्षेत्र में रेकी कर एक महिला का पीछा करते हुए ई-रिक्शा में बैठी महिला से पर्स छीन लिया था, जिसमें लगभग 30,000 रुपये नगद, चाँदी के कुछ गहने व कागजात थे। नगद रुपये आपस में बाँट लिये थे। बरामद रुपये व पायल उसी घटना से संबंधित हैं। पर्स को बाइक की सीट के नीचे छिपाकर रखा गया था, जिसे बाद में ठिकाने लगाने की योजना थी। अभियुक्तों ने यह भी बताया कि उनके विरुद्ध अन्य थानों में भी मुकदमे पंजीकृत हैं।
