गौतमबुद्धनगर: ‘ऑपरेशन खोज’ को लेकर गौतमबुद्धनगर पुलिस सख्त — AI तकनीक और संवेदनशील पुलिसिंग से गुमशुदा/अपहृत लोगों की तलाश तेज !!
!!वरिष्ठ संवाददाता देव गुर्जर!!
गौतमबुद्धनगर, 19 मार्च 2026
दो टूक//पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर द्वारा गुमशुदा एवं अपहृत व्यक्तियों की शीघ्र बरामदगी को लेकर चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन खोज’ के तहत लगातार प्रभावी कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में पुलिस कमिश्नर श्रीमती लक्ष्मी सिंह के निर्देशन में महिला सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई।
पुलिस आयुक्त कार्यालय, सेक्टर-108 स्थित सभागार में आयोजित इस गोष्ठी की अध्यक्षता डीसीपी महिला सुरक्षा श्रीमती अनुकृति शर्मा ने की, जिसमें एसीपी महिला सुरक्षा श्रीमती दीक्षा सिंह सहित कमिश्नरेट के सभी थानों से जुड़े विवेचक अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य गुमशुदगी एवं अपहरण से संबंधित मामलों की गहन समीक्षा कर उनकी त्वरित और प्रभावी जांच सुनिश्चित करना रहा।
बैठक के दौरान सभी विवेचकों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि ‘ऑपरेशन खोज’ के अंतर्गत आने वाले प्रत्येक मामले को अत्यंत गंभीरता और संवेदनशीलता के साथ लिया जाए। विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों से जुड़े मामलों में तत्काल कार्रवाई करते हुए प्राथमिकता के आधार पर उनकी सकुशल बरामदगी सुनिश्चित की जाए। साथ ही लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए भी प्रभावी रणनीति अपनाने के निर्देश दिए गए।
अधिकारियों ने आधुनिक तकनीक के उपयोग पर विशेष जोर देते हुए बताया कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) आधारित टूल्स, सीसीटीवी फुटेज विश्लेषण, सर्विलांस, सोशल मीडिया मॉनिटरिंग और डिजिटल डेटा एनालिसिस जैसे संसाधनों का अधिकतम उपयोग कर गुमशुदा व्यक्तियों का जल्द से जल्द पता लगाया जा सकता है। विवेचकों को इन तकनीकों को अपनी जांच प्रक्रिया में शामिल कर गुणवत्ता और गति दोनों बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
इसके अलावा, बैठक में यह भी कहा गया कि गुमशुदा व्यक्तियों के परिजनों के साथ नियमित संवाद बनाए रखना बेहद आवश्यक है। उन्हें जांच की प्रगति से अवगत कराते हुए उनकी समस्याओं को संवेदनशीलता से सुना जाए, जिससे पुलिस के प्रति आमजन का विश्वास और अधिक मजबूत हो सके।
पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्धनगर ने स्पष्ट किया है कि आधुनिक तकनीक, मानवीय दृष्टिकोण और त्वरित कार्रवाई के समन्वय से हर गुमशुदा एवं अपहृत व्यक्ति को सुरक्षित उनके परिजनों तक पहुंचाना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है।।
